20 साल बाद कॉमनवेल्थ गेम्स की भारत में वापसी, अहमदाबाद को मिली 2030 में होने वाले इवेंट की जिम्मेदारी
Ahmedabad will host 2030 commonwealth games: अहमदाबाद 2030 के सेंचुरी कॉमनवेल्थ गेम्सकी मेजबानी करने जा रहा है। यह भारत के लिए एक बड़ी वैश्विक खेल प्रतियोगिता होगी। 20 साल बाद भारत में ये कॉमनवेल्थ गेम्स होने जा रहा है। इससे पहले 2010 में दिल्ली में कॉमनवेल्थ गेम्स हुए थे।
26 नवंबर 2025 को ग्लासगो में आयोजित कॉमनवेल्थ स्पोर्ट जनरल असेंबली ने 74 सदस्य देशों की मंज़ूरी के बाद अहमदाबाद को 2030 सेंचुरी कॉमनवेल्थ गेम्स की मेज़बानी सौंप दी। यह फैसला भारत के लिए ही नहीं, बल्कि पूरे कॉमनवेल्थ मूवमेंट के लिए ऐतिहासिक माना जा रहा है, क्योंकि 2030 में इस खेल आयोजन के 100 साल पूरे होंगे।

गुजरात के पारंपरिक अंदाज की दिखाई झलक
इस बड़ी घोषणा के तुरंत बाद 20 गरबा नर्तक और 30 भारतीय ढोल वादक असेंबली हॉल में पहुंचे और गुजरात की पारंपरिक रंगत से भरपूर शानदार प्रस्तुति दी। इस सांस्कृतिक माहौल ने न सिर्फ गुजरात की पहचान को उजागर किया बल्कि यह भी दिखाया कि 2030 के खेल कितने जीवंत और विविधता से भरे होंगे।
भारत ने अपनी प्रस्तुति में अहमदाबाद को केंद्र में रखकर एक मजबूत और भव्य विज़न पेश किया, जो ग्लासगो 2026 द्वारा तैयार की जाने वाली नींव पर आगे बढ़ेगा। कॉमनवेल्थ स्पोर्ट के अध्यक्ष डॉ. डोनाल्ड रूस्टर ने इस फैसले को "कॉमनवेल्थ स्पोर्ट के लिए नए स्वर्णिम युग" की शुरुआत बताया। वहीं, कॉमनवेल्थ गेम्स एसोसिएशन ऑफ इंडिया की अध्यक्ष पी.टी. उषा ने कहा कि भारत पर जताया गया यह भरोसा आने वाले वर्षों में कॉमनवेल्थ मूवमेंट को और मजबूत करेगा।
कॉमनवेल्थ गेम्स में 15-17 तरह के खेलों की होगी प्रतियोगिता
कॉमनवेल्थ स्पोर्ट ने 2030 गेम्स के लिए शुरुआती खेलों की सूची भी जारी की है, जबकि अन्य खेल आगे की चयन प्रक्रिया के बाद जोड़े जाएंगे। कॉमनवेल्थ गेम्स में 15-17 तरह की खेल प्रतियोगिता शामिल होंगी। अमदाबाद 2030 टीम राष्ट्रमंडल खेल और अंतर्राष्ट्रीय महासंघ समुदाय के साथ मिलकर एक गतिशील और रोमांचक खेल कार्यक्रम को आकार देगी, जिसमें मजबूत स्थानीय अनुनाद और वैश्विक अपील होगी। शेष कार्यक्रम को अंतिम रूप देने की प्रक्रिया अगले महीने शुरू होगी, और अगले साल पूर्ण शताब्दी खेलों की लाइन-अप की घोषणा की जाएगी।
कौन- कौन से खेल होंगे?
कॉमनवेल्थ गेम्स 2023 में जिन खेलों पर विचार किया जा रहा है उनमें तीरंदाजी, बैडमिंटन, 3x3 बास्केटबॉल और 3x3 व्हीलचेयर बास्केटबॉल, बीच वॉलीबॉल, T20 क्रिकेट, साइकिलिंग, डाइविंग, हॉकी, जूडो, रिदमिक जिम्नास्टिक्स, रग्बी सेवेन्स, शूटिंग, स्क्वैश, ट्रायथलॉन और पैरा ट्रायथलॉन तथा कुश्ती शामिल हैं। मेजबान दो नए या पारंपरिक खेलों का भी प्रस्ताव कर सकता है।
भारत ने पिछले कुछ सालों में अंतराष्ट्रीय खेलों को लेकर बुनियादी सुविधाओं को लगातार मजबूत किया है। हाल के वर्षों में कई खेल आयोजनों की मेजबानी की है, जिसमें नई दिल्ली में पैरा एथलेटिक्स चैंपियनशिप और अपना पहला विश्व एथलेटिक्स इंटरकांटिनेंटल टूर शामिल है। वर्तमान प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व वाली सरकार के तहत, भारत ने देश में वैश्विक खेल टूर्नामेंटों को लाने के लिए महत्वपूर्ण जोर दिया है, जिसका अंतिम लक्ष्य 2036 में ग्रीष्मकालीन ओलंपिक की मेजबानी करना है।












Click it and Unblock the Notifications