झालावाड़ स्कूल हादसे में 7 बच्चों की मौत, पीएम मोदी ने जताया शोक, जानिए कैसे हुआ हादसा?
Jhalawar School Building Collapse: राजस्थान के झालावाड़ जिले के पीपलोदी गांव में शुक्रवार, 25 जुलाई की सुबह एक भयावह और दिल दहला देने वाला हादसा हुआ। मनोहरथाना ब्लॉक स्थित एक सरकारी स्कूल की छत अचानक ढह गई, जिससे पूरा स्कूल परिसर चीखों से गूंज उठा। राजस्थान शिक्षा विभाग के मुताबिक इस हादसे में अब तक 7 बच्चों की मौत की पुष्टि हुई है, जबकि 14 बच्चे गंभीर रूप से घायल हो गए हैं।
कई बच्चों को इलाज के लिए मनोहरथाना अस्पताल और फिर वहां से जिला अस्पताल रेफर किया गया है। मीडिया से बातचीत करते हुए अधिकारियों ने बताया कि यह दर्दनाक घटना सुबह करीब 8 बजे हुई, जब सरकारी स्कूल में पढ़ाई चल रही थी।

उसी दौरान छत भरभरा कर गिर गई और कई छात्र-छात्राएं मलबे में दब गए। प्रारंभिक रिपोर्ट में बताया गया कि मलबे में करीब 60 से 70 बच्चों के दबे होने की आशंका जताई गई थी। हालांकि करीब एक घंटे के रेस्क्यू ऑपरेशन के बाद सभी घायल बच्चों को बाहर निकाल लिया गया।
PM Modi ने जताया शोक
इस दर्दनाक घटना को लेकर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने गहरा दुख व्यक्त किया है। प्रधानमंत्री ने ट्वीट करते हुए कहा, "झालावाड़, राजस्थान के एक स्कूल में हुआ हादसा बेहद दुखद और दिल को झकझोर देने वाला है। इस कठिन समय में मेरी संवेदनाएं प्रभावित छात्रों और उनके परिवारों के साथ हैं। घायलों के जल्द स्वस्थ होने की प्रार्थना करता हूं। प्रशासन की ओर से प्रभावितों को हरसंभव सहायता दी जा रही है।"
वहीं कोटा संभागीय आयुक्त राजेन्द्र सिंह शेखावत भी झालावाड़ जिला अस्पताल पहुंचे और घायलों का हाल जाना। उन्होंने घायल बच्चों और उनके परिजनों से मुलाकात कर हरसंभव मदद का भरोसा दिया। इस हादसे के बाद जिला प्रशासन व राहत एजेंसियां लगातार बचाव कार्य में जुटी हैं। वहीं अस्पताल में घायलों के इलाज की व्यवस्था की जा रही है।
कैसे हुआ ये हादसा?
स्कूल स्टाफ के मुताबिक, मलबे में दबे और घायल हुए अधिकतर बच्चे 7वीं कक्षा के छात्र थे। घटना के वक्त वे क्लासरूम में पढ़ाई कर रहे थे। छत का भार अचानक बढ़ गया या कमजोर ढांचे के कारण गिरी, इसकी पुष्टि अभी नहीं हो पाई है। लेकिन यह साफ है कि हादसा पढ़ाई के समय हुआ, जब बच्चे पूरी तरह स्कूल पर निर्भर थे।
VIDEO | Jhalawar, Rajasthan: Roof of Piplodi Primary School collapses, several children feared trapped. Rescue operations underway.#RajasthanNews #Jhalawar
(Full video available on PTI Videos - https://t.co/n147TvrpG7) pic.twitter.com/K0STKQwP0A
— Press Trust of India (@PTI_News) July 25, 2025
ग्रामीणों ने कहा कि उन्होंने शिक्षा विभाग और प्रशासन से बिल्डिंग की मरम्मत की मांग की थी, लेकिन कोई ध्यान नहीं दिया गया। अब जब हादसा हो गया है और मासूमों की जान चली गई, तब जाकर प्रशासन हरकत में आया है। हादसे की सूचना मिलने पर झालावाड़ कलेक्टर और एसपी अमित कुमार बुडानिया मौके के लिए रवाना हुए।
घटना की जानकारी मिलते ही गांव में मचा हड़कंप
पीपलोदी गांव के सरकारी स्कूल में जब यह हादसा हुआ, उस समय बच्चे अपनी कक्षाओं में पढ़ाई कर रहे थे। जैसे ही छत गिरी, एक जोरदार धमाके जैसी आवाज हुई, जिसे सुनकर आसपास के लोग स्कूल की ओर दौड़े। स्कूल परिसर में हर तरफ अफरा-तफरी मच गई।
ग्रामीण, टीचर्स और स्कूल स्टाफ ने तुरंत बिना देरी किए रेस्क्यू अभियान शुरू कर दिया। बच्चों को मलबे से निकालने की कोशिशें हाथों से की गईं, क्योंकि प्रशासनिक मदद अभी रास्ते में थी।
