सैनिकों को इजरायल ने बुलाया वापस, समझौता न करने पर अड़ा

इस बीच फिलिस्तीनी स्वास्थ्य मंत्रालय ने जानकारी दी है कि इजरायली हमलों में अभी तक 1766 लोग मारे जा चुके हैं और 9500 से ज्यादा घायल हो चुके हैं।
सप्ताह के दौरान इजरायली सुरक्षा मंत्रिमंडल ने फैसला लिया कि हमास के साथ इजरायल कोई भी समझौता नहीं करेगा और काहिरा में होने वाली मीटिंग में भी अपना कोई प्रतिनिधि नहीं भेजेगा।
यह आदेश इजरायली सैनिकों और फिलिस्तीनी आतंकवादियों के बीच पट्टी में संघर्ष रोकने के लिए दिया गया है और उन्हें पट्टी के प्रवेश द्वार पर स्थित जमावड़े वाले इलाके में विश्राम में रखने का फैसला लिया गया है।
शनिवार को इजरायली प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू ने कहा कि अभियान पूरी ताकत के साथ जारी है और गाजा पट्टी में भूमिगत सुरंगों को तबाह करने का अभियान समाप्त होने के बाद इजरायल अपने समुदाय को सुरक्षित रख सकेगा।
मध्य रात्रि से इजरायली वायु सेना ने गाजा में 15 लक्ष्यों को निशाना बनाया। इजरायल की ओर से रॉकेट दागे जाने की संख्या भी कम हुई है।
आतंकवादियों के साथ संघर्ष में रविवार को एक जवान घायल हो गया।आईडीएफ का दक्षिणी गाजा पट्टी के रफह में रविवार को हमला जारी रहा।
फिलिस्तीनी के सूत्रों ने बताया है कि आईडीएफ के अभियान में दर्जनों लोग मारे गए हैं। रफह शहर में रविवार को संयुक्त राष्ट्र संचालित स्कूल शिविर पर इजरायली गोला गिरने से कम से कम 10 लोग मारे गए। फिलिस्तीनी शरणार्थियों के लिए संयुक्त राष्ट्र राहत एवं कार्य एजेंसी (यूएनआरडब्ल्यूए) के मुताबिक, स्कूल में करीब 3000 शरणार्थी थे।
इजरायली सेना के अभियान में करीब पांच लाख फिलिस्तीनी विस्थापित हुए हैं और उनमें से करीब 240,000 वर्तमान में संयुक्त राष्ट्र संचालित शिविरों में रह रहे हैं।












Click it and Unblock the Notifications