Budget 2025: स्कूल-कॉलेज के फीस पर बजट का होगा कैसा असर? जानिए शिक्षा जगत को हैं क्या उम्मीदें
Budget 2025: केंद्रीय वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण आज, 1 फरवरी को बजट 2025-26 पेश करेंगी। इस बार के बजट में शिक्षा, स्वास्थ्य और मध्यम वर्ग के लिए टैक्स में राहत पर खास ध्यान दिया जा सकता है।
शिक्षा क्षेत्र से जुड़े विशेषज्ञ सरकार से GDP का 6% हिस्सा शिक्षा के लिए आवंटित करने की मांग कर रहे हैं। पिछले साल सरकार ने शिक्षा क्षेत्र के लिए 1.12 लाख करोड़ रुपये का बजट रखा था, जो पिछले साल की तुलना में 13% ज्यादा था।

भारत में स्कूल शिक्षा की स्थिति
बजट से एक दिन पहले आर्थिक सर्वेक्षण 2024-25 संसद में पेश किया गया। रिपोर्ट के अनुसार, भारत का स्कूल शिक्षा सिस्टम 24.8 करोड़ छात्रों को सेवाएं देता है। देशभर में 14.72 लाख स्कूलों में 98 लाख शिक्षक कार्यरत हैं।
- सरकारी स्कूल - कुल स्कूलों का 69%, इनमें 50% छात्र पढ़ते हैं और 51% शिक्षक कार्यरत हैं।
- निजी स्कूल - कुल स्कूलों का 22.5%, इनमें 32.6% छात्र पढ़ते हैं और 38% शिक्षक कार्यरत हैं।
नई शिक्षा नीति (NEP) 2020 के तहत सरकार का लक्ष्य है कि 2030 तक स्कूलों में 100% नामांकन दर (Gross Enrolment Ratio - GER) हासिल किया जाए। फिलहाल, प्राथमिक स्तर पर यह 93% है, जबकि माध्यमिक स्तर पर 77.4% और उच्च माध्यमिक स्तर पर 56.2% है। सरकार शिक्षा को सभी के लिए सुलभ और समान बनाने की दिशा में प्रयासरत है।
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Budget 2025 से शिक्षा क्षेत्र की क्या उम्मीदें?
शिक्षा क्षेत्र से जुड़े लोगों को उम्मीद है कि इस बार बजट में शिक्षा के लिए अधिक फंड आवंटित किया जाएगा, ताकि पुरानी चुनौतियों का समाधान किया जा सके। इसके अलावा, शैक्षिक सेवाओं और डिजिटल लर्निंग टूल्स पर GST में छूट देने की भी मांग की जा रही है।
अगर सरकार शिक्षा पर GST खत्म करती है, तो इससे पढ़ाई का खर्च कम होगा और सभी वर्गों के छात्रों को गुणवत्तापूर्ण शिक्षा मिल सकेगी। सरकार से यह भी उम्मीद की जा रही है कि वह कॉरपोरेट कंपनियों द्वारा शैक्षिक संस्थानों को दिए जाने वाले अनुदान पर टैक्स में छूट दे, जिससे स्कूलों और कॉलेजों के बुनियादी ढांचे और रिसर्च में सुधार हो सके।
इसके अलावा, पब्लिक-प्राइवेट पार्टनरशिप (PPP) मॉडल को बढ़ावा देने की संभावना है, जिससे पिछड़े इलाकों में स्कूलों की संख्या बढ़ाई जा सके और संसाधनों की कमी को दूर किया जा सके।
सरकार इस बजट में नई शिक्षा नीति (NEP) 2020 के लक्ष्यों को ध्यान में रखते हुए डिजिटल शिक्षा, अनुसंधान और तकनीकी विकास को प्राथमिकता दे सकती है। अब देखना होगा कि बजट 2025-26 में शिक्षा क्षेत्र को कितना समर्थन मिलता है।
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