UP nikay Chunav results: बाबा ने कर दिया सबका सफाया, 2024 के लिए और धुंधली हुईं विपक्ष की उम्मीदें

UP Nikay Chunav Result 2023: उत्तर प्रदेश के शहरी चुनावों में भाजपा का जबर्दस्त प्रदर्शन 2024 के चुनाव की तस्वीर साफ कर रहा है। यहां विपक्ष के हौसले को और चोट लगी है।

UP Nikay Chunav Result 2023

UP nikay Chunav results 2023: उत्तर प्रदेश में हुए निकाय चुनावों के परिणामों को संकेत समझें तो एक बार फिर से राज्य में मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ का डंका बजा है। यहां शहरों में जिस तरह से भाजपा को जीत मिली है, उससे यह तय हो गया है कि बाबा के दम पर बीजेपी राज्य में ट्रिपल इंजन वाली सरकार बनाने में सफल हो रही है।

यूपी में बाबा ने फिर कर दिखाया
यूपी नगर निकाय चुनाव के परिणाम विपक्ष के लिए 2024 के लोकसभा चुनाव के नजरिए से यह बहुत ही नकारात्मक लगती है। यूपी में मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने बीजेपी के प्रत्याशिंयों के लिए धुंआधार प्रचार किया और पार्टी उसकी फसल काटने में सफल हो गई।

धुंआधार प्रचार और विपक्ष का काम तमाम
नगर निकायों के लिए सीएम ने लगभग 55 चुनावी रैलियां की हैं और यह सुनिश्चित किया है कि न सिर्फ केंद्र और राज्य में बल्कि नगर निकायों में भी पार्टी की सत्ता काबिज हो। निकाय चुनावों के परिणामों से जाहिर है कि नगर निगमों में भी पार्टी के उम्मीदवारों की लॉटरी लग गई है। यूपी में दो चरणों में निकाय चुनाव करवाए गए हैं, पहले चरण में 4 मई को और दूसरे चरण में 11 मई को वोट डाले गए हैं।

'भाजपा ही वर्तमान है,भाजपा ही भविष्य है!'
उत्तर प्रदेश में 17 नगर निगमों, 199 नगर पालिकाओं और 544 नगर पंचायतों के लिए हुई मतगणना से यही लगता है कि बीजेपी कर्नाटक में भले ही निराश हुई हो, लेकिन उत्तर प्रदेश में उसके मुकाबले कोई टक्कर में नहीं है। इन परिणामों को देखते हुए प्रदेश के उपमुख्यमंत्री केशव प्रसाद मौर्य ने ट्वीट किया है,'नगर निकाय चुनाव में सपा बसपा कांग्रेस का सूर्यास्त हो रहा है, भाजपा ही वर्तमान है,भाजपा ही भविष्य है!'

योगी ने खुद संभाली प्रचार की कमान
इन शहरी चुनावों को सीएम योगी ने कितनी अहमियत दी है, इसका अंदाजा इसी बात से लगता है कि उन्होंने सभी 17 नगर निगमों और 18 मंडलों के लिए खुद चुनाव प्रचार की कमान संभाली और कई शहरों में तो उन्होंने दो से ज्यादा चुनावी रैलियां कीं। इनके मुकाबले विपक्षी दलों के नेता प्रचार अभियान में फिसड्डी साबित हुए और परिणाम में भी उन्हें निराशा हाथ लगी है।

2024 के लिए और धुंधली हुईं विपक्ष की उम्मीदें
ठीक करीब एक साल बाद यानि 2024 में लोकसभा के आम चुनाव होने हैं। यूपी 80 सांसदों को चुनकर संसद भेजता है। ऐसे में जाहिर है कि नगर निकाय चुनाव से भाजपा का हौसला जहां और बढ़ेगा, वहीं विपक्ष की नाउम्मीदी बढ़ सकती है।

Recommended Video

    UP Nagar Nikay Chunav Results: मोदी को Karnataka हार का दुख, योगी ने यूं किया दूर | वनइंडिया हिंदी

    माफियाओं के सफाए से और मजबूत हुई छवि
    यूपी के शहरी क्षेत्रों में बीजेपी की बड़ी जीत के कई कारण माने जा रहे हैं। इसमें सबसे बड़ी वजह कानून और व्यवस्था की बेहतरी है। राज्य में जिस तरह से हाल में माफियाओं का सफाया हुआ है, उससे सीएम योगी की सशक्त छवि और चमकी है। सदन में माफियाओं को 'मिट्टी में मिला दूंगा' वाला बयान आम निवासियों में बहुत ही सकारात्मक संदेश दे रहा है।

    जबकि, बुलडोजर बाबा वाली उनकी छवि पहले से ही दमदार है। यही वजह है कि समाजवादी पार्टी ने आरएलडी और आजाद समाज पार्टी से हाथ मिलाया और बसपा भी सक्रिय हुई, फिर भी बाबा की महिमा के सामने किसी की नहीं चल पाई।

    Notifications
    Settings
    Clear Notifications
    Notifications
    Use the toggle to switch on notifications
    • Block for 8 hours
    • Block for 12 hours
    • Block for 24 hours
    • Don't block
    Gender
    Select your Gender
    • Male
    • Female
    • Others
    Age
    Select your Age Range
    • Under 18
    • 18 to 25
    • 26 to 35
    • 36 to 45
    • 45 to 55
    • 55+