ओमान के प्रदर्शन में दो की मौत

ओमान में लोगों ने लोकतंत्र और रोज़गार के लिए आवाज़ उठाई
खाड़ी के देश ओमान में प्रदर्शनकारियों और सुरक्षा बलों के बीच हुई झड़पों में दो लोग मारे गए हैं.
राजनीतिक सुधारों की मांग करते हुए सैकड़ों लोग आज लगातार दूसरे दिन भी औद्योगिक नगर सोहर में जमा हुए.
पत्रकारों का कहना है कि जब पुलिस ने उनपर आंसू गैस के गोले छोड़े और रबर की गोलियां दाग़ीं तो कम से कम पांच लोग घायल हो गए.
उल्लेखनीय है कि अब तक ओमान जन विद्रोह की उस आग से लगभग बचा रहा है जो कई अरब देशों में फैल चुकी है.
लेकिन समाचार एजेंसी रॉएटर के अनुसार ओमान के दक्षिणी शहर सलालाह में भी प्रदर्शन हुए हैं.
पिछले सप्ताह राजधानी मस्कट में एक छोटा सा प्रदर्शन हुआ था जिसमें लोकतंत्र और नौकरियों की मांग करने के लिए कोई 300 इकट्ठा हुए थे.
मंत्रिमंडल में फेर-बदल
शनिवार को ओमान के शासक सुल्तान क़बूस बिन सईद ने छ मंत्रियों को बदल लिया और घोषणा की कि छात्रों के लिए सामाजिक भत्ता बढ़ाया जाएगा.
उनके अनुसार ये घोषणा जन हित में की गई.
ओमान अरब विश्व का सबसे पुराना स्वतंत्र देश है जिसपर सुल्तान क़बूस 1970 से राज कर रहे हैं.
उन्होने अपने पिता सुल्तान सईद बिन तैमूर को सत्ता से हटाकर देश की बागडौर अपने हाथों में ले ली थी.
ओमान में एक सलाहकार ऐसेम्बली है जिसका चुनाव होता है लेकिन सभी वयस्क नागरिकों को इस चुनाव में मतदान करने का अधिकार नहीं है.
ये ऐसेम्बली केवल सलाह देने का काम करती है इसके पास कोई वैधानिक अधिकार नहीं हैं.
ओमान में तेल की विशाल सम्पदा है और ये पर्यटकों का लोकप्रिय स्थान है और अमरीका और ब्रिटेन से इसके रिश्ते काफ़ी पुराने हैं.












Click it and Unblock the Notifications