Lok Sabha Election: 'अबकी बार मोदी 500 पार...विपक्ष का सूपड़ा होगा साफ', उमा भारती का दावा       

Lok Sabha Elections 2024: सात चरणों के लोकसभा चुनाव के अंतिम चरण के मतदान 1 जून को है। 4 जून नतीजों की तारीख है। सभी राजनीतिक दल अपनी-अपनी जीत का हूटर बजाने में लगे हैं। इस बीच, मध्य प्रदेश की पूर्व मुख्यमंत्री और बीजेपी नेता उमा भारती ने पार्टी के 500 सीटें पार का दावा किया है।

दरअसल, बीती रविवार को उमा भारती ग्वालियर में जयविलास पैलेस केंद्रीय मंत्री ज्योतिरादित्य सिंधिया की मां माधवी राजे सिंधिया के निधन पर दुख व्यक्त करने पहुंची थीं। यहां भारती ने कहा कि इंडिया अलायंस ने उन मुद्दों को नहीं उठाया है, जिन पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी खड़े हैं। यह मोदी विरोधी एकता है, मोदी विचार विरोधी एकता नहीं। मुझे लगता है कि इस चुनाव में विपक्ष का पूरी तरह सफाया हो जाएगा। पीएम मोदी 400 नहीं, 500 पार करेंगे।

Uma Bharti Big Claim

'ज्योतिरादित्य सिंधिया में बड़ा भविष्य'
इस दौरान उन्होंने कहा कि मैं इस घड़ी में पूरी तरह से ज्योतिरादित्य सिंधिया के साथ हूं। मैं वादा करती हूं कि मैं उन्हें जिंदगी भर अपने माता-पिता की कमी महसूस नहीं होने दूंगी। इसके साथ ही पूर्व सीएम ने यह भी कहा कि मैं ज्योतिरादित्य सिंधिया में बड़ा भविष्य देखती हूं।

एक नजर उमा भारती के राजनीतिक सफर पर
उमा भारती की राजनीतिक सफर 1980 के दशक में शुरू हुआ। वह भारतीय जनता पार्टी (बीजेपी) में शामिल हो गईं और जल्दी ही पार्टी में शीर्ष पर पहुंच गईं। 1984 तक वह लोकसभा की सबसे युवा सदस्य बन गईं। उनका प्रभाव बढ़ता गया और राम जन्मभूमि आंदोलन में उनकी प्रमुख भूमिका रही।

1999 में भारती ने अपना पहला मंत्री पद संभाला। वे मानव संसाधन विकास (HRD), पर्यटन और युवा मामलों की राज्य मंत्री बनीं। उनके कार्यकाल में शिक्षा और पर्यटन के क्षेत्र में उल्लेखनीय पहल हुई। 2003 में, वे मध्य प्रदेश की मुख्यमंत्री बनीं। साथ ही ग्रामीण विकास और बुनियादी ढांचे पर ध्यान केंद्रित किया।

विवादों से गहरा नाता
भारती का करियर विवादों से अछूता नहीं रहा है। 2004 में हुबली दंगों से जुड़े एक आपराधिक मामले के बाद उन्हें सीएम पद से इस्तीफा देना पड़ा। कानूनी लड़ाइयों के बावजूद, वह बीजेपी के भीतर एक महत्वपूर्ण हस्ती बनकर उभरीं।

2014 में भारती ने झांसी से लोकसभा सीट जीतकर वापसी की। उन्हें जल संसाधन, नदी विकास और गंगा संरक्षण मंत्री नियुक्त किया गया। उनका ध्यान गंगा की सफाई और जल संसाधनों के प्रबंधन पर केंद्रित रहा। हाल के सालों में भारती मुख्यधारा की राजनीति में कम सक्रिय रही हैं। उन्होंने सामाजिक मुद्दों और आध्यात्मिक गतिविधियों पर ध्यान केंद्रित करने के लिए एक कदम पीछे ले लिया। हालांकि, वह बीजेपी की गतिविधियों में भूमिका निभाती रहती हैं और एक सम्मानित नेता बनी हुई हैं।

Notifications
Settings
Clear Notifications
Notifications
Use the toggle to switch on notifications
  • Block for 8 hours
  • Block for 12 hours
  • Block for 24 hours
  • Don't block
Gender
Select your Gender
  • Male
  • Female
  • Others
Age
Select your Age Range
  • Under 18
  • 18 to 25
  • 26 to 35
  • 36 to 45
  • 45 to 55
  • 55+