'हम खामेनेई को मार देते', ईरानी सुप्रीम लीडर था इजरायल का टारगेट? रक्षा मंत्री ने बताया क्यों उसे छोड़ना पड़ा
Israel-Iran (Ali Khamenei) : इजरायली रक्षा मंत्री इजराइल काट्ज ने गुरुवार (26 जून) को ईरान-इजरायल जंग को लेकर बड़ा खुलासा किया है। उन्होंने कहा कि इजरायल ने ईरान के सुप्रीम लीडर अयातुल्ला अली खामेनेई को मारने का प्लान तैयार कर लिया था, लेकिन प्लान अमल नहीं किया जा सका क्योंकि सेना को सही टाइम नहीं मिला। इजराइल काट्ज ने यह बात चैनल 13 को दिए इंटरव्यू में कही है।
इजरायल के रक्षा मंत्री इजराइल काट्ज ने कहा कि ईरान के सुप्रीम लीडर अयातुल्ला अली खामेनेई को हमने बीते 12 दिनों के संघर्ष के दौरान मारने का प्लान बना लिया था लेकिन युद्ध के दौरान ही वे किसी बंकर में जा कर छिप गए और उनका सही लोकेशन, हमें पता नहीं चल पाया था।

🔴 इजराइल काट्ज का दावा- 'खामेनेई हमारी नजर में होते, तो हम उन्हें मार गिराते'
रॉयटर्स के मुताबिक काट्ज ने कान पब्लिक टीवी से कहा,
"अगर खामेनेई हमारी नजर में होते, तो हम उन्हें मार गिराते।" उन्होंने आगे कहा, ''ईरानी सुप्रीम लीडर बहुत गहरे बंकर में जा कर छिप गए हैं और वे किसी भी तरह के इलेक्ट्रॉनिक कम्युनिकेशन नहीं कर रहे हैं। उन्होंने कमांडरों से भी संपर्क तोड़ दिया है। इसलिए खामेनेई की हत्या करने का प्लान पूरा नहीं हो सका।''
इंटरव्यू में इजराइल काट्ज ने दोहराया कि पूरे युद्ध के दौरान इजरायल ने खामेनेई की बहुत तलाश की लेकिन वह उन्हें नहीं मिला। इजराइल काट्ज ने आगे कहा इजरायल का मकसद सत्ता में बदलाव करने का नहीं था, बल्कि ईरान के नेतृत्व को कमजोर करना और संघर्ष के बीच दबाव बनाना था।
🔴 इजराइल काट्ज ने खामेनेई की तुलना हिजबुल्लाह नेता से की
इंटरव्यू में पूछे जाने पर कि क्या इजरायल ने खामेनेई को निशाना बनाने के लिए अमेरिका से इजाजत मांगी थी? तब इजराइल काट्ज ने जवाब देते हुए कहा, हमें इन चीजों के लिए अनुमति की जरूरत नहीं है। काट्ज ने खामेनेई की तुलना हिजबुल्लाह नेता हसन नसरल्लाह से भी की, जो पिछले साल मारे गए थे और ईरानी नेता को छिपकर रहने की सलाह दी।
🔴 युद्ध के बाद पहली बार दिखे खामेनेई
ईरान के सुप्रीम लीडर अयातुल्ला अली खामेनेई युद्ध के बाद पहली बार सार्वजनिक रूप 26 जून को दिखाई दिए। खामेनेई ने ईरानी सरकारी टीवी पर एक वीडियो मैसेज जारी किया है। इसमें उन्होंने कहा कि कतर स्थित अमेरिकी एयरबेस पर मिसाइल हमला करके ईरान ने "अमेरिका के मुंह पर तमाचा मारा" है। इससे पहले उन्हें 19 जून को देखा गया था।
साथ ही उन्होंने इजरायल को चेतावनी भी दी कि अगर उन्हें उकसाया गया, तो ईरान और भी कड़ी जवाबी कार्रवाई कर सकता है। इस मैसेज में 86 वर्षीय खामेनेई पूरे जोश में दिखे। उन्होंने 10 मिनट के इस जोशीले भाषण में इजरायल और अमेरिका दोनों दोनों पर निशाना साधा।
🔴 अमेरिकी हमलों से डर के, बंकर में छिपे खामेनेई?
22 जून को अमेरिका द्वारा अपने बी-2 बॉम्बर से ईरान के परमाणु स्थलों पर हमला किया, जिसके बाद ईरान ने सोमवार (23 जून) रात करीब 10 बजे के आसपास कतर में अमेरिका के अल-उदीद एयर बेस पर जवाबी हमला किया।
जिसके कारण कई खाड़ी देशों में हवाई क्षेत्र बंद हो गए। इसके बाद से ही ईरान को अपने सुप्रीम लीडर की सुरक्षा की चिंता सताने लगी जिसको देखते हुए ईरान खामनेई को बंकर में छिपा दिया गया था। इतना ही नहीं खामनेई ने सारे संपर्क भी तोड़ दिए। साथ ही उनकी सुरक्षा के लिए एक सीक्रेट और स्पेशल यूनिट का गठन भी किया गया था।












Click it and Unblock the Notifications