राज्यसभा में पंजाब के पानी का मुद्दा उठाते राघव चड्ढा बोले- क्या कदम उठा रही है केंद्र सरकार
चंडीगढ़/दिल्ली। आम आदमी पार्टी के पंजाब प्रभारी व राज्यसभा सांसद राघव चड्ढा ने सदन में पानी की कमी का मुद्दा उठाया। राघव चड्ढा ने कहा कि, पंजाब की धरती हरित क्रांति की जन्मस्थली है। मगर, अब इसका पानी नीचे चला गया है और नदियां भी प्रदूषित हो रही हैं। पंजाब के लोगों को खेती करने और पीने के लिए साफ पानी की जरूरत है। चड्ढा ने केंद्र सरकार से पूछा- पंजाब के लिए केंद्र सरकार क्या कदम उठा रही है?

राघव चड्ढा ने राज्यसभा में कहा कि, हम ऐसे राज्य से आते हैं, जिसका नाम ही पानी का प्रदेश यानी पंज आब (नदी) है। यानी यह पांच नदियों का प्रदेश रहा है, लेकिन आज पंजाब के लोग पानी की कमी से जूझ रहे हैं। सिंचाई के लिए किसानों को पर्याप्त पानी नहीं मिल पा रहा।
चड्ढा ने कहा कि 1965 में जब में भारत में जब अन्न की कमी हुई तो पंजाब ने पूरे देश का पेट भरा। हरित क्रांति पंजाब में हुई। इससे देश का अन्न भंडार भरा, लेकिन आज पंजाब पानी की कमी से जूझ रहा है।
चड्ढा ने कहा कि, एक किलो चावल उत्पादन के लिए 5000 लीटर पानी की जरूरत होती है। पंजाब में अब पानी की स्थिति ऐसी है कि अंडरग्राउंड वाटर 500 मीटर तक नीचे चला गया है। मैं कहना चाहता हूं कि, अगर आप भारत के खाद्य कटोरे को बचाना चाहते हैं, तो आवाज उठानी होगी। उन्होंने केंद्र सरकार से पूछा कि पंजाब में पानी को बचाने के लिए केंद्र सरकार क्या कदम उठा रही है।
राघव चड्ढा आप के राज्यसभा सदस्य हैं। उन्होंने आज राज्यसभा में सवाल उठाते हुए कहा कि, केंद्र सरकार पंजाब में पानी के बारे में क्या सोच रही है, सरकार की इसके लिए क्या योजना है। भाषण सुनने के लिए वीडियो क्लिक करें।
ਹਰੀ ਕ੍ਰਾਂਤੀ ਦੀ ਜਨਮਦਾਤਾ ਪੰਜਾਬ ਦੀ ਧਰਤੀ ਦਾ ਪਾਣੀ ਹੇਠਾਂ ਜਾ ਚੁੱਕਿਆ ਹੈ,ਦਰਿਆ ਦੂਸ਼ਿਤ ਹੋ ਚੁੱਕੇ ਹਨ। ਪੰਜਾਬ ਦੇ ਵਾਸੀਆਂ ਨੂੰ ਪੀਣ ਅਤੇ ਖੇਤੀ ਲਈ ਸ਼ੁੱਧ ਪਾਣੀ ਚਾਹੀਦਾ ਹੈ। Food Bowl of India ਜੇਕਰ ਬਚਾਉਣਾ ਹੈ ਤਾਂ ਆਵਾਜ਼ ਬੁਲੰਦ ਕਰਨੀ ਪਵੇਗੀ। ਅੱਜ ਆਪਣੇ ਪੰਜਾਬ ਦੇ ਪਾਣੀ ਲਈ ਰਾਜਸਭਾ ਚ ਆਵਾਜ਼ ਬੁਲੰਦ ਕੀਤੀ। pic.twitter.com/HFhzuvL22w
— Raghav Chadha (@raghav_chadha) August 1, 2022












Click it and Unblock the Notifications