दिल्ली। भारत के मोस्ट वांटेड अपराधी दाऊद इब्राहिम के साथी के खिलाफ सबूत नष्ट करना दिल्ली पुलिस को भारी पड़ सकता है। डी कंपनी के प्रमुख खलील अहमद के काले कारनामों से जुड़ी अहम सीडी के नष्ट हो जाने पर कोर्ट ने मामले में एफआईआर दर्ज करने के आदेश दिए हैं। सूत्रों के मुताबिक 10 मई को अहमद के एक मामले की सुनवाई के दौरान पुलिस द्वारा जज के सामने सबूत के तौर पर पेश की गई सीडी टूटी पाई गई।
कोर्ट ने डिप्टी पुलिस कमिश्नर को मामले की जांच के आदेश दिए हैं। वहीं डीसीपी ने अपनी सफाई में कहा कि सबूत नष्ट होने में स्पेशल सैल की कोई भूमिका नहीं है। डीसीपी के जवाब से असंतुष्ट जज विनोद यादव में एफआईआर दर्ज क रने के आदेश दिए।
उल्लेखनीय है कि खलील को 2008 में एक व्यापारी से जबरन वसूली के मामले में गिरफ्तार किया था। पुलिस ने खलील की इंटरेसेप्टेड फॉन कॉल्स को रिकॉर्ड किया था। यह बातचीत एक सीडी में रिकॉर्ड थी। बाद में सीडी को जांच के लिए फोरेंसिक लैब में भेज दिया गया। जहां से इसे स्पेशल टीम द्वारा रिकॉर्ड रूम में भेज दिया गया।