लोकपाल बिल: इंटरनेट पर 80% ने अन्‍ना के लोकपाल पर लगाई मुहर

Lokpal bill: On Internet more than 80% approves Anna's Lokpal
दिल्‍ली। 82% लोगों का कहना है कि भ्रष्‍टाचार के खिलाफ तैयार लोकपाल बिल के अंतर्गत प्रधानमंत्री को भी लाना चाहिए। इसके अलावा 86 % लोगों ने न्‍यायपालिका को भी इसके तहत लाना चाहिए। यह सर्वे मानव संसाधन विकास मंत्री कपिल सिब्‍बल के संसदीय क्षेत्र में कराया गया। इस सर्वे में जनता से 8 सवाल पूछे गए थे। इस सर्वे में 85% लोगों ने जनलोकपाल का समर्थन किया। यह सर्वे 4 लाख लोगों पर किया गया। जिनमें से लगभग 1 लाख के नतीजे आ चुके हैं। इस सर्वे के बाद अन्‍ना हजारे ने कहा कि वे इंटरनेट की मदद से जनता का समर्थन जुटाना जारी रखेंगे। उन्‍होंने कहा कि 16 अगस्‍त होने वाले अनशन से पहले देश के विभिन्‍न हिस्‍सों में लोकपाल बिल पर सर्वे कराए जांएंगे।

लोकपाल बिल पर सरकार अन्‍ना हजारे को धोखा दे चुकी है। लोकपाल बिल पर अन्‍ना हजारे टीम ने जो ड्राफ्ट तैयार किया था उसे नजरअंदाज करते हुए सरकार द्वारा तैयार लोकपाल ड्राफ्ट को केबिनेट ने मंजूरी दे दी। इस पर टीम अन्‍ना हजारे ने अपने तेवर कड़े करते हुए 16 अगस्‍त को जंतर-मंतर पर अनिश्चित काल का अनशन करने का ऐलान कर दिया। इस पर भी सरकार ने उन्‍हें जंतर-मंतर पर अनशन न करने की इजाजत नहीं दी है।

गौरतलब है कि अन्‍ना हजारे प्रधानमंत्री और न्‍यायपालिका को लोकपाल के अंतर्गत लाने की मांग कर रहे थे। जबकि सरकार इन शर्तों पर राजी नहीं थी। इस पर सरकार और सिविल सोसाइट के बीच 9 दौर की वार्ता चली। जिसका कोई नतीजा नहीं‍ निकला। इसके बाद सरकारी समिति और स‍िविल सोसाइटी ने लोकपाल के अलग-अलग ड्राफ्ट तैयार किए। इसे सभी राजनीतिक दलों को सौंपा गया। इसके बाद एक सर्वदलीय बैठक बुलाई गई जो बेनतीजा रही। इकसे बाद केबिनेट ने कुछ संशोधनों के बाद सरकार द्वारा तैयार लोकपाल बिल ड्राफ्ट को मंजूरी दे दी। इसके बाद इसे संसद के मानसून सत्र में पेश किया जाना है जो सोमवार से शुरू हो रहा है।

टीम अन्‍ना हजारे ने केबिनेट द्वारा मंजूर लोकपाल बिल को जोकपाल कहते हुए इस पर अपना ऐतराज जताया और अनिश्तचत काल के अनशन की घोषणा की। जंतर-मंतर पर अनशन की इजाजत के बाद दिल्‍ली पुलिस ने अनशन के लिए जो दूसरी जगहें टीम अन्‍ना को सुझाई हैं वहां भी 2000 से अधिक लोगों को जुटाने की इजाजत नहीं है। इस पर अपनी रणनीति बनाने के लिए टीम अन्‍ना सोमवार को बैठक करेगी। इसके बाद टीम अन्‍ना तय करेगी कि वे जंतर-मंतर पर गिरफ्तारी देगी या फिर अनशन के लिए कोई दूसरी जगह चुनेगी।

लोकपाल बिल पर जनता का समर्थन पहले ही अन्‍ना हजारे के साथ है। अब जनता में लोकपाल बिल को लेकर जागरुकता लाने के लिए टीम इंडिया इंटरनेट का सहारा लेने में लगी हुई है। इंटरनेट के जरिए युवा पढ़ा-लिखा वर्ग भी अन्‍ना हजारे के समर्थन में जुट सकता है। शायद टीम अन्‍ना ने इंटरनेट का फैसला इसलिए किया है क्‍योंकि दिल्‍ली पुलिस ने पहले ही बाबा रामदेव के आंदोलन की तर्ज पर अन्‍ना हजारे के अनशन को दबाने का प्‍लान बना रखा है।

Notifications
Settings
Clear Notifications
Notifications
Use the toggle to switch on notifications
  • Block for 8 hours
  • Block for 12 hours
  • Block for 24 hours
  • Don't block
Gender
Select your Gender
  • Male
  • Female
  • Others
Age
Select your Age Range
  • Under 18
  • 18 to 25
  • 26 to 35
  • 36 to 45
  • 45 to 55
  • 55+