Get Updates
Get notified of breaking news, exclusive insights, and must-see stories!

अमेरिका गन कल्चर से बाहर क्यों नहीं निकल पा रहा है? 2023 में अब तक मास शूटिंग की 163 घटनाएं

अमेरिका में बंदूक खरीदना बेहद आसान काम है। आप दुकान पर जाइए और कुछ नियमों का पालन कर और कुछ सवालों का जवाब देकर मनपसंद बंदूक खरीद लीजिए। अगर आपके पास पैसे हों तो महज एक घंटे के भीतर आप के हाथ में बंदूक होगी।

US Mass Shooting

अमेरिका में साल 2023 में भी मास शूटिंग का सिलसिला लगातार जारी है। शनिवार रात अमेरिकी राज्य अलबामा में बर्थडे पार्टी के दौरान शूटिंग में 4 नाबालिगों की मौत हो गई है जबकि 28 लोग इसमे घायल हुए हैं। यह घटना एक टीनएजर की बर्थडे पार्टी के दौरान हुई।

पुलिस की जांच अभी जारी है। इस बीच चश्मदीद ने दावा किया कि पुलिस ने 6 नाबालिगों के शव बरामद किए हैं। एक पुलिस अफसर भी घायल हुआ है। बता दें कि अमेरिका में इस साल जनवरी से अब तक फायरिंग की कुल 163 ऐसी मास शूटिंग की घटनाएं हो चुकी हैं।

गन वायलेंस आर्काइव एक गैर लाभकारी संस्था है जो अमेरिका में मास शूटिंग की घटनाओं पर नजर रखती है। इसकी रिपोर्ट के मुताबिक यह 2016 के बाद से सबसे बड़ा आंकड़ा है। अमेरिका में मास शूटिंग की घटनाएं अब आम हो चुकी हैं। ऐसा कोई दिन नहीं बीतता जब देश के किसी शहर से गोलीबारी की खबरें नहीं आतीं।

Mass shooting

गन वायलेंस आर्काइव के मुताबिक मास शूटिंग उस घटना को कहा जाता हैं जिसमें शूटर सहित चार या अधिक लोग घायल या मारे जाते हैं। गन वायलेंस आर्काइव की रिपोर्ट के मुताबिक 2023 में अब तक बंदूक हिंसा से संबंधित 11,521 मौतें दर्ज की गई हैं।

अगर 2022 की बात की जाए तो 12 महीनों में मास शूटिंग की कुल 647 घटनाएं हुई थीं। वहीं बंदूक हिंसा में कुल 44,287 लोग मारे गए थे। इसमें 6,000 से अधिक बच्चे मारे गए या घायल हुए। यह आंकड़े एक दशक में सबसे अधिक हैं।

स्विस रिसर्च परियोजना स्मॉल आर्म्स सर्वे के अनुसार, अमेरिका दुनिया का एकमात्र ऐसा देश है जहां नागरिकों की तुलना में बंदूकें अधिक हैं। 2021 की एक रिपोर्ट के मुताबिक यहां प्रत्येक 100 अमेरिकियों के लिए 120 बंदूकें हैं। 2011 में ये आकड़ा 88 था।

Mass shooting

एक रिपोर्ट के अनुसार, 2022 तक अमेरिका में 45 फीसदी लोगों के पास बंदूक है। पचास साल पहले यह आंकड़ा 37 फीसदी था। 1972 में अमेरिका में 9 करोड़ बंदूकें थीं। अभी आंकड़ा लगभग 40 करोड़ बताया जाता है। अमेरिका की जनसख्या 33 करोड़ है। 1968 से 2017 तक के 50 सालों में अमेरिका में गोलीबारी की घटनाओं में कम से कम 15 लाख लोगों की जानें जा चुकी हैं।

अमेरिका में हर मास शूटिंग की घटनाओं के बाद बड़े पैमाने पर बंदूक नियंत्रण का मुद्दा राजनीति और मीडिया में उछलता है लेकिन इसका अब तक कोई भी फायदा देखने को नहीं मिला है। जो अमेरिका सबसे अधिक मानवाधिकार-मानवाधिकर पर शोर मचाता है, उसी के देश में कब, किस इंसान की गोली मारकर हत्या कर दी जाए, कोई नहीं जानता।

Mass shooting

फोर्ड्स लॉ सेंटर की एक रिपोर्ट के मुताबिक उच्च आय वाले देशों से यदि अमेरिका की तुलना की जाए तो यहां नागरिकों की बंदूक से हत्या में मरने की संभावना 25 गुना अधिक है। आपको बता दें कि बीते साल अमेरिका में बंदूक रखने के कानूनी अधिकार के खिलाफ 450 शहरों में हजारों लोगों ने विरोध प्रदर्शन किया था।

भारी आलोचनाओं के बाद बीत महीने जो बाइडेन ने उस कार्यकारी आदेश पर हस्ताक्षर किया है, जिसका उद्देश्य बंदूक के दुरुपयोग पर लगाम लगाना है। इस आदेश के प्रभावी होने से अब बंदूक खरीदने वाले व्यक्ति की पिछली पृष्ठभूमि की और अधिक बारीकी से जांच की जा सकेगी। साथ ही आग्नेयास्त्रों के बेहतर और अधिक सुरक्षित भंडारण को बढ़ावा दिया जाएगा।

रटगर्स गन वायलेंस रिसर्च सेंटर में निदेशक डॉ. डैनियल सेमेंज़ा के अनुसार बंदूक हिंसा और मास शूटिंग को रोकना व्यक्तिगत स्तर पर नहीं, बल्कि सिस्टमेटिक लेवल पर होना चाहिए। यदि आप इस तरह की हिंसा को नहीं देखना चाहते हैं, तो आपको ऐसे लोगों को सत्ता में लाना होगा जो मास शूटिंग के लिए जिम्मेदार हथियारों तक लोगों की पहुंच को कम करने का निर्णय ले सकें।

Mass shooting

अमेरिका भले ही दुनिया में सबसे प्रगतिशील देश होने का दंभ भरता है लेकिन खुद अपने यहां गन कल्चर को खत्म नहीं कर पाया है। इसके लिए यहां का कल्चर, बंदकू कंपनियों की तगड़ी लॉबी और राजनीति जिम्मेदार बताए जाते हैं। कई अमेरिकी राष्ट्रपति से लेकर वहां के राज्यों के गवर्नर तक इस कल्चर को बनाए रखने की वकालत करते रहे हैं।

इसके अलावा एक और बड़ी वजह यहां का कल्चर है। यहां के लोग बंदूकों को रखना एक टशन या आजादी के रुप में देखते हैं। वह इसे अपनी मर्दानगी से जोड़कर देखते हैं। जिसके पास जितनी अत्याधुनिक महंगी बंदूक होती है उसे समाज में उतना ही दबंग और ताकतवर माना जाता है।

इसके अलावा यहां बंदूक बनाने वाली कंपनियों का राजनीति में गहरा दखल है। 2019 की एक रिपोर्ट के मुताबिक, अमेरिका में 63 हजार लाइसेंस्ड गन डीलर थे, जिन्होंने उस साल अमेरिकी नागरिकों को 83 हजार करोड़ रुपए की बंदूकें बेची थीं। जाहिर है राजनीति में पैसे का प्रवाह बनाए रखने में ये बंदूक बनाने वाली कंपनियां मददगार साबित होती हैं।

joe biden

माना जाता है कि अमेरिका की आम जनता इस पर कंट्रोल करने के पक्ष में है, लेकिन सरकार राजनीतिक दबाव और फंडिग की वजह से कड़ा फैसला लेने से बच रही है। रिपोर्ट के मुताबिक साल 1791 में संविधान के दूसरे संशोधन के तहत अमेरिका नागरिकों को हथियार रखने और खरीदने का अधिकार दिया गया।

उस वक्त अमेरिका में पर्याप्त सुरक्षा सुविधाएं नहीं नहीं थी। ऐसे में सरकार ने लोगों को अपनी और परिवार की सुरक्षा के लिए हथियार रखने का अधिकार दिया था। लेकिन ये 232 साल बाद भी ये कानून बदस्तूर जारी हैं। यही वजह है कि दुनिया के किसी भी देश के मुकाबले 'सभ्य' अमेरिका के लोगों के पास सबसे अधिक हथियार हैं।

More From
Prev
Next
Notifications
Settings
Clear Notifications
Notifications
Use the toggle to switch on notifications
  • Block for 8 hours
  • Block for 12 hours
  • Block for 24 hours
  • Don't block
Gender
Select your Gender
  • Male
  • Female
  • Others
Age
Select your Age Range
  • Under 18
  • 18 to 25
  • 26 to 35
  • 36 to 45
  • 45 to 55
  • 55+