सेना के एक प्रवक्ता ने बुधवार को बताया कि इस दौरे से दोनों देशों के बीच द्विपक्षीय सैन्य संबंध मजबूत होंगे।पिछले 15 सालों में किसी भारतीय सेना प्रमुख का यह पहला दौरा होगा।इंडो-एशियन न्यूज सर्विस।