Jammu Kashmir Chunav: इंजीनियर राशिद ने खोली PDP, NC, हुर्रियत की पोल! उमर अब्दुल्ला को लेकर की ये भविष्यवाणी
Jammu Kashmir Chunav 2024: बारामूला के निर्दलीय सांसद इंजीनियर राशिद पहले दौर के चुनाव के रुझानों को देखने के बाद लगता है कि पूरे फॉर्म में आ गए हैं। दिल्ली की एक अदालत ने उन्हें चुनाव अभियान में शामिल होने के लिए 22 दिनों की जमात दी है। पहले चरण में उन्हें जो वोटिंग की रफ्तार दिखी है, उससे लगता है कि उनका जोश हाई है और वह सभी विरोधियों के खिलाफ जमकर भड़ास निकाल रहे हैं, जिनमें उमर अब्दुल्ला, सज्जाद लोन और पीएम मोदी आगे है।
शेख अब्दुल राशिद उर्फ इंजीनियर राशिद यानी अवामी इत्तेहाद पार्टी (AIP) के मुखिया उम्मीद लगाकर चल रहे हैं कि मौजूदा चुनाव में उनकी पार्टी 20-25 सीटें जीत जाय तो वह अपने कई सियासी मंसूबे पूरे कर सकते हैं। इंजीनियर राशिद टेरर फंडिग केस में दिल्ली के तिहाड़ जेल में बंद थे और 2 अक्टूबर को उन्हें फिर से सलाखों के पीछे वापस होना है।

मैं मोदीजी को अपने इशारे पर नचाऊंगा- इंजीनियर राशिद
ईटी को दिए एक इंटरव्यू में बारामूला के सांसद ने यहां तक दावा किया है कि,'मैं तीन सालों में कश्मीर मु्ददे का हल कर सकता हूं, लेकिन इसके लिए कश्मीरियों को 20 से 25 सीटें देना होगा। मुझे ताकत दो....मैं मोदीजी को अपने इशारे पर नचाऊंगा।'
राशिद का आरोप है कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को पता है कि संसद के अंदर उन्हें बख्शा नहीं जाएगा, इसलिए सरकार फिर से उन्हें जेल में डालना चाहती है। उनके मुताबिक, 'मोदी के नया कश्मीर के विचार के लिए इंजीनियर राशिद का जेल में होना ज्यादा खतरनाक है, बाहर रहने से।'
उमर अब्दुल्ला, महबूबा मुफ्ती और सज्जाद लोन पर निशाना
इंजीनियर राशिद ने उमर अब्दुल्ला, महबूबा मुफ्ती के साथ-साथ सज्जाद लोन के खिलाफ भी जमकर भड़ास निकाली है। उनके अगर ये नेता 6 महीने के लिए तिहाड़ चले जाते तो मोदी को आर्टिकल 370 हटाने की हिम्मत नहीं होती। उन्होंने कहा, 'वे नई दिल्ली के एजेंट हैं और विडंबना देखिए कि वे मुझे विघटनकारी और वोट कटवा कहते हैं। लोकसभा चुनावों में जेल में रहकर भी मुझे करीब 5 लाख वोट मिले।'
आर्टिकल 370 पर हुर्रियत और गुपगार गठबंधन को भी लपेटा
राशिद का दावा है कि वह जितने दिन भी जेल में रहे किसी भी क्षेत्रीय दल और उसके नेता ने उनकी और उनके परिवार वालों की सुध नहीं ली। उन्होंने दावा किया है कि जब आर्टिकल 370 हटाए जाने से पहले जम्मू और कश्मीर में कुछ होने की अफवाहें थीं, उन्होंने सबको एक प्लेटफॉर्म पर लाने की कोशिश की थी।
उनके मुताबिक, 'यहां तक कि मैंने हुर्रियत से भी संपर्क किया था, लेकिन किसी ने कोई जवाब नहीं दिया। बाद में मैंने उन्हें (जेल से) संदेश भेजा कि अगर आपके (गुपकार गठबंधन) पास फाइनल रोडमैप है तो मुझे बताइए, जिसमें मैं सहयोग कर सकूं....लेकिन कुछ नहीं हुआ।'
गांदरबल और बडगाम दोनों सीटों से हारेंगे उमर अब्दुल्ला- इंजीनियर राशिद
बारामूला लोकसभा सीट पर राशिद नेशनल कांफ्रेंस नेता उमर अब्दुल्ला को 2 लाख से ज्यादा वोटों को हराकर संसद पहुंचे हैं। चुनाव अभियान के लिए उनकी रिहाई के बाद से नेशनल कांफ्रेंस और पीडीपी भी उनपर तिलमिलाई हुई है।
अब इंजीनियर ने भविष्यवाणी की है कि अब्दुल्ला गांदरबल और बडगाम दोनों सीटों से चुनाव हारने जा रहे हैं। उन्होंने सज्जाद लोने के लिए भी हंदवाड़ा और कुपवाड़ा सीटों के लिए ऐसा ही दावा किया है।
उनके मुताबिक, 'मेरी मौजूदगी से वे डर गए हैं और इस वजह से वे दो सीटों से लड़ रहे हैं, लेकिन लोग अब उनके धोखे को समझने लगे हैं और उन्हें मालूम है कि एआईपी ही आगे बढ़ने का एकमात्र रास्ता है।'
चुनाव के बाद समर्थन देने को लेकर अभी से ब्रेन गेम खेल रहे हैं इंजीनियर राशिद!
इसके साथ ही राशिद ने चुनाव के बाद की राजनीतिक संभावनाओं को लेकर भी एक बड़ा संकेत देने की कोशिश की है। उन्होंने कहा है कि एक राजनेता के तौर पर वह किसी के लिए दरवाजा नहीं बंद कर सकते।
उन्होंने कहा, 'निश्चित रूप से मैं राजनेता हूं और मैं लोगों से बात करता रहता हूं। मैं किसी के लिए भी अपना दरवाजा बंद नहीं करूंगा। लेकिन, अगर मैं किसी से बात करता हूं तो यह मेरे नए कश्मीर के विचार को लेकर होता है, मोदी के नया कश्मीर को लेकर नहीं।'












Click it and Unblock the Notifications