ईरान-इज़रायल सीजफायर पर रूस ने दी पहली प्रतिक्रिया, जानिए क्रेमलिन की ओर से क्या कहा गया?
Israel Iran War: रूस ने मंगलवार को ईरान और इज़रायल के बीच घोषित युद्धविराम का खुले दिल से स्वागत किया और इसे शांति की दिशा में एक सकारात्मक कदम बताया। क्रेमलिन के प्रवक्ता दिमित्री पेस्कोव ने मीडिया से बातचीत में कहा कि अगर यह युद्धविराम वास्तव में लागू हो पाया है, तो यह एक स्वागत योग्य पहल है और यही वो रास्ता है जिसकी रूस शुरुआत से वकालत करता आया है। उन्होंने जोर देकर कहा कि रूस हमेशा से सैन्य टकराव के बजाय राजनीतिक और कूटनीतिक समाधान का पक्षधर रहा है, और इस संघर्ष में भी वह शांति का समर्थक बना रहेगा।
पेस्कोव ने आगे कहा, 'हम आशा करते हैं कि यह युद्धविराम टिकाऊ रहेगा। उन्होंने यह भी बताया कि उन्होंने इज़रायली प्रधानमंत्री कार्यालय से आए बयानों, ईरानी विदेश मंत्री अब्बास अरागची के बयानों और राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के कई बयानों को देखा और सुना है। हालांकि, उन्होंने यह भी कहा, तेहरान से इसके अलावा हमें कोई आधिकारिक बयान नहीं मिला है।'

डायलॉग ही है असली डिफेंस!
जब पेस्कोव से पूछा गया कि रूस इस युद्धविराम की स्थिरता को लेकर क्या सोचता है, तो उन्होंने कहा, कतर की मध्यस्थता से कुछ संपर्क हुए थे, और साथ ही अमेरिकी राष्ट्रपति और मध्य पूर्व के कुछ नेताओं के बीच भी बातचीत हुई थी।हमें अभी सभी विवरणों की पूरी जानकारी नहीं है, इसलिए हम कोई पक्की बात नहीं कह सकते। लेकिन शुरुआत से ही हम यह कहते आए हैं कि सैन्य समाधान को त्यागा जाना चाहिए, किसी भी राज्य इस मामले में ईरान पर बिना उकसावे के हमला नहीं किया जाना चाहिए, और सभी समस्याओं का समाधान राजनीतिक और कूटनीतिक तरीकों से किया जाना चाहिए।
ये भी पढ़ें Iran Israel War: कुछ ही घंटों में ट्रंप का सीजफायर हुआ फेल, इजरायल का दावा- ईरान ने किया मिसाइल से अटैक
रूसी विदेश मंत्री ने क्या कहा?
रूस के विदेश मंत्री सर्गेई लावरोव ने भी इसी तरह की बात कही। उन्होंने मास्को में आयोजित वार्षिक प्रिमाकोव रीडिंग्स सम्मेलन में 40 से अधिक देशों के प्रतिनिधियों को संबोधित करते हुए कहा, रूस किसी भी ऐसे समझौते का स्वागत करता है जो शांति की ओर बढ़े। हालांकि उन्होंने यह भी माना कि युद्धविराम की घोषणा के बाद से दोनों पक्षों द्वारा उल्लंघन की खबरें आई हैं। लावरोव ने कहा, हम अधूरी जानकारी के आधार पर जल्दबाजी में कोई निष्कर्ष नहीं निकालेंगे। लेकिन हम शांति के पक्ष में हैं।
ये भी पढ़ें कहां गिरी मिसाइलें, कहां ढहे बंकर! 12 दिन की Israel, Iran जंग में कौन जीता, जानिए तबाही का पूरा लेखा-जोखा












Click it and Unblock the Notifications