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कन्‍हैया, उमर और जेएनयू के बाकी छात्रों के लिए अमेरिका में मार्च

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वाशिंगटन। नौ फरवरी को भारत की राजधानी दिल्‍ली स्थित जेएनयू यूनिवर्सिटी में जो विवाद खड़ा हुआ अब उसके समर्थन में अमेरिका से आवाज आने लगी है। अमेरिका की दो यूनिवर्सिटीज ने जेएनयू के छात्रों कन्‍हैया कुमार, उमर खालिद

और दूसरे छात्रों के समर्थन में रैली निकाली गई है।

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अमेरिका के न्‍यूजपेपर वाशिंगटन स्‍क्‍वायर की एक रिपोर्ट के मुताबिक न्यूयॉर्क यूनिवर्सिटी (एनवाईयू) और कूपर यूनियन कॉलेज के स्‍टूडेंट्स, जेएनयू स्‍टूडेंट यूनियन के अध्यक्ष कन्हैया कुमार और बाकी छात्रों के लिए अपना समर्थन दिखाने के लिए वॉशिंगटन स्क्वायर पार्क में इकट्ठा हुए थे।

रैली में भारतीय-अमेरिका स्‍टूडेंट्स बड़ी संख्‍या में थे। रैली के दौरान एक भारतीय-अमेरिकी स्‍टूडेंट अंजनी श्रीधर ने बताया कि इस आयोजन का मकसद कन्हैया की गिरफ्तारी के बारे में जागरूकता लाना है।

अंजना के मुताबिक कन्हैया को सरकार के खिलाफ बयानबाजी करने की वजह से गिरफ्तार किया गया। हालांकि, उन्होंने वास्तव में सरकार के खिलाफ कुछ नहीं बोला और वह सिर्फ कविता पढ़ रहे थे।

न्यूयॉर्क यूनिवर्सिटी की एक और स्‍टूडेंट एक्टिविस्‍ट सुमति कुमार ने कहा कि वह जेएनयू के स्‍टूडेंट्स के लिए एकजुटता दिखाने के लिए रैली में शामिल हुई हैं।

आरोप है कि जेएनयू के आरोपी स्‍टूडेंट्स के साथ मारपीट की गई और उसके बाद उन्हें गिरफ्तार कर लिया गया।

ह्यूमन साइंस की प्रोफेसर तेजस्विनी घांटी ने कहा कि उन्हें खुशी है कि स्‍टूडेंट्स ने जेएनयू स्‍टूडेंट्स के समर्थन में आवाज उठाई। उन्होंने कहा कि यूनिवर्सिटियों को सभी विचारों का एक खुला मंच होना चाहिए।

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English summary
March in two US Universities by students to show solidarity with JNU students.
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