सीएम मनोहर लाल ने युवाओं से कहा- नशे से बचना है तो खेलों में हिस्सा लें, सरकार की खेल नीति का लाभ उठाएं

चंडीगढ़, 27 जून। हरियाणा को नशामुक्त करने के लिए एक ऐतिहासिक पहल हुई। नशीली दवाओं के दुरूपयोग और अवैध तस्करी के खिलाफ अन्तर्राष्ट्रीय दिवस 26 जून को मुख्यमंत्री श्री मनोहर लाल ने करनाल की मधुबन पुलिस अकादमी में नशामुक्त अभियान की कार्ययोजना को सार्वजनिक कर एक पुस्तिका का विमोचन किया। 'नशा मुक्ति अभियान' की शुरुआत करते हुए मुख्यमंत्री मनोहर लाल ने प्रदेश के युवाओं से आह्वान किया कि वह नशे से बचने के लिए खेलों में हिस्सा लें और प्रदेश सरकार की खेल नीति का लाभ उठाएं। मुख्यमंत्री ने कहा कि हम सभी मिलकर नशे के विरुद्ध कड़ी लड़ाई लड़ने की शपथ लेते हैं।

CM Manohar Lal said to youth to quit drug addiction and participate in sports

हरियाणा को नशामुक्त बनाने के लिए रविवार को एक ऐतिहासिक पहल की गई। प्रदेश के मुख्यमंत्री मनोहर लाल ने नशीली दवाओं के दुरूपयोग और अवैध तस्करी के खिलाफ अन्तर्राष्ट्रीय नशा विरोधी दिवस 26 जून के मौके पर करनाल की मधुबन पुलिस अकादमी स्थित हर्षवर्धन ऑडोटोरियम में हरियाणा राज्य स्वापक नियंत्रण ब्यूरो की ओर से आयोजित एक कार्यक्रम में नशा मुक्त अभियान की कार्य योजना को रोल आउट यानी सार्वजनिक कर एक पुस्तिका का विमोचन किया। इसके साथ ही देश में इस तरह के एक्शन प्लान को लॉंच करने वाला हरियाणा पहला राज्य बन गया है। कार्यक्रम का शुभारम्भ मुख्यमंत्री ने दीप प्रज्वलित कर किया।

अपने संबोधन में मुख्यमंत्री खट्टर ने कहा कि सड़क और इन्फ्रास्ट्रक्चर जैसे विकास के साथ-साथ समाज और समाज में रहने वाले व्यक्ति का विकास भी जरूरी है। इसके लिए उसकी शिक्षा, संस्कार और नशा जैसे गलत आदतों से रोककर उनका चरित्र निर्माण किया जाना चाहिए। उन्होंने कहा कि नशा अपने आप में एक व्यापक शब्द है और इसके कईं मायने हैं। सत्ता का नशा, ताकत का नशा, अच्छे काम का नशा, दौलत का नशा और एक नशा भगवत भक्ति का भी है।

उन्होंने कहा कि नशीली चीजों का उपयोग करना सबसे खराब नशा है। इससे व्यक्ति का संतुलन बिगड़ जाता है और उसका विकास रूक जाता है। यह व्यक्ति के साथ-साथ परिवार को खोखला कर देता है। नशे का संबंध केवल इसके उपयोग करने तक ही सीमित नहीं बल्कि यह राष्ट्रीय और अन्तर्राष्ट्रीय सीमाओं तक फैला हुआ है। इसे रोकना हालांकि चुनौती है, लेकिन प्रयासों से सब कुछ संभव हो जाता है। मुख्यमंत्री ने कहा कि अब सरकार, एनजीओ व समाज के सभी लोग मिलकर नशे के खिलाफ लड़ाई लड़ेंगे। इसके लिए हरियाणा राज्य स्वापक नियंत्रण ब्यूरो ने सभी विभागों के सहयोग एवं जन भागीदारी के साथ समाज से नशे और नशे के व्यापार को जड़मूल से समाप्त करने तथा एक ठोस और सामुहिक प्रयास को क्रियान्वित करने के लिए एक राज्य कार्य योजना तैयार की है।

