BBC documentary row: JNUSU अध्यक्ष ने 25 लोगों के खिलाफ दर्ज करवाई शिकायत, 10 Points में जानें पूरी घटना
BBC documentary row:JNUSU अध्यक्ष आइशी घोष ने बताया कि हमने 25 लोगों के खिलाफ शिकायत दर्ज करवाई है। पुलिस ने आश्वासन दिया है कि वे तहकीकात करेंगे।

BBC documentary row: जवाहरलाल नेहरू विश्वविद्यालय (JNU) कैंपस एक बार फिर सुर्खियों में है। मंगलवार की रात जेएनयू कैंपस में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी पर बनी बीबीसी डाक्युमेंट्री की स्क्रीनिंग करने का ऐलान किया गया। जिसके बाद छात्रसंघ कार्यालय की बिजली काट दी गई और जमकर पथराव हुआ, जिसमें कुछ छात्र घायल भी हुए हैं। वहीं इस घटना के बारे में जानकारी देते हुए JNUSU अध्यक्ष आइशी घोष ने बताया कि हमने 25 लोगों के खिलाफ शिकायत दर्ज करवाई है। पुलिस ने आश्वासन दिया है कि वे तहकीकात करेंगे। आइशी घोष ने बताया कि जिन लोगों को चोट लगी है वे भी इलाज के बाद कल पुलिस स्टेशन में अपना बयान देंगे। जेएनयू प्रशासन से भी हम शिकायत करेंगे।
Recommended Video

Republic Day 2023: 26 January को ही क्यों मनाते हैं गणतंत्र दिवस | Republic Day | वनइंडिया हिंदी
- मंगलवार को 'इंडिया: द मोदी क्वेश्चन' की स्क्रीनिंग के लिए जेएनयू छात्र संघ कार्यालय में इकट्ठा हुए। छात्रों ने दावा किया विश्वविद्यालय प्रशासन ने कार्यक्रम को रोकने के लिए बिजली और इंटरनेट काट दिया और पत्थर फेंके जाने के बाद विरोध प्रदर्शन किया।
- छात्र प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और गुजरात दंगों पर बीबीसी की एक विवादास्पद डॉक्यूमेंट्री देख रहे थे इसलिए कथित तौर पर पथराव किया था। उन्होंने दावा किया कि उनके मोबाइल फोन पर स्क्रीनिंग की अनुमति विश्वविद्यालय प्रशासन द्वारा नहीं दी गई थी।
- जेएनयू छात्र संघ के अध्यक्ष आइशी घोष ने आरोप लगाया कि अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद (ABP), जो राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ से संबद्ध है, उसके लोगों ने मोबाइल फोन पर डाक्यूमेंट्री की स्क्रीनिंग के दौरान पथराव किया।
- पथराव के बाद जेएनयू प्रशासन के खिलाफ छात्रों ने "इंकलाब जिंदाबाद" के नारे लगाए और "पथराव करने वालों" के खिलाफ शिकायत दर्ज कराने के लिए वसंत कुंज पुलिस स्टेशन तक मार्च किया।
- JNUSU अध्यक्ष आइशी घोष ने बताया कि हमने शिकायत दर्ज करा दी है। पुलिस ने हमें आश्वासन दिया कि वे तुरंत घटना की जांच करेंगे। हमने इसमें शामिल सभी व्यक्तियों के नाम और विवरण दिए हैं। इसके साथ ही जेएनयू प्रॉक्टर कार्यालय में भी शिकायत दर्ज कराएंगे।
- कैंपस में बिजली काटे जाने पर विवि के एक अधिकारी ने बताया कि विश्वविद्यालय में एक बड़ी बिजली लाइन की खराबी है। इसे जल्द से जल्द ठीक कर दिया जाएगा। जेएनयू की वाइस-चांसलर शांतिश्री पंडित ने कहा कि कैंपस के कुछ हिस्सों में बिजली गायब रही, ये बड़ी लाइन में आई खराबी के कारण ऐसा हुआ है।
- जेएनयू ने एक एडवाइजरी में सोमवार को जानकारी दी थी कि छात्र संघ ने आयोजन के लिए उसकी अनुमति नहीं ली थी और इसे रद्द कर दिया जाना चाहिए, कड़ी अनुशासनात्मक कार्रवाई की चेतावनी दी थी। वहीं JNUSU ने कहा था कि डॉक्यूमेंट्री की स्क्रीनिंग के जरिए किसी भी प्रकार के वैमनस्य पैदा करने का उनका कोई इरादा नहीं है।
- मीडिया रिपोर्ट के अनुसार मोबाइल पर पीएम मोदी पर आधारित डॉक्यूमेंट्री देखने के लिए छात्रों के बीच क्यूआर कोड बांटे गए थे. सोशल मीडिया पर वायरल हो रहे वीडियो के लिए बताया जा रहा हैं कि JNUSU आइशी घोष ने क्यूआर कोड बांटे थे। हालांकि इसकी पुष्टि अभी नहीं हुई है।
- ABVP ने JNUSU द्वारा लगाए सभी आरोपों को सिरे से खारिज करते किया। एबीवीपी दिल्ली के मीडिया संयोजक अंबुज ने कहा हम मौके पर नहीं गए और हमारा छात्रों का संगठन कोई भी वहां नहीं था। वे अधिक कवरेज पाने के लिए सिर्फ हमारा नाम ले रहे हैं!
- याद रहे केंद्र सरकार ने शुक्रवार को सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ट्विटर और यूट्यूब को डॉक्यूमेंट्री के लिंक ब्लॉक करने का निर्देश दिया था। विदेश मंत्रालय ने बीबीसी की इस डॉक्यूमेंट्री को एक "प्रपोगंडा टूल" के रूप में खारिज कर दिया है जिसमें निष्पक्षता का अभाव है और एक औपनिवेशिक मानसिकता को दर्शाता है।












Click it and Unblock the Notifications