Bhai Dooj 2025: भाई दूज में पूजा के बाद भाई को क्यों दिया जाता है नरियल का गोला? जानें इसका महत्व
Bhai Dooj 2025: दीपावली के साथ ही सप्ताह भर के पर्व-त्योहार शुरू हो जाते हैं। दिवाली के बाद गोवर्धन पूजा होती है और फिर आता है भाई दूज (Bhai Dooj 2025) का त्योहार। रक्षाबंधन के अलावा भाई-बहन के स्नेह और अटूट रिश्ते का पर्व भाई दूज भी होता है। इस दिन बहनें अपने भाइयों की लंबी उम्र और सुख-समृद्धि की कामना करते हुए तिलक करती हैं। आरती उतारती हैं और उन्हें मिठाई खिलाती हैं। दूसरी ओर भाई भी बहन को रक्षा का वचन देते हैं और उपहार स्वरूप उन्हें कुछ न कुछ भेंट करते हैं।
भाई दूज के त्योहार में बहनें तिलक करने के बाद भाई को नारियल का एक गोला भी देती हैं। क्या आप जानते हैं कि पूजा के बाद भाई को नारियल का गोला (Coconut Ball) क्यों दिया जाता है? इसके पीछे सनातन परंपरा में मान्यता है और इसका अपना धार्मिक विश्वास भी है। आइए जानते हैं इसका महत्व।

Bhai Dooj 2025: नारियल का गोला देने की परंपरा
भाई दूज की पूजा के बाद बहन अपने भाई को मिठाई और नारियल का गोला देती है। धार्मिक मान्यताओं के अनुसार, नारियल पवित्रता और समृद्धि का प्रतीक माना जाता है। इसे भगवान विष्णु का प्रिय फल कहा गया है। माना जाता है कि भाई को नारियल का गोला देने से उसके जीवन में सौभाग्य, सफलता और धन की वृद्धि होती है।
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नारियल तीन आंखों वाला फल होता है, जो ब्रह्मा, विष्णु और महेश के प्रतीक हैं। इसलिए इसे त्रिदेव का आशीर्वाद प्राप्त कराने वाला फल भी माना जाता है। जब बहन पूजा के बाद भाई को यह गोला देती है, तो इसका अर्थ होता है कि वह उसे इन तीनों देवों का आशीर्वाद दे रही है।
Bhai Dooj पर नारियल देने से दूर होती हैं भाई की अड़चनें
शास्त्रों में कहा गया है कि भाई दूज के दिन नारियल देने से भाई के जीवन में बुरी शक्तियों का प्रभाव समाप्त होता है। यह एक तरह से रक्षा कवच का काम करता है। इस दिन तिलक लगाने और नारियल देने से भाई के जीवन में सौभाग्य और दीर्घायु बनी रहती है। आज के समय में भले ही त्योहार मनाने के तरीके बदल गए हों, लेकिन भाई दूज का यह नारियल गोला देने का रिवाज आज भी रिश्तों की मिठास और परंपरा की पवित्रता को बनाए रखता है। यह सिर्फ एक रस्म नहीं, बल्कि प्रेम और शुभकामना का प्रतीक है।
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