Kanwar Yatra: 04 से 15 जुलाई तक होगी यात्रा, क्यू आर कोड से मिलेगी जानकारी, इन बातों का रखना होगा ध्यान
आगामी 04 से 15 जुलाई तक कांवड़ यात्रा का आयोजन होने जा रहा है। इसके लिए 18 वीं अन्तर्राज्यीय व अन्तरइकाई समन्वय बैठक आयोजित हुई।
आगामी 04 से 15 जुलाई तक कांवड़ यात्रा का आयोजन होने जा रहा है। इसके लिए 18 वीं अन्तर्राज्यीय व अन्तरइकाई समन्वय बैठक आयोजित हुई। बैठक में कांवड यात्रा को लेकर सुरक्षा व्यवस्था और भीड़ प्रबन्धन के लिए ड्रोन, सीसीटीवी का प्रयोग और सोशल मीडिया मॉनिटरिंग को बढ़ाने पर विचार किया गया। उत्तराखंड के डीजीपी अशोक कुमार की अध्यक्षता में 18 वीं अन्तर्राज्यीय व अन्तरइकाई समन्वय बैठक का आयोजन किया गया, जिसमें उत्तरप्रदेश, दिल्ली, हरियाणा, पंजाब, हिमाचल प्रदेश, राजस्थान, सीआरपीएफ, रेलवे सुरक्षा बल, आसूचना ब्यूरो के अधिकारियों ने प्रत्यक्ष एवं ऑनलाइन प्रतिभाग किया।

डीजीपी अशोक कुमार ने कहा कि कांवड़ एक बहुत बड़ा धार्मिक आयोजन है। कुम्भ/अर्द्धकुम्भ की तुलना में कांवड़ यात्रा में युवाओं की संख्या अधिक होने से इसकी संवेदनशीलता बढ़ जाती है। इस बैठक का उद्देश्य उत्तर प्रदेश, हरियाणा, दिल्ली, हिमाचल, पंजाब, राजस्थान व अन्य एजेन्सियों के पारस्परिक सहयोग से कांवड़ यात्रा को सकुशल व शान्तिपूर्वक सम्पन्न कराना है। हरिद्वार के एसएसपी अजय सिंह ने कहा कि इस वर्ष लगभग 4 करोड़ कांवड़ियों के उत्तराखण्ड आने की सम्भावना है। सम्पूर्ण कांवड़ क्षेत्र को 12 सुपर जोन, 32 जोन और 130 सैक्टर में विभाजित किया गया है, जिसमें पुलिस व्यवस्था में लगेंगे। उन्होंने कांवड़ यात्रा की व्यवस्था में लगे सभी नोडल अधिकारियों का व्हाटसएप ग्रुप बनाने, अन्तर्राज्यीय बैरियरों पर संयुक्त पुलिस चैकिंग करने, सोशल मीडिया पर भेजे जाने वाले संदेशों की निगरानी रखने आदि के सम्बन्ध में सभी अधिकारियों से सहयोग की अपील की।
उन्होंने बताया कि कांवड़ यात्रियों की सुविधा के लिए हरिद्वार पुलिस ने QR Code जारी किया गया है, जिसमें वाहन पार्किंग, रूट डायवर्जन, खोया-पाया सेल सहित सभी महत्वपूर्ण जानकारी है। सम्पूर्ण कांवड़ मेला क्षेत्र 333 सीसीटीवी से कवर है, जिसमें Public Address System भी लगे हैं। घाटों पर जल पुलिस की तैनाती सहित थाना स्तर पर सघन सत्यापन अभियान चलाया जा रहा है। राजीव सभरवाल- अपर पुलिस महानिदेशक अपराध एवं कानून व्यवस्था, मेरठ जोन उत्तर प्रदेश ने बताया कि Eastern Peripheral Expressway और Delhi-Meerut Expressway को ध्यान में रखते हुए कांवड़ यात्रा के दौरान ट्रैफिक डायवर्जन प्लान बनाया जाए। प्रमुख चौराहों एवं कांवड़ यात्रा मार्गों पर साइन बोर्ड लगाए जाएं। सम्पूर्ण कांवड़ यात्रा मार्ग को सीसीटीवी एवं डायल 112 से कवर किया गया है। प्रमुख चौराहों एवं मार्गों पर इलैक्ट्रॉनिक साईन बोर्ड एवं संकेतक लगाये जा रहे है। शरारती तत्वों एवं अनावश्यक रूप से उपद्रव करने वाले कारकों को रोकने में एक दूसरे का पूरा सहयोग किया जाएगा और संयुक्त अभिसूचना तंत्र विकसित कर लाभप्रद सूचनाओं का आदान-प्रदान किया जाएगा।
इन बिंदुओं पर विचार विमर्श-
- कांवड़ियों पर सीसीटीवी और ड्रोन से नजर रखी जाएगी।
- डीजे के प्रयोग को नियंत्रित करने में सहयोग करने की अपील।
- कांवड़ की ऊँचाई 12 फीट से कम रखे जाने सम्बन्धी परामर्श का व्यापक प्रचार-प्रसार किये जाने के निर्देश।
- कांवड़ यात्रा के दौरान कांवडियों को अपना साथ पहचान पत्र रखने का भी निर्णय।
- हरिद्वार पुलिस द्वारा कांवड़ यात्रा से सम्बन्धित सभी सूचनाओं के लिए QR Code बनाया गया है।
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