जम्मू में भाजपा को वोट देंगे पाकिस्तानी शरणार्थी

पाकिस्तान के शरणार्थी जम्मू, सांबा और कठुआ जिलों में रहते हैं। वे यहां 1947 के विभाजन और 1965 तथा 1971 के युद्धों के दौरान आए थे। इनमें करीब 40,000 मतदाता हैं, जिनकी भूमिका को चुनाव में बेहद निर्णायक माना जा रहा है। उन्हें संसदीय चुनाव में तो मतदान का अधिकार है, लेकिन राज्य विधानसभा के चुनाव में उन्हें मतदान का अधिकार नहीं है। वे सरकारी नौकरियों के लिए आवेदन नहीं कर सकते, न ही यहां संपत्ति खरीद सकते हैं और न नागरिकता के लिए दावा कर सकते हैं, जिसके लिए वे यहां आने के बाद से ही संघर्षरत हैं।
भाजपा के प्रधानमंत्री पद के उम्मीदवार नरेंद्र मोदी ने 26 मार्च को कठुआ जिले के हीरा नगर में एक रैली को संबोधित करते हुए भाजपा के सत्ता में आने पर उन्हें नागरिकता के अधिकार देने का वादा किया था।












Click it and Unblock the Notifications