एटीएफ की कीमतों के आधार पर होगा हवाई किराये पर लगा कैप हटाने का फैसला, मंत्री ने कही ये बात
नई दिल्ली, 10 अगस्त: नागरिक उड्डयन मंत्री ज्योतिरादित्य सिंधिया ने कहा है कि जेट ईंधन की कीमतों के मामले में एक स्वस्थ वातावरण बनने पर सरकार निश्चित रूप से घरेलू एयरलाइनों के लिए निर्धारित किराया कैप का पुनर्मूल्यांकन करेगी।

बता दें कि कोरोना संकट के बाद एविएशन सेक्टर रिकवरी मोड में है। खासकर यात्रियों की बढ़ती संख्या के लिहाज से यह समय काफी अहम है। भारतीय एविएशन सेक्टर में आकासा एयर ने भी कदम रख दिया है। पिछले आठ सालों में घरेलू हवाई सेवा शुरू करने वाली यह पहली एयरलाइन है।
बता दें कि बीते दिनों कोरोना महामारी के बीच सरकार ने एयरलाइनों के लिए एक किराया कैप सिस्टम लागू किया था। इसके अनुसार सरकार हर 15 दिनों के अंतराल पर एयरलाइनों के न्यूनतम और अधिकतम किराये का एक बैंड निर्धारित करती है। एयरलाइन इस बैंड के ऊपर या नीचे अपना किराया नहीं रख सकते हैं।किराया कैपिंग सिस्टम का रिव्यू हर 15 दिन के अंतराल पर किया जाता है।
समाचार एजेंसी पीटीआई (PTI) के साथ बातचीत में नागर विमानन मंत्री ज्योतिरादित्य सिंधिया ने कहा है कि सिंधिया ने कहा कि वर्तमान समय में एयरलाइंस का किराया किराया कैप के निचले हिस्से के काफी करीब नहीं है और किराया कैप के ऊंचे हिस्से से भी बहुत दूर है।
हम इस दौरान एटीएफ की कीमतों के नीचे आने का इंतजार कर रहे हैं उसके बाद हम किरायों पर ठोस निर्णय जरूर लेंगे। बीते मई महीने में ज्योतिरादित्य सिंधिया ने कहा था कि फेयरकैप सिस्टम हवाई यात्रियों के लिए एक प्रोटेक्टर के रूप में काम कर रही है।












Click it and Unblock the Notifications