Hanuman Stuti in Hindi: सुख,धन, प्रेम चाहिए तो रोज करें हनुमान स्तुति का पाठ, जानिए महत्व
हनुमान मंत्र ( Hanuman Mantra)
- ऊँ मनोजवं मारुत तुल्यवेगं, जितेन्द्रियं, बुद्धिमतां वरिष्ठम्।।
- वातात्मजं वानरयुथ मुख्यं, श्रीरामदुतं शरणम प्रपद्धे।।
- ऊँ अतुलितबलधामं हेम शैलाभदेहं दनुजवनकृशानुं ज्ञानिनामग्रगण्यम्।
- सकलगुणनिधानं वानराणामधीशं रघुपतिप्रियभक्तं वातजातं नमामि॥

हनुमानजी स्तुति ( Hanuman Stuti )
- जय बजरंगी जय हनुमाना,
- रुद्र रूप जय जय बलवाना,
- पवनसुत जय राम दुलारे,
- संकट मोचन सिय मातु के प्यारे ॥
- जय वज्रकाय जय राम केरू दासा,
- हृदय करतु सियाराम निवासा,
- न जानहु नाथ तोहे कस गोहराई,
- राम भक्त तोहे राम दुहाई ॥
- विनती सुनहु लाज रखहु हमारी,
- काज कौन जो तुम पर भारी,
- अष्टसिद्धि नवनिधि केरू भूपा,
- बखानहु कस विशाल अति रूपा ॥
- धर्म रक्षक जय भक्त हितकारी,
- सुन लीजे अब अरज हमारी,
- भूत प्रेत हरहु नाथ बाधा,
- सन्तापहि अब लाघहु साधा ॥
- मान मोर अब हाथ तुम्हारे,
- करहु कृपा अंजनी के प्यारे,
- बन्दतु सौरभ दास सुनहु पुकारी,
- मंगल करहु हे मंगलकारी ॥
क्या है हनुमान स्तुति के फायदे ( Benefits of Hanuman Vandana)
हनुमान जी तो संकट मोचक कहे जाते हैं। अगर आप किसी संकट में फंसे हैं या फिर आप किसी दुविधा में हैं तो हनुमान स्तुति का पाठ नियमित तौर पर कीजिए, आपको तुरंत ही अंतर महसूस होगा। हनुमान जी की पूजा करने से इंसान के अंदर आत्मविश्वास जागता है। इंसान खुश रहता है और उसे कोई भी फैसला लेने में दिक्कत नहीं महसूस होती है। बजरंग बली की सच्चे मन से पूजा करने से धन, संपत्ति, सुख, वैभव, मान-सम्मान प्राप्त होता है और घर-आंगन में सुख-शांति बनी रहती है।
कैसे करें स्तुति?
- हनुमान स्तुति हमेशा सुबह करना चाहिए अगर ब्रह्ममुहूर्त में संभव हो तो उस समय ही करें।
- हनुमान स्तुति रोज सुबह करना चाहिए।
- हनुमान स्तुति का पाठ करते समय इसकी पुस्तक को अपने सामने किसी चौकी पर साफ कपड़े बिछाकर करना चाहिए।
- इसकी पुस्तक को कभी भी जमीन पर या पैरों के पास नहीं रखना चाहिए।
हनुमान वंदना ( Hanuman Vandana)
- चरण शरण में आयी के,
- धरुं तिहारा ध्यान॥
- संकट से रक्षा करो,
- संकट से रक्षा करो,
- पवन पुत्र हनुमान॥
- दुर्मम काज बनाय के,
- कीन्हे भक्त निहाल॥
- अब मोरी विनती सुनो,
- अब मोरी विनती सुनो,
- हे अंजनी के लाल॥
- हाथ जोड़ विनती करूँ,
- सुनो वीर हनुमान॥
- कष्टों से रक्षा करो,
- कष्टों से रक्षा करो,
- राम भक्ति देहूं दान
- पवनपुत्र हनुमान॥












Click it and Unblock the Notifications