HOLI 2025: विश्वनाथ मंदिर में शिवभक्तों ने खेली भस्म की होली, किन्नर अखाड़े की श्मशान घाट पर मसाने की होली
HOLI 2025: होली का उल्लास और रंग नजर आने लगे हैं। हर तरफ होली के रंगों में लोग जमकर उत्साह के साथ होली खेल रहे हैं। उत्तरकाशी के विश्वनाथ मंदिर में शिवभक्तों ने भस्म की होली खेली। यहां भस्म होली की परंपरा सालों से चली आ रही है।
इस साल भी काशी विश्वनाथ मंदिर में धूमधाम से भस्म होली खेली गई। काशी विश्वनाथ मंदिर के महंत अजय पुरी की पहल पर सालों से मंदिर में भस्म की होली खेली जा रही है। आज सुबह से मंदिर में शिव भक्तों का जमावड़ा लगा रहा।

सुबह की पूजा अर्चना के बाद सबसे पहले महंत अजय पुरी स्वयंभू शिवलिंग पर भस्म लगाकर उनका आशीर्वाद लिया। जिसके के बाद सभी भक्तों पर भभूत यानी भस्म लगाकर होली खेली गई। महंत अजय पुरी ने बताया कि यह परम्परा वर्षों से बाबा की उत्तर की काशी में चल रही है।
सभी भक्त एक दूसरे को भस्म लगाकर होली की बधाई देते हैं। इस दौरान बाबा काशी विश्वनाथ मंडली की ओर से होली और बसंत के गीत गाए गए। भस्म लगाकर शिव भक्त जमकर झूमे। इस मौके पर स्थानीय विधायक सुरेश चौहान, नगर पालिका अध्यक्ष भूपेंद्र चौहान समेत कई शिव भक्त मौजूद रहे। जिसमें देश विदेश के पर्यटकों ने भी अद्भुत होली का आनंद लिया।
हरिद्वार में किन्नर अखाड़े ने खड़खड़ी श्मशान घाट पर मसाने की होली खेली। इस दौरान किन्नर समाज के लोगों ने श्मशान में चिताओं की राख और रंग से होली मनाई। किन्नर अखाड़े की महामंडलेश्वर भवानी माता के नेतृत्व में किन्नरों का दल शोभा यात्रा निकालते हुए हरिद्वार के खड़खड़ी श्मशान घाट पहुंचा।
किन्नर समाज का कहना है कि आम लोग घरों में होली खेलते हैं, लेकिन किन्नर समाज मसान पूजते हैं। ऐसे में वो शमशान घाट में ही चिता के आगे होली खेलते हैं। उन्होंने बताया कि यह परंपरा पहले लुप्त हो गई थी, लेकिन जब से सनातन धर्म आया है, तब से यह परंपराएं चलती आ रही है।
हरिद्वार जेल में कैदियों को समाज से जोड़ने के प्रयास के लिए जेल अधिक्षक मनोज आर्य ने होली मिलन कार्यक्रम का आयोजन किया। होली मिलन कार्यक्रम के तहत विभिन्न सांस्कृतिक कार्यक्रमों का आयोजन किया गया। जिसमें कैदियों ने उत्साह के साथ भाग लिया और फूलों की होली भी खेली।












Click it and Unblock the Notifications