Terror Attack:'ID कार्ड मांगा और पत्नी के सामने छीन लिया सुहाग', पहलगाम हमले में जयपुर का नीरज खामोश

Terror Attack: पहलगाम हमले में जयपुर का नीरज हमेशा के लिए खामोश हो गए। छुट्टियों की तस्वीरों में हंसी बसी थी, मगर किसे पता था कि नीरज उधवानी की वो मुस्कान हमेशा के लिए तस्वीरों में ही कैद हो जाएगी।

32 वर्षीय नीरज उधवानी, जो जयपुर के जगतपुरा इलाके के निवासी थे, अपनी पत्नी आयुषी के साथ जम्मू-कश्मीर के पहलगाम घूमने गए थे। ये उनकी शादी के बाद की एक छोटी-सी ट्रिप थी। मगर यह सफर एक काले अध्याय में तब्दील हो गया, जब आतंकियों ने उन्हें रोककर ID कार्ड दिखाने को कहा, और फिर बेरहमी से गोली मार दी।

Terror Attack

घर में पसरा मातम, मां बेसुध

नीरज की मौत की खबर जब उनके घर पहुंची, तो हर कोना चीखों से भर गया। उनकी मां, जो बेटे की सकुशल वापसी का इंतजार कर रही थीं, अचेत हो गईं। भाई और भाभी, जो आयकर विभाग में अफसर हैं, तुरंत घाटी के लिए रवाना हो गए। अब उनका एक ही मकसद है अपने छोटे भाई को अंतिम बार देखना, और उसे पूरे सम्मान के साथ विदाई देना।

"सिर्फ ID पूछा था... फिर क्यों मार दिया?" - आयुषी की टूटी आवाज

होटल में ठहरी आयुषी की दुनिया एक पल में उजड़ गई। उन्होंने जब सुना कि उनके पति को गोली मार दी गई, वो वहीं सन्न रह गईं। एक बार नहीं, बार-बार सिर्फ यही सवाल पूछती रहीं, "उसने क्या गलत किया था? वो तो सिर्फ छुट्टियां मनाने आया था।"

शहर में आक्रोश, न्याय की मांग

जयपुर में नीरज के पड़ोसियों और रिश्तेदारों में गुस्से और दुःख का माहौल है। नीरज के चाचा राजू उधवानी ने एक चैनल से बात करते हुए कहा, "हमें न्याय चाहिए। सरकार को सख्त कार्रवाई करनी चाहिए। यह किसी एक की नहीं, पूरे देश की लड़ाई है।"

कई निर्दोषों की गई जान, देश दहला

इस हमले में नीरज के अलावा कई और निर्दोष पर्यटक मारे गए। शांत वादियों को फिर गोलियों ने छलनी कर दिया। ये हमला न सिर्फ एक परिवार, बल्कि पूरे समाज की सुरक्षा और विश्वास पर हमला था।

Notifications
Settings
Clear Notifications
Notifications
Use the toggle to switch on notifications
  • Block for 8 hours
  • Block for 12 hours
  • Block for 24 hours
  • Don't block
Gender
Select your Gender
  • Male
  • Female
  • Others
Age
Select your Age Range
  • Under 18
  • 18 to 25
  • 26 to 35
  • 36 to 45
  • 45 to 55
  • 55+