साक्षी महाराज भी हैं यूपी के मुख्यमंत्री पद के उम्मीदवार की रेस में
लखनऊ। उत्तर प्रदेश में एक तरफ जहां भारतीय जनता पार्टी के भीतर मुख्यमंत्री पद के दावेदार की तलाश चल रही है तो दूसरी तरफ साक्षी महाराज ने खुद को भी इस रेस में शामिल कर लिया है। साक्षी महाराज ने एक कार्यक्रम के दौरान कहा कि बीजेपी के प्रत्याशी का फैसला संसदीय कमेटी करेगी, इसमें कई नामों पर चर्चा चल रही है जिसमें मेरा भी नाम है, लेकिन इसपर आखिरी फैसला कमेटी की बैठक में होगा।
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साक्षी महाराजा ने कहा कि जवाहर बाग कांग का मास्टर माइंड रामबृक्ष यादव नहीं बल्कि शिवपाल सिंह यादव हैं। उन्होंने कहा कि जवाहर बाग में एक सेना था, जेल थी, जज कॉलोनी थी, पुलिस फोर्स थी। और यह सब 280 एकड़ की जमीन पर चल रहा था, यह बिना शिवपाल यादव की मर्जी के नहीं हो सकता था।
अखिलेश यादव पर निशाना साधते हुए साक्षी महाराज ने कहा कि कि कोर्ट के आदेश के बाद अखिलेश यादव का इस मामले में मुंह काला हुआ है, ऐसे में उन्हें इस घटना के बाद इस्तीफा देना चाहिए। कैराना मुद्दे पर भी साक्षी महाराज ने कहा कि बीजेपी कभी दंगे की राजनीति नहीं करती है, यह देश की सबसे बड़ी लोकतांत्रिक पार्टी है। उन्होंने कहा कि यह ना सैफई लिमिटेड, ना मायावती लिमिटेड और ना ही सोनिया पप्पू लिमिटेड कंपनी है।
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दंगों पर बोलते हुए साक्षी महाराज ने कहा कि दंगे वो कराते हैं जिनकी राजनैतिक जमीन दरक चुकी होती है। यूपी में आजम, अखिलेश, मायावती दंगे कराते हैं। उन्होंने कहा कि अगर कैराना में कानून व्यवस्था बेहतर होती तो इस घटना को टाला जा सकता था।
अखिलेश सरकार में कुल 600 दंगे हो चुके हैं, हिंदू पलायन करने को मजबूर हैं, इसके अलावा और किस प्रमाण की आवश्यकता है। प्रदेश की कानून व्यवस्था राम भरोसे चल रही है। राम मंदिर के मुद्दे पर साक्षी महाराज ने कहा कि जबसे हमने इसके लिए आंदोलन शुरु किया तबसे राम मंदिर का काम चल रहा और इस साल मंदिर निर्माण का काम शुरु हो जाएगा।












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