Jabalpur News: पाटन हत्याकांड में 10 आरोपी पकड़े गए, जबलपुर-दमोह हाईवे पर जाम, परिजनों का विरोध
जबलपुर (मध्य प्रदेश): सोमवार को जबलपुर जिले के पाटन में दो परिवारों के 4 सदस्यों की निर्मम हत्या करने वाले 10 आरोपियों को पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया है। ये आरोपी पचमढ़ी के एक होटल में छिपे हुए थे, जहां से उन्हें पकड़ने में पुलिस को सफलता मिली।
जबलपुर के एसपी संपत उपाध्याय ने बताया कि यह हत्या पंचायत चुनाव के दौरान सरपंच पद के चुनाव को लेकर हुए एक विवाद का परिणाम थी।

साहू और पाठक परिवारों के बीच यह रंजिश चुनावी विवाद के बाद बढ़ी थी, जब दोनों ने अपने-अपने प्रत्याशी खड़े किए थे। इस विवाद को पुलिस ने पहले शांत कर दिया था, लेकिन बाद में यह रंजिश हत्या के रूप में सामने आई। इस घटना में पुलिस की लापरवाही भी उजागर हुई है, क्योंकि चौकी प्रभारी गणेश तोमर की कार्यप्रणाली को लेकर सवाल उठाए गए और उन्हें लाइन हाजिर कर दिया गया है।
इसके अलावा, जुआ खिलाने को लेकर भी विवाद की बात सामने आई है, जो हत्याकांड के कारणों में एक अहम पहलू माना जा रहा है।
परिजनों का विरोध, हाईवे पर जाम
मंगलवार को जब एम्बुलेंस टीमरी गांव पहुंची और शवों को उतारने की कोशिश की गई, तो मृतकों के परिजनों ने शवों को उतारने से मना कर दिया। इसके बाद उन्होंने जबलपुर-दमोह हाईवे पर जाम लगा दिया, जिससे लगभग डेढ़ घंटे तक हाईवे बंद रहा। परिजनों का कहना था कि उन्हें अपने मामा की मौत का बदला चाहिए। वे धमकी दे रहे थे कि जब तक आरोपियों का एनकाउंटर नहीं होगा, तब तक वे शांत नहीं होंगे।
सांसद और पुलिस की अपील
सांसद आशीष दुबे और पुलिस अधिकारियों ने परिजनों को समझाया और उन्हें अंतिम संस्कार के लिए शवों को ले जाने की अपील की। आखिरकार, पुलिस अधिकारियों के समझाने पर परिजन मान गए और शवों को अंतिम संस्कार के लिए ले जाया गया।
मृतकों के भांजे का गुस्सा
मृतकों के भांजे ने गुस्से में कहा, "हमने अपने मामा को खो दिया है। अब हम उनके खून का बदला लेंगे। हम जेल जाएं या मर जाएं, लेकिन हम उन्हें जिंदा नहीं छोड़ेंगे, जिन्होंने हमारे मामा को मारा है।" यह घटना पूरे क्षेत्र में तनाव का माहौल बना रही है, और पुलिस इस मामले की गहरी जांच कर रही है।
पाटन हत्याकांड में 10 आरोपियों की गिरफ्तारी
पुलिस अधीक्षक संपत उपाध्याय के अनुसार, हत्या के आरोपियों की तलाश के लिए कुल 10 टीमें गठित की गई थीं। इस मामले में पप्पू उर्फ नारायण साहू, चंद्रभान साहू, दिनेश साहू, मनोज साहू, सर्वेश साहू, विवेक साहू, अमित साहू, प्रदीप साहू, और संदीप नामदेव के खिलाफ नामजद एफआईआर दर्ज की गई थी।
सोमवार रात पप्पू और चंदू को पनागर से गिरफ्तार किया गया था, जबकि अन्य आरोपियों को मंगलवार को पचमढ़ी से गिरफ्तार कर जबलपुर लाया गया। आरोपियों ने पूछताछ में बताया कि चंदन पाठक और मनोज साहू के बीच कुछ दिनों पहले विवाद हुआ था, जो बाद में रंजिश का रूप ले गया।
हत्या का कारण: पुलिस के अनुसार, यह विवाद पंचायत चुनाव और उसके बाद के जुआ खेलने को लेकर था। दोनों परिवारों के बीच लंबे समय से चले आ रहे विवाद ने अंततः हिंसा का रूप ले लिया, जिसमें चारों लोग मारे गए।
अब पुलिस इस मामले में और अधिक जानकारी जुटाने की कोशिश कर रही है, जबकि आरोपी पुलिस हिरासत में हैं और उनसे पूछताछ जारी है।












Click it and Unblock the Notifications