केरल में सरकारी चिकित्सकों की सेवानिवृत्ति की आयु सीमा बढ़ी
अच्युतानंदन ने पत्रकारों से कहा कि मंत्रिमंडल की हुई बैठक में यह फैसला लिया गया है और यह तुरन्त प्रभाव से लागू होगा।
त्रिवेन्द्रम मेडिकल कॉलेज के एक वरिष्ठ चिकित्सक ने कहा कि फैसला बहुत खुश करने वाला नहीं है।
नाम न बताने की शर्त पर एक चिकित्सक ने कहा कि मुझे नहीं मालूम कि इस निर्णय के बाद यदि हम 55 वर्ष की उम्र तक या बाद में अपनी नौकरी जारी रखना चाहते है या उम्र के किसी भी पड़ाव पर इस्तीफा देते हैं तो हम जीवन र्पयत मिलने वाली पेंशन के हकदार रहेंगे या नहीं।
राज्य में पांच मेडिकल कॉलेज हैं जिनमें चिकित्सकों के लिए 1,922 पद निर्धारित हैं। जबकि इस वक्त 600 पद खाली पड़े हुए हैं।
पिछले वर्ष राज्य सरकार ने मेडिकल कॉलेज के चिकित्सकों की तनख्वाह में भारी बढ़ोतरी की थी। लेकिन चिकित्सकों की एक बड़ी तादाद इससे नाखुश थी, क्योंकि सरकार ने उनकी निजी प्रेक्टिस पर प्रतिबंध लगा दिया था।
इस समय निजी क्षेत्र के मेडिकल कॉलेजों द्वारा भारी तनख्वाह देने के प्रलोभन पर सरकारी मेडिकल कॉलेज के चिकित्सक इस्तीफा दे रहे हैं।
इंडो-एशियन न्यूज सर्विस।












Click it and Unblock the Notifications