विदेशों में बिकेगा दिल्ली का माल, Dilli Bazaar Portal लॉन्च करेगी केजरीवाल सरकार
'दिल्ली बाजार पोर्टल' (Dilli Bazaar Portal) के जरिए छोटे दुकानदार से लेकर व्यापारी तक अपने उत्पाद पूरी दुनिया तक बेच पाएंगे। विभिन्न बाजारों के एक लाख कारोबारियों को पोर्टल से जोड़ा जाएगा।
Kejriwal govt launch Dilli Bazaar Portal: मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल ने बुधवार को दिल्ली बाजार परियोजना की प्रगति का जायजा लेने के लिए उच्च स्तरीय समीक्षा बैठक की। बैठक में उन्होंने कहा कि 'दिल्ली बाजार पोर्टल' से व्यापारियों को एक ऐसा मंच मिलेगा जिससे वे अपने उत्पाद वैश्विक स्तर भी बेच पाएंगे।
दिल्ली सरकार अब व्यापार को सुविधासंपन्न करने में कोई कसर नहं छोड़ेगी। नए ई- कॉमर्स पोर्टल के तहत व्यापारी का अपना स्टोर होगा। पोर्टल में उत्पाद सूची के माध्यम से व्यापारी अपनी दुकान और उत्पादों का प्रदर्शन कर सकेंगे। यह एक अतिरिक्त वर्चुअल स्टोर होगा जो 24 घंटे, सप्ताह के सातों दिन खुला रहेगा और विक्रेताओं को बड़े बाजारों में नए ग्राहकों तक पहुंचने में मदद करेगा। इसके लिए दिल्ली सरकार ने ये चार महत्वपूर्ण फैसले भी लिए हैं।

क्लाउड किचन
दिल्ली सरकार जल्द राजधानी में क्लाउड किचन योजना लाने जा रही है। इससे करीब 20 हजार क्लाउड किचन और वहां काम करने वाले चार लाख लोगों को लाभ मिलेगा। क्लाउड किचन को कानूनी रूप दिया जाएगा। इसके तहत क्लाउड किचन के लाइसेंस के लिए एक ही पोर्टल तैयार होगा। उसी से सभी अलग-अलग विभागों से लाइसेंस के लिए आवेदन कर सकेंगे।
सिंगापुर की तरह चांदनी चौक, मजनूं का टीला में फूड हब
दिल्ली सरकार राजधानी में सिंगापुर की तर्ज पर फूड हब का पुनर्विकास करेगी। इसके तहत दिल्ली के मशहूर व्यंजनों की ब्रांडिंग की जाएगी। सरकार ने पहले चरण में दो फूड हब मजनूं का टीला और चांदनी चौक को विकसित करने का फैसला लिया है।
औद्योगिक क्षेत्रों का पुनर्विकास
केजरीवाल सरकार ने दिल्ली के 26 गैर अनुरूप औद्योगिक क्षेत्र के पुनर्विकास का फैसला किया है। सरकार का दावा है कि इस कदम से इन क्षेत्रों में छह लाख नई नौकरियां पैदा होंगी। समीक्षा बैठक के दौरान अधिकारियों ने बताया कि दिल्ली के मास्टर प्लान के अनुसार आवासीय, वाणिज्यिक और औद्योगिक इस्तेमाल के लिए जमीन का सीमांकन करना डीडीए की जिम्मेदारी है, लेकिन जब दिल्ली में आवासीय, व्यावसायिक और औद्योगिक गतिविधियों का विस्तार हुआ था, लेकिन कई आवासीय और अनधिकृत इलाकों में भी छोटे-छोटे उद्योग चलने लगे।
चांदनी चौक की तर्ज पर गांधी नगर कपड़ा बाजार
एशिया का सबसे बड़ा कपड़ा बाजार गांधी नगर को चांदनी चौक की तर्ज पर विकसित किया जाएगा। मुख्यमंत्री ने गांधी नगर को गारमेंट हब के रूप में विकसित करने को लेकर उद्योग विभाग के साथ बैठक की। इस दौरान उन्होंने अधिकारियों को जल्द सलाहकार नियुक्त करके छह माह में बाजार का डिजाइन तैयार करने का निर्देश दिया है। इसे विकसित करने पर सरकार 150 करोड़ रुपये खर्च करेगी। केजरीवाल ने कहा कि गांधी नगर कपड़ा मार्केट पूरे विश्व में मशहूर है।












Click it and Unblock the Notifications