उन्होंने कहा कि नशे में लिप्त हो रहे युवाओं के स्वास्थ्यवर्धन और उनके पुनर्वास के लिए ब्यूरो की यह पहल अनूठी साबित होगी। इस प्लान में नशे से ग्रस्त व्यक्ति की पहचान करके उसे उचित परामर्श और चिकित्सा देकर उसका पुनर्वास किया जाना शामिल है। उन्होंने बताया कि युवाओं को नशे से दूर रखने और उन्हें रचनात्मक कार्याें विशेषकर खेलों से जोड़ने के लिए प्रदेश में 1,100 खेल नर्सरियां बनाई जा रही हैं, इनसे युवाओं में खेलों का रूझान बढ़ेगा और उनमें खेल भावना का सृजन होगा।

उन्होंने कहा कि खेलों को बढ़ावा देने से हरियाणा देश का खेल हब बनने जा रहा है। आर्थिक दृष्टि के साथ-साथ हरियाणा खेलों में भी स्वावलंबी बनने की ओर अग्रसर है। उन्होंने बताया कि गांव-गांव में दो एकड़ में पार्क, व्यायामशाला बनाने की योजना है, इनमें 1 हजार कोच व योग शिक्षक भर्ती किये जाएंगे और यह योजना प्रदेश के 6 हजार गांव में लागू करेंगे। खेलों के साथ-साथ शिक्षा पर भी प्रदेश में जोर दिया जा रहा है और युवाओं को पुस्कालय से जुड़ने के लिए प्रेरित किया जाता है।

मुख्यमंत्री खट्टर ने कहा कि प्रदेश को नशा मुक्त बनाने के लिए एक्शन प्लान के तहत स्कूल, कॉलेजों व विश्वविद्यालयों में धाकड़ कार्यक्रम की शुरूआत की गई है। धाकड़ का अर्थ उन्होंने हिम्मत वाला व्यक्ति बताया। धाकड़ कार्यक्रम पर बोलते हुए उन्होंने बताया कि क्लास के पांच बच्चों का एक ग्रुप बनाया जाएगा, जो सुस्त, एकाकी रहने वाले व चोरी छिपे नशा करने वाले बच्चे की पहचान करेंगे और उसकी सूचना क्लास टीचर यानी सीनियर धाकड़ को देंगे। सीनियर धाकड़ सूचना प्राप्त करने के बाद संबंधित प्रिंसिपल व हेड मास्टर को रिपोर्ट करेंगे जो नोडल धाकड़ कहलायेगा।

उन्होंने कहा कि इस कार्यक्रम के क्रियान्वयन और सुपरविजन के लिए राज्य, जिला, उपमंडल, कलस्टर और गांव और वार्ड स्तर पर मिशन टीमें, नशे से ग्रस्त व्यक्ति की काउंसलिंग, उपचार व पुनर्वास के लिए काम करेंगी। गांव स्तर पर 6538 टीमें, वार्ड मिशन की 1710 टीमें, 532 कलस्टर टीम, 72 सब डिवीजन टीमें, 22 जिले स्तर की टीमें और 25 हजार केमिस्टों की टीम एक्शन प्लान के तहत काम करेगी। मुख्यमंत्री ने इस अवसर पर ऑडोटोरियम में उपस्थित पुलिस अधिकारियों व कर्मचारियों को स्वयं नशा ना करने और दूसरों को भी नशे से दूर रहने की प्रेरणा देने की शपथ दिलाई। कार्यक्रम में मुख्यमंत्री द्वारा रिमोट का बटन दबाने के बाद हांसी निवासी गायक सुभाष फौजी द्वारा रचित नशे के खिलाफ गीत का प्रसारण हुआ।

Notifications
Settings
Clear Notifications
Notifications
Use the toggle to switch on notifications
  • Block for 8 hours
  • Block for 12 hours
  • Block for 24 hours
  • Don't block
Gender
Select your Gender
  • Male
  • Female
  • Others
Age
Select your Age Range
  • Under 18
  • 18 to 25
  • 26 to 35
  • 36 to 45
  • 45 to 55
  • 55+