तेजी से चलाया जा रहा रेस्क्यू ऑपरेशन
हादसे की सूचना मिलने पर दांगीपुरा थाना अधिकारी, पुलिस बल और स्थानीय प्रशासन मौके पर पहुंचा। जिला कलेक्टर और एसपी अमित कुमार बुडानिया भी घटना स्थल के लिए रवाना हुए। रेस्क्यू ऑपरेशन में जेसीबी मशीन की भी मदद ली गई।
एक घंटे के भीतर मलबे से सभी बच्चों को बाहर निकाल लिया गया। मनोहरथाना अस्पताल के डॉ. कौशल लोढ़ा ने बताया कि अस्पताल में 35 घायल बच्चों को लाया गया, जिनमें से 11 की हालत गंभीर थी। इन बच्चों को बेहतर इलाज के लिए जिला अस्पताल रेफर किया गया है।
घायलों का हर संभव मदद की जाएगी: सीएम भजनलाल
CM भजनलाल शर्मा ने इस हादसे को अत्यंत दुखद और हृदयविदारक बताते हुए कहा कि, "झालावाड़ के पीपलोदी गांव में स्कूल की छत गिरने से हुआ हादसा बेहद दुखद है। संबंधित अधिकारियों को निर्देश दिए गए हैं कि घायल बच्चों को हर संभव उपचार उपलब्ध कराया जाए।"
वहीं पूर्व मुख्यमंत्री अशोक गहलोत ने हादसे पर चिंता जताते हुए कहा "झालावाड़ के मनोहरथाना में एक सरकारी स्कूल की इमारत गिरने से कई बच्चों एवं शिक्षकों के हताहत होने की सूचना मिल रही है। मैं ईश्वर से कम से कम जनहानि एवं घायलों को शीघ्र स्वास्थ्य लाभ देने की प्रार्थना करता हूं।"
मुख्यमंत्री कार्यालय की ओर से यह भी स्पष्ट किया गया है कि प्रशासन मौके पर मौजूद है और राहत एवं बचाव कार्य तेजी से चलाया जा रहा है। हादसे के बाद पूरे राज्य में शोक की लहर दौड़ गई है।
बिखरे बैग, किताबें और मासूमों की चीखें-बहुत डरावना था मंजर
घटना के बाद स्कूल का दृश्य बेहद दर्दनाक और डरावना था। चारों तरफ बच्चों की किताबें, बैग, टिफिन और जूते बिखरे पड़े थे। जो बच्चे मलबे से बाहर निकाले गए, वे सहमे हुए थे और रोते हुए अपने माता-पिता को ढूंढ रहे थे। कई बच्चों को गहरी चोटें आईं, और कुछ का शरीर खून से लथपथ था। वहीं परिजन जब अस्पताल पहुंचे तो उनके दहाड़ मारती चीखों ने माहौल को और भावुक कर दिया।
-
Delhi NCR Weather Today: दिल्ली-NCR में होगी झमाझम बारिश, दिन में छाएगा अंधेरा, गिरेगा तापमान -
युद्ध के बीच ईरान ने ट्रंप को भेजा ‘बेशकीमती तोहफा’, आखिर क्या है यह रहस्यमयी गिफ्ट -
Gold Silver Price: सोना 13% डाउन, चांदी 20% लुढ़की, मार्केट का हाल देख निवेशक परेशान -
Ram Navami Kya Band-Khula: UP में दो दिन की छुट्टी-4 दिन का लंबा वीकेंड? स्कूल-बैंक समेत क्या बंद-क्या खुला? -
इच्छामृत्यु के बाद हरीश राणा पंचतत्व में विलीन, पिता का भावुक संदेश और आखिरी Video देख नहीं रुकेंगे आंसू -
'मुझे 10 बार गलत जगह पर टच किया', Monalisa ने सनोज मिश्रा का खोला कच्चा-चिट्ठा, बोलीं-वो मेरी मौत चाहता है -
Petrol-Diesel Shortage: क्या भारत में पेट्रोल-डीजल समेत ईंधन की कमी है? IndianOil ने बताया चौंकाने वाला सच -
कौन हैं ये असम की नेता? जिनके नाम पर हैं 37 बैंक अकाउंट, 32 गाड़ियां, कुल संपत्ति की कीमत कर देगी हैरान -
Iran Vs America: ईरान ने ठुकराया पाकिस्तान का ऑफर, भारत का नाम लेकर दिखाया ऐसा आईना, शहबाज की हुई फजीहत -
LPG Crisis: एलपीजी संकट के बीच सरकार का सख्त फैसला, होटल-रेस्टोरेंट पर नया नियम लागू -
Trump Florida defeat: ईरान से जंग ट्रंप को पड़ी भारी, जिस सीट पर खुद वोट डाला, वहीं मिली सबसे करारी हार -
Who is Aryaman Birla Wife: RCB के नए चेयरमैन आर्यमन बिड़ला की पत्नी कौन है? Virat Kohli की टीम के बने बॉस












Click it and Unblock the Notifications