उमेश सारंगी कोई संदेश लेकर नहीं आये थे : अरविंद केजरीवाल

नई दिल्ली। एक तरफ अन्ना का अनशन है तो दूसरी ओर सरकारी बयान। थोड़ी देर पहले खबर आयी थी उमेश सारंगी सरकारी दूत बनकर अन्ना से मिलने पहुंचे हैं लेकिन अभी अभी स्टार न्यूज पर टीम अन्ना के अभिन्न सदस्य अरविंद केजरीवाल और प्रशांत भूषण ने कहा कि उमेश सारंगी केवल अन्ना से मिलने आये थे, वो कोई सरकारी संदेशा लेकर नहीं आये थे।

केजरीवाल ने बताया कि सांरगी जी काफी टाइम से अन्ना जी को जानते हैं। वो अपनी मर्जी से अन्ना से मिलने आये थे। मुझे समझ नहीं आ रहा कि इस तरह के फालतू कयास क्यों लगाये जा रहे हैं? केजरीवाल ने कहा स्टैंडिग कमेटी नहीं बल्कि राजनीतिक हल निकालना चाहिए। अगर वाकई में सरकार अन्ना के अनशन को तोड़वाना चाहती है तो वो लोकपाल और जनलोकपाल बिल को पब्लिकली रामलीला मैदान में आकर जनता को समझाये या वो सारी बाते जनलोकपाल बिल की मान लें। या तो वो अपने ही लोकपाल को संशोधित कर दें।

प्रशांत भूषण ने कहा ये सारी बातें कानूनन और संविधान के द्वारा संभव है। अरविंद केजरीवाल ने कहा कि लोकपाल बिल को सराकर बस संसद में पेश कर दे और उस पर वोटिंग करवा ले तो हम अन्ना को मना लेगें। केजरीवाल ने कहा कि पहले हमें सरकार आकर तो बताये कि वो चाहती क्या है, ये कोई यूनियन की लड़ाई नहीं है और ना ही मेरा कोई निजी फायदा है, ये भ्रष्टाचार के खिलाफ लड़ाई है जिसमें आम जनता पिस रही है। केजरीवाल ने कहा कि हम अब एक अच्छा फैसला चाहते हैं और परिणाम चाहते हैं ना कि सरकारी आश्वासन।

अरूणा राय के बारे में केजरीवाल ने कहा कि वो सोनिया जी के बेहद करीब है, वो चाहें तो लोकपाल बनवा सकती है, लेकिन हम किसी के करीब नहीं है। आरटीआई एक्ट के समय अरूणा जी के कहने पर सोनिया जी ने सबको यानी स्टैंडिग कमेटी के हर सदस्य को फोन किया था इसलिए वो एक्ट बन पाया। यहां तो सरकार चाहती ही नहीं है तभी तो धोखा दे रही है।

Notifications
Settings
Clear Notifications
Notifications
Use the toggle to switch on notifications
  • Block for 8 hours
  • Block for 12 hours
  • Block for 24 hours
  • Don't block
Gender
Select your Gender
  • Male
  • Female
  • Others
Age
Select your Age Range
  • Under 18
  • 18 to 25
  • 26 to 35
  • 36 to 45
  • 45 to 55
  • 55+