दुनिया की नाकामी है जीका वायरस का फैलना
जिनेवा। वर्ल्ड हेल्थ ऑर्गनाइजेशन की मुखिया डॉ. मारग्रेट चान ने कहा है कि जीका वायरस का फैलने की वजह मच्छर नियंत्रण नीति की व्यापक स्तर पर नाकामी है। जीका संक्रमण इस समय साठ से ज्यादा देशों तक फैल चुका है।
2.1 करोड़ डॉलर के साथ न्यूयॉर्क में पकड़े जाएंगे मच्छर
यूरोप तक पहुंच सकता है जीका
मच्छरों के जरिए फैलने वाला ये वायरस हालिया दिनों में अफ्रीका तक जा पहुंचा है। विशेषज्ञों का अनुमान है कि गर्मियों के दौरान वायरस यूरोप तक पहुंच सकता है। जीका वायरस को गर्भ में पल रहे बच्चों में गंभीर विकारों की वजह माना जाता है।
कमियों का उजागर किया जीका ने
इसे अंतरराष्ट्रीय स्तर पर लोगों के स्वास्थ्य के लिए इमरजेंसी घोषित किया गया है। डॉ. चान का कहना है कि जो संक्रमण इमरजेंसी बन जाते हैं वे प्रभावित देशों की खास कमजोरियों को उजागर करते हैं। उन्होंने कहा कि इससे बीमारियों की रोकथाम की तैयारी को लेकर हमारी सामूहिक नाकामी भी जाहिर होती है।
महिलाओं को दी सलाह
डॉ. चान के मुताबिक जीका का टीका अभी तक विकसित न हो पाने की वजह से इससे बचाव की सलाह ही दी जा सकती है। उन्होंने महिलाओं को सलाह दी कि वे खुद को मच्छरों के काटने से बचाना चाहिए। गर्भधारण करने से बचना चाहिए और जिन क्षेत्रों में संक्रमण फैल रहा है, वहां की यात्रा नहीं करनी चाहिए।













Click it and Unblock the Notifications