Bhojshala: हिंदू और मुस्लिम पक्ष के साथ जैन समाज का दावा, कोर्ट में दिखाए चौंकाने वाले प्रमाण
मध्यप्रदेश के धार जिले में स्थित भोजशाला पर विवाद थमने का नाम नहीं ले रहा है, जहां भोजशाला में पिछले कई दिनों के ASI सर्वे के बाद अब जैन समाज ने भोजशाला को लेकर दावा किया है। वहीं जैन समाज ने इस संबंध में सुप्रीम कोर्ट में याचिका दायर की है।
भोजशाला में अब तक हिंदू और मुस्लिम पक्षकार अपना-अपना दावा जता रहे थे, लेकिन अब जैन समाज ने भोजशाला को लेकर सुप्रीम कोर्ट में याचिका दायर की है। जैन समाज ने अपनी याचिका में बताया है की, सालों पहले भोजशाला की खुदाई में जैन प्रतिमांए निकली हैं, जो इस बात का प्रमाण है की ये स्थल जैन समाज से जुड़ा है।

धार स्थित भोजशाला में माता सरस्वती का बेहद प्राचीन मंदिर स्थित है, जहां हर साल वसंती पंचमी धार्मिक अनुष्ठान आयोजित किए जाते हैं, इसी के साथ यहां वसंत पंचमी के अलावा त्योहारो पर बड़ी संख्या में लोग दर्शन और पूजन के लिए पहुंचते हैं। यहां वसंत पंचमी के साथ-साथ शुक्रवार को सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम रहते हैं। भोजशाला का विवाद सदियों पुराना है। लोगों का मानना है की, सदियों पहले यहां आक्रमणकारियों ने आक्रमण कर मजार बनवाई थी, यहां आज भी देवी-देवताओं के चित्र और संस्कृत भाषा में श्लोक लिखे हुए हैं।
मध्यप्रदेश के धार जिले में स्थित भोजशाला को लेकर हाईकोर्ट की इंदौर खंडपीठ ने अहम फैसला सुनाया है, जिसमें कोर्ट ने भोजशाला के एएसआई सर्वे को लेकर आदेश दिया है। धार स्थित भोजशाला में मां सरस्वती का मंदिर है, जहां वसंत पंचमी समेत त्योहारों पर देवी की विशेष आराधना होती है। वहीं भोजशाला के वैज्ञानिक सर्वे के लिए हिंदू फ्रंट फॉर जस्टिस द्वारा हाईकोर्ट में आवेदन दिया गया था, जिस पर हाईकोर्ट की ओर से एएसआई सर्वे का आदेश दिया गया है।
ये भी पढ़े- Heritage Train: पटरी पर दौड़ी हेरिटेज ट्रेन, सांसद के साथ पर्यटकों ने लिया रोमांचक सफर का मजा












Click it and Unblock the Notifications