Explained: C295 एयरक्राफ्ट कैसे बदल देगा भारत के सामरिक एयरलिफ्ट ऑपरेशन की क्षमता? 15 वजहों से जानिए
C295 Aircraft Explained: प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और स्पेन के प्रधानमंत्री पेड्रो सांचेज़ ने आज गुजरात के वडोदरा में एक नई मिलिट्री सुविधा का उद्घाटन किया है, जो C295 मिलिट्री ट्रांसपोर्ट एयरक्राