पृथ्वी के नीचे महाद्वीपों के आकार की दिखीं रहस्यमयी चीज, माउंट एवरेस्ट से 100 गुना बड़ी....
एक अध्ययन में अनुमान लगाया गया है कि पृथ्वी के केंद्र में महाद्वीपों के आकार के कई विशालकाय ब्लॉब मौजूद हैं। ये ब्लॉब माउंट एवरेस्ट से 100 गुना लंबे हो सकते हैं।
न्यूयॉर्क,

हैरान करने वाली घटना है यह
वैज्ञानिकों ने इस घटना को रोचक और जटिल करार दिया है। उनका कहना है कि, वे इसके बारे में और ज्यादा जानकारी जुटाने की कोशिश कर रहे हैं। ब्लॉब की तस्वीरें नेचर कम्युनिकेशंस में प्रकाशित एक शोध का हिस्सा है। यह अध्ययन एक गोल अंडरग्राउंट पॉकेट पर फोकस करता है, जिसे अल्ट्रा-लो-वेलोसिटी जोन कहते हैं। यह 'हवाई'(Hawaii) के नीचे स्थित है। वैज्ञानिकों के मुताबिक, ये तस्वीरें भूकंप विज्ञान के क्षेत्र में मिल का पत्थर साबित हो सकती है।

क्या कहती है रिपोर्ट
इस विषय पर मिरर यूके की रिपोर्ट के मुताबिक, कैंब्रिज यूनिवर्सिटी के भूभौतिकीविद जी ली ने कहा कि, ये धरती के सभी गहरी आंतरिक विशेषताओं में सबसे रोचक और जटिल विषय है। उन्होंने बताया कि, उन्हें पृथ्वी की आंतरिक संरचना को दिखाने के लिए पहला महत्वपूर्ण सबूत प्राप्त हुआ है। बता दें कि, इन तस्वीरों को और अच्छा बनाने के लिए वैज्ञानिक काफी लंबे समय से कोशिशों में जुटे हुए थे। इस दौरान उन्होंने कई उपकरणों का इस्तेमाल किया लेकिन फोटो अच्छी नहीं मिली। वह इसलिए क्योंकि पृथ्वी की सतह से दूरी ने इस काम को और भी अधिक जटिल और चुनौतीपूर्ण बना दिया था।

कितना बड़ा हो सकता है ब्लॉब
लेकिन इस बार तस्वीरें कंप्यूटर मॉडलिंग द्वारा तैयार की गई हैं। इसके लिए पृथ्वी की परतों के माध्यम से भेजे गए संकेतों से डेटा लिया गया है। इन सिग्नल प्रतिक्रियाओं के माध्यम से, वैज्ञानिक यह समझने में सक्षम हैं कि यह ब्लॉब का आकार लगभग एक किलोमीटर लंबी है। इस महीने की शुरुआत में, एक अन्य अध्ययन ने अनुमान लगाया कि पृथ्वी के केंद्र में महाद्वीपों के आकार के कई विशालकाय ब्लॉब मौजूद हैं।

आश्चर्य! माउंट एवेस्ट से 100 गुना लंबी चट्टानें
वैज्ञानिक बताते हैं कि, ये ब्लॉब दुनिया की सबसे बड़ी हिमालय की चोटी माउंट एवरेस्ट से 100 गुना अधिक लंबे और विशाल हैं। शोधकर्ताओं की एक टीम का मानना है कि, ये सभी थिया (Theia) के अवशेष हैं। जानकारी के मुताबिक, थिया एक प्रोटोप्लैनेट था जो 4.5 अरब साल पहले धरती से टकराया था। जिसकी वजह से चंद्रमा का निर्माण हुआ।

कहां स्थित हैं ये ब्लॉब
रिपोर्ट यह भी बताती है ये ब्लॉब पश्चिम अफ्रीका और प्रशांत महासागर के नीचे स्थित हैं। वैज्ञानिकों ने आश्चर्य जताया कि, ये ब्लॉब भूकंप विज्ञानियों को कई दशकों से भ्रमित करते आ रहे हैं। वहीं, यूनिवर्सिटी ऑफ कैलिफोर्निया से अध्ययन में हिस्सा लेने वाले एक वैज्ञानिक सुजॉय मुखोपाध्याय का कहना है कि, अगर ये वस्तुएं वाकाई में पुरानी हैं , तो ये हमें यह बताने में मददगार साबित हो रही हैं, कि हमारे ग्रह का निर्माण कैसे हुआ होगा। आने वाले समय में धरती से जुड़ी कई और रहस्यों से पर्दा उठ सकते हैं, जो विज्ञान जगत के लिए मील का पत्थर साबित हो सकता है।












Click it and Unblock the Notifications