3जी से मिलेंगी लाजवाब सुविधाएं

नई दिल्ली, 20 मई (आईएएनएस)। मोबाइल फोन पर यू ट्यूब सर्च करना हो या वीडियो चैट, इंटरनेट टीवी और संगीत सुनना हो या फिर डेटा डाउनलोड करना हो ये सारे काम अब आप मोबाइल पर 3जी मोबाइल सेवाओं के जरिए आसानी से कर लेंगे।

फिलहाल सरकारी क्षेत्र की कंपनियां महानगर टेलीफोन निगम और भारत संचार निगम देश में 3जी सेवाएं दे रही हैं लेकिन अब 3जी स्पैक्ट्रम की नीलामी के बाद निजी कंपनियों के प्रवेश से इस क्षेत्र में प्रतिस्पर्धा बढ़ने की उम्मीद है।

उम्मीद है कि निजी कंपनियां अगले छह महीनों में 3जी सेवाओं की शुरूआत कर देंगी। दुनिया के दूसरे सबसे बड़े दूरसंचार नेटवर्क वाले इस देश में 60 करोड़ मोबाइल फोन उपभोक्ता हैं और हर महीने 2 करोड़ लोग उपभोक्ता बन रहे हैं।

इन सेवाओं की शुरुआत में तकनीक की अहम भूमिका है। 2जी और 3जी दोनों तरह की सेवाएं तरंगों यानी फ्रीक्वेंसी स्पेक्ट्रम की मदद से संदेश भेजती हैं। 3जी सेवाओं के लिए उपयोग की जाने वाली तरंगें 2जी के मुकाबले ज्यादा तेजी से संदेश प्रसारित करती हैं।

दुनिया में पहली बार 3जी सेवा एनटीटी डोकोमो ने जापान में अक्टूबर 2001 में शुरू की थी। इसके बाद दक्षिण कोरिया में एस के टेलीकॉम ने जनवरी 2002 और केटी कंपनी ने यहीं मई 2002 में शुरू की थी।

यानी अब आप जब अपने 3जी फोन पर इंटरनेट कनेक्ट करेंगे तो यह अभी के आधे मिनट की तुलना में लगभग तुरंत ही पेज ओपन कर देगा। इसी कारण आप इस पर टीवी देखने, गेम्स खेलने, म्यूजिक और वीडियो डाउनलोड करने का भी मजा ले सकते हैं।

इन सेवाओं के लिए हालांकि कुछ ज्यादा दाम चुकाना पड़ेगा खासकर ऐसे हाल में जबकि 3जी स्पेक्ट्रम की नीलामी 5.5 अरब डॉलर से भी ज्यादा कीमत में हुई है। सरकार ने इसके 22 क्षेत्रों में 71 स्लॉट आवंटित किए हैं।

दूरसंचार कंपनियों से मिल रही जानकारी के मुताबिक इन सेवाओं की कीमत 1,000 रुपये से 4,000 रुपये महीना तक पड़ सकती है। हालांकि ये उपभोक्ताओं पर निर्भर होगा कि वे कितने गीगाबाइट की डाउनलोडिंग करते हैं।

महंगे स्पेक्ट्रम का हवाला देते हुए साइबर मीडिया के प्रमुख संपादक प्रशांतो के. राय कहते हैं, "आंकड़े आश्चर्यचकित करने वाले हैं, अब ऊंची लागत के बावजूद उपभोक्ताओं को सस्ती सेवाएं दे पाना बड़ी चुनौती साबित होगा।"

राय ने कहा, "कंपनियां इस स्पेक्ट्रम का कुछ हिस्सा ध्वनि सेवाओं के लिए उपयोग करेंगी, लेकिन यह भी देश में डाटा सेवाओं को बढ़ाने में मदद रहेगा।"

सिंगापुर स्थित मोबाइल इंटरनेट सेवा प्रदाता कंपनी आरईवीई सिस्टम्स के निदेशक रंजीत चटर्जी को कीमतों में कमी आने की संभावना नजर आती है। चटर्जी का मानना है, "हालांकि अभी देश के 60 करोड़ मोबाइल उपभोक्ताओं के पास डेटा सेवाओं को चला सकने वाले फोन नहीं हैं लेकिन कुछ समय बाद इन्हें चलाने वाले फोन स्मार्ट फोन से 10 गुना कम कीमत पर मिलने लगेंगे।"

चीन की हवेई कंपनी इस तरह की सुविधाएं देने वाला 3,600 रुपये से 4,500 रुपये (80 से 100 डॉलर) में उपलब्ध कराने की योजना बना रही है, वहीं दक्षिण कोरिया की कंपनी एलजी भी 100 डॉलर की कीमत का फोन बनाने जा रही है।

इंडो-एशियन न्यूज सर्विस।

Notifications
Settings
Clear Notifications
Notifications
Use the toggle to switch on notifications
  • Block for 8 hours
  • Block for 12 hours
  • Block for 24 hours
  • Don't block
Gender
Select your Gender
  • Male
  • Female
  • Others
Age
Select your Age Range
  • Under 18
  • 18 to 25
  • 26 to 35
  • 36 to 45
  • 45 to 55
  • 55+