पायलट ने ही कर लिया MH 370 को हाइजैक!

इस फ्लाइट से जुड़ी कई तरह की थ्योरीज सामने आ रही हैं। इन सभी थ्योरीज के बीच ही एक अहम बात निकलकर आई है कि विमान बोइंग 377 के दोनों पायलटों के व्यवहार को लेकर जांच एजेंसियों का शक गहराता जा रहा है।
जरूर पढ़ें-रिप्रोगाम्ड किया गया था एमएच 370 का रूट!
इस विमान की खोज दुनिया की सबसे बड़ी खोज में तब्दील होती जा रही है और विशेषज्ञों की मानें तो पृथ्वी के दसवें हिस्से को इसकी तलाश के लिए खंगाला जा रहा है। सबसे पहले जिक्र फ्लाइट के को-पायलट 27 वर्षीय फरीद अब्दुल हमीद का। जांचकर्ताओं के मुताबिक अब्दुल के आखिरी शब्द थे, 'ऑल राइटगुड नाइट ' और ठीक इसके बाद ही यह फ्लाइट रडार से गायब हो गई। जांचकर्ता हमीद के इन शब्दों में छिपे राज को तलाशने की कोशिश कर रहे हैं।
कैप्टन जहारी अहमद शाह विपक्ष के नेता अनवर इब्राहीम के बड़े समर्थकों में से हैं
उनके मुताबिक हमीद के इस संदेश में शायद कोई इशारा छिपा हुआ है। इस मैसेज के ठीक एक मिनट बाद ही फ्लाइट के ट्रांसपोंडरों को स्विच ऑफ कर दिया गया था। जांचकर्ता यह भी मान रहे हैं कि हो सकता है कि हमीद इसके बाद किसी और के नियंत्रण में आ गया हो। जांचकर्ता मान रहे हैं कि हो सकता है यह आवाज इस फ्लाइट के पायलट में से एक कैप्टन जहारी अहमद शाह की हो।
कैप्टन जहारी अहमद शाह के बारे में मालूम चला है कि विपक्ष के नेता अनवर इब्राहीम के एक बड़े समर्थक हैं। 57 वर्षीय कैप्टन शाह ने 'डेमोक्रेसी इज डेड' वाली टी-शर्ट पहनी हुई थी। इसके साथ ही उन पर शक गहरा गया है क्योंकि मलेशिया की सरकार के खिलाफ जारी विरोध प्रदर्शनों के बाद इब्राहीम को जेल में डाल दिया गया था।
यह बात भी गौर करने वाली है कि शाह की पत्नी और उनके तीनों बच्चे इस फ्लाइट के गायब होने से ठीक एक दिन पहले ही अपना घर छोड़कर कहीं चले गए थे।
फ्लाइट की जांच में लगी एफबीआई को मलेशिया पुलिस ने जानकारी दी है कि दोनों ही पायलट की ओर से अनुरोध किया गया था कि उन्हें एक साथ किसी भी फ्लाइट को ऑपरेट करने की जिम्मेदारी न दें। इस जानकारी के आधार पर एफबीआई यह मान रही है कि हो सकता है कि यह फ्लाइट पाइरेसी का शिकार हो गई हो और इसमें सवार यात्रियों को एक अनजान जगह पर बंधक बनाकर रखा गया हो।












Click it and Unblock the Notifications