Vastu Tips: अनचाहे डर या तनाव से रहते हैं परेशान? कहीं कारण ये तो नहीं?

VASTU TIPS : वास्तु शास्त्र दस दिशाओं के साथ-साथ पंच तत्वों को भी बड़ा महत्व देता है। पंच तत्वों पृथ्वी, आकाश, वायु, अग्नि और जल का असंतुलन यदि आपके घर में है तो आप अनेक प्रकार की परेशानियों से हमेशा घिरे रहेंगे। इनमें भी सबसे महत्वपूर्ण है जल तत्व।

Vastu Tips

जल की प्रकृति होती है सदैव बहते रहना, जल बहता रहता है तो वह साफ रहता है, जल ठहर जाए तो सड़ जाता है। इसीलिए किसी भी वास्तु में जल तत्व का संतुलन ठीक होना आवश्यक है वरना यह मानसिक असंतुलन का कारण बन सकता है।

जल तत्व का सीधा संबंध हमारे शरीर के संपूर्ण स्वास्थ्य से होता है और विशेषकर मानसिक स्वास्थ्य से। यदि किसी घर में रहने वालों का मानसिक स्वास्थ्य खराब है, मानसिक रोग परेशान कर रहे हैं तो वहां निश्चित तौर पर जल तत्व का असंतुलन है। तो आइए जानते हैं इसे कैसे ठीक किया जा सकता है-

सबसे पहले तो हमें यह जानना होगा कि जल तत्व के लिए वास्तु में कौन सी दिशा तय की गई है?

तो इसका जवाब यह है कि वास्तु के अनुसार ईशान कोण जल तत्व के लिए सर्वश्रेष्ठ जगह है। किंतु यह कुछ पूर्व और कुछ उत्तर की ओर भी हो सकता है। घर में अंडरग्राउंड वाटर टैंक, बोरिंग, कुआं या जल भंडारण का स्थान ईशान कोण में ही होना चाहिए। इससे सुख-समृद्धि और मानसिक स्वास्थ्य उत्तम रहता है। भूमिगत टैंक उत्तर में भी बनाया जा सकता है। घर में ट्यूबवेल आदि दक्षिण पूर्व, दक्षिण, उत्तर-पश्चिम या दक्षिण-पश्चिम दिशा में नहीं बनाना चाहिए।

घर में कहीं पानी लीकेज नहीं होना चाहिए

यह सुनिश्चित करें कि घर में कहीं पानी लीकेज नहीं होना चाहिए। सारे नल हमेशा ठीक होने चाहिए। यदि एक बूंद भी पानी का रिसाव नलों से हो रहा है तो आपके घर में पैसों की आवक होने के बाद भी वह टिकेगा नहीं और सदैव आय से अधिक खर्च की स्थिति बनी रहेगी।

क्या उपाय करें

जल तत्व का संतुलन करके आप स्वस्थ और सुखी रह सकते हो। यदि गलत दिशा में वाटर टैंक बन गया है, गलत दिशा में बोरिंग हो गया है तो उसे बदलना तो संभव नहीं है लेकिन हम उन्हें बिना बदले ही कुछ उपाय करके दोष ठीक कर सकते हैं। जैसे दक्षिण दिशा में बोरिंग कर लिया है तो दक्षिणी दीवार पर लाल रंग कर दें या उस दिशा में लाल बल्ब लगा दें या दक्षिण दिशा में कोई लाल फूल वाला पौधा लगा दें। इसके अलावा ईशान कोण में फिश एक्वेरियम रख दें या एक कांच के बाउल में रोज ताजा पानी भरें और उसमें गुलाब जल डालें और कुछ गुलाब की पत्तियां उसमें डाल दें। इस पानी को रोज बदलते रहें। इससे जल तत्व का संतुलन होगा।

वास्तु के अनुसार ईशान कोण में जल तत्व को संतुलन करने वाला हेलिक्स लगाएं। इससे यह कोण संतुलित होगा।

Notifications
Settings
Clear Notifications
Notifications
Use the toggle to switch on notifications
  • Block for 8 hours
  • Block for 12 hours
  • Block for 24 hours
  • Don't block
Gender
Select your Gender
  • Male
  • Female
  • Others
Age
Select your Age Range
  • Under 18
  • 18 to 25
  • 26 to 35
  • 36 to 45
  • 45 to 55
  • 55+