UP Civic Poll Results: मीडिया वालों को नहीं दी जा रही है रुझानों की जानकारी
यूपी के शाहजहांपुर में जीएफ डिग्री कॉलेज में मतगणना शुरू हो चुकी है। यहां 4 नगरपालिका और 6 नगर पंचायतों के प्रत्याशियों का भाग्य का फैसला आज हो जाएगा। कड़ी सुरक्षा के बीच मतगणना शुरू हो चुकी है।
शाहजहांपुर। यूपी के शाहजहांपुर में जीएफ डिग्री कॉलेज में मतगणना शुरू हो चुकी है। यहां 4 नगरपालिका और 6 नगर पंचायतों के प्रत्याशियों का भाग्य का फैसला आज हो जाएगा। कड़ी सुरक्षा के बीच मतगणना शुरू हो चुकी है। पुलिस की चप्पे-चप्पे पर नजर बनी हुई है। मोबाइल से लेकर पान तक पर जिला प्रशासन ने रोक लगाई हुई है। यहां की बेहद खास मानी जाने वाली शहर नगरपालिका सीट पर सभी की निगाहें टिकी हुई हैं। इस सीट से बीजेपी पूर्व केंद्रीय मंत्री जितिन प्रसाद की भाभी की फाईट अखिलेश यादव के बेहद करीबी जहां आरा खान से मानी जा रही है। जिला प्रशासन ने मीडिया को मतगणना से दो सौ किलोमीटर की दूरी पर रोका। मीडिया के कवरेज करने पर जिला प्रशासन ने रोक लगाई है।

शाहजहांपुर में 4 नगरपालिका और 6 नगर पंचायते हैं
दरअसल जनपद शाहजहांपुर में 4 नगरपालिका और 6 नगर पंचायते हैं। जिनकी मतगणना जलालाबाद नगरपालिका की मंडी समिति, तिलहर नगरपालिका की मतगणना मंडी समिति, पुवायां नगरपालिका की मतगणना इंटर कॉलेज और शाहजहांपुर नगरपालिका की मतगणना डिग्री कॉलेज में की जा रही है। प्रदेश की बेहद खास मानी जाने वाली शहर नगरपालिका सीट पर सबकी नजरे बनी हुई हैं। चूंकि बीजेपी ने कांग्रेस से पूर्व केंद्रीय मंत्री जितिन प्रसाद की भाभी नीलिमा प्रसाद को प्रत्याशी बनाया है तो सपा ने अखिलेश यादव के बेहद करीब माने जाने वाले निवर्तमान चैयरमेन तनवीर खान को बनाया है। लेकिन बसपा और कांग्रेस को फाइट में कहीं नही देखा जा रहा है।

बीजेपी और सपा में है टक्कर
इस बार बेहद दिलचस्प बीजेपी और सपा का टकराव देखा जा रहा है। बीजेपी प्रत्याशी की तरफ योगी और मोदी के दो मंत्रियों ने रोड पर आकर जनता से जिताने की अपील की थी। बीजेपी की सीट पर दो मंत्रियों की प्रतिष्ठा दांव पर लगी हुई है। खास बात ये ही कि बीजेपी के दोनों मंत्री शाहजहाँपुर के शहर नगरपालिका सीट के रहने वाले है।

कवरेज की पाबंदी से मच गया है हड़कंप
शाहजहांपुर का जिला प्रशासन ने निकाय चुनाव की मतगणना से मीडिया को काफी दूर रोक रखा है। मीडिया को मतगणना स्थल की कवरेज करने पर पावंदी की लगाई है। आखिर मीडिया पर पावंदी क्यों लगा रखी है। इस पर कोई भी अधिकारी बोलने को राजी नही है। जिला प्रशासन किसी तरह का रुझान देने को राजी है।












Click it and Unblock the Notifications