Kalashtami Vrat 2021: जानिए क्या है कालाष्टमी व्रत का शुभ मुहूर्त

नई दिल्ली, 01 जुलाई। आज है कालाष्टमी, जिसका प्रारंभ दोपहर बाद 2 बजकर 01 मिनट पर हुआ है। आज काल भैरव की पूजा की जाती है।

Kalashtami Vrat 2021: क्या है कालाष्टमी व्रत का शुभ मुहूर्त

कालाष्टमी व्रत शुभ मुहूर्त

  • कालाष्टमी व्रत की अष्टमी तिथि प्रारंभ - 1 जुलाई को दोपहर 02 बजकर 15 मिनट
  • कालाष्टमी व्रत की अष्टमी तिथि समाप्त - 2 जुलाई 2021 को दोपहर 03 बजकर 28 मिनट

काल भैरव की आरती

  • जय भैरव देवा, प्रभु जय भैरव देवा। जय काली और गौरा देवी कृत सेवा।।जय।।
  • तुम्हीं पाप उद्धारक दुख सिंधु तारक। भक्तों के सुख कारक, भीषण वपु धारक।।जय।।
  • वाहन शवन विराजत कर त्रिशूलधारी। महिमा अमिट तुम्हारी, जय जय भयकारी।।जय।।
  • तुम बिन देवा सेवा सफल नहीं होवे। चौमुख दीपक दर्शन दुख सगरे खोंवे।।जय।।
  • तेल चटकि दधि मिश्रित भाषावलि तेरी। कृपा करिए भैरव करिए नहीं देरी।।जय।।
  • पांव घुंघरू बाजत अरु डमरू डमकावत। बटुकनाथ बन बालक जन मन हर्षावत।।जय।।
  • श्री बटुकनाथ जी की आरती जो कोई नर गावें।
  • कहें धरणीधर नर मनोवांछित फल पावें।।जय।।

कालाष्टमी की कैसे करें पूजा

  • काल भैरव की पूजा संध्याकाल या रात में होती है।
  • काल भैरव की फोटो या मूर्ति के सामने सरसों के तेल का दीपक जलाकर उनका ध्यान करना चाहिए।
  • काल भैरव को प्रसाद के रूप में उड़द या दूध की बनी हुई चीजें चढ़ाई जाती हैं।
  • कहीं-कहीं पर कुछ लोग उन्हें मदिरा भी अर्पित करते हैं।
  • जो लोग तंत्र-मंत्र की विद्या पर भरोसा करते हैं वो आज के दिन काल भैरव की विशेष पूजा करते हैं।

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