भारतीय महिला खिलाड़ियों ने बदली है तस्वीर?

इस बार एशियाई खेलों में भारत के प्रदर्शन में महिला एथलीटों की जबरदस्त भूमिका रही है. हाल ही में दिल्ली में सम्पन्न हुए राष्ट्रमंडल खेलों के दौरान भी भारतीय महिला खिलाड़ियों के दमख़म ने इस बात पर चर्चा गर्म कर दी है कि क्या भारतीय महिलाओं की भूमिका चूल्हे चौके से इतर कहीं और भी लिखी जा रही है.
क्या उनके सशक्तिकरण के ये नए अध्याय की शुरूआत है या उनकी असल ज़िदंगी अब भी चारदीवारी के पीछे ही है.
खेल जैसे गैरपरंपरागत पेशे में महिलाओं की बढ़ती संख्या किस बात की ओर इशारा कर रही है
इस बार ये ही था बीबीसी इंडिया बोल का विषय. सुनिए क्या है लोगों की राय.












Click it and Unblock the Notifications