• search
For Quick Alerts
ALLOW NOTIFICATIONS  
For Daily Alerts

    सीरिया में घमासान जारी, संघर्ष विराम पर नहीं बनी सहमति

    By Bbc Hindi
    सीरिया
    AFP
    सीरिया

    सीरिया में पिछले कई दिनों से जारी संघर्ष को रोकने के मक़सद से गुरुवार को संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद की बैठक बेनतीजा रही.

    इस बैठक में सीरिया में चल रहे संघर्ष को रोकने के लिए 30 दिनों के संघर्षविराम संबंधी प्रस्ताव पर चर्चा की गई लेकिन रूस के अड़ंगे के बाद यह प्रस्ताव पारित नहीं हो सका.

    रूस ने कहा कि संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद सीरिया में मानवतावादी सघर्षविराम के लिए राज़ी नहीं हुआ.

    संघर्षविराम के संबंध में स्वीडन और कुवैत की तरफ से एक प्रस्ताव पेश किया गया था, लेकिन रूस इस प्रस्ताव में संशोधन चाहता था.

    उसका कहना था कि मौजूदा प्रस्ताव से रूस के समर्थन वाली सीरियाई सरकार पर ही दबाव बढ़ेगा.

    सीरियाई बच्चा
    AFP
    सीरियाई बच्चा

    संयुक्त राष्ट्र में रूस के प्रतिनिधि वेस्ली नेबेनज़्या ने कहा कि रूस इस बात की गांरटी चाहता था कि पेश किया गया प्रस्ताव वास्तविक तौर पर कारगर साबित होगा.

    वेस्ली ने कहा, ''संघर्षविराम की असली चुनौती उस पर अमल करना होता है, हमें सिर्फ फैसले लेने के लिए संघर्षविराम का निर्णय नहीं लेना चाहिए, बल्कि यह देखना चाहिए कि यह संघर्षविराम जमीनी तौर पर कितना कारगर साबित होगा. हम हमेशा से यही चाहते हैं कि संयुक्त राष्ट्र के फैसले यथार्थवादी हों ना की लोकलुभावन.''

    रूसी रवैये का विरोध

    पश्चिमी देशों के प्रतिनिधियों ने रूस के इस रवैये को सीरियाई सरकार का समर्थन करने वाला कदम बताया है जिससे सीरिया में सघर्षविराम की कोशिशों में देरी की जा सके.

    सुरक्षा परिषद में रूसी प्रतिनिधि
    Reuters
    सुरक्षा परिषद में रूसी प्रतिनिधि

    सीरियाई सरकार की ओर से विद्रोहियों के कब्ज़े वाले इलाक़े पूर्वी ग़ूता में पिछले पांच दिनों से लगातार बमबारी की जा रही है.

    इस बमबारी की वजह से अभी तक 400 से अधिक लोग अपनी जान गवां चुके हैं. संयुक्त राष्ट्र के अनुसार लगभग 3 लाख 93 हज़ार लोग यहां फंसे हुए हैं.

    पूर्वी ग़ूता में प्रभावित लोगों के लिए काम कर रही सहायता एजेंसियों ने इलाके के हालात को भयावह बताया है. सहायता एजेंसी आईसीआरसी की प्रवक्ता और तीन महीने पहले गूता में सहायता कार्य करने वाली इन्जी ने बीबीसी को बताया कि पूरा इलाका तबाही की कगार पर खड़ा है.

    उन्होंने कहा, ''पिछली बार जब मैं नवबंर महीने में वहां थी, तब वहां के हालात बेहत खराब थे, अब हालात और ज़्यादा बदतर हो गए हैं, आम नागरिक बेवजह मारे जा रहे हैं, हमें उन्हें बचाने की हरसंभव कोशिश करनी चाहिए.''

    वहीं पूर्वी गूता से आ रही रिपोर्टों का सीरियाई सेना ने खंडन नहीं किया है. सेना का कहना है कि उसके ख़िलाफ़ जहां से हमले किए गए हैं, वहां उसने 'सटीक हमले' किए हैं.

    अलेप्पो से सांसद फ़ारिस शहाबी का कहना है कि सीरियाई सरकार चरमपंथियों पर हमला कर रही है, न कि नागरिकों पर.

    जीवनसंगी की तलाश है? भारत मैट्रिमोनी पर रजिस्टर करें - निःशुल्क रजिस्ट्रेशन!

    BBC Hindi
    देश-दुनिया की ताज़ा ख़बरों से अपडेट रहने के लिए Oneindia Hindi के फेसबुक पेज को लाइक करें
    English summary
    Syria continues to be intimidated no agreement on ceasefire

    Oneindia की ब्रेकिंग न्यूज़ पाने के लिए
    पाएं न्यूज़ अपडेट्स पूरे दिन.

    Notification Settings X
    Time Settings
    Done
    Clear Notification X
    Do you want to clear all the notifications from your inbox?
    Settings X
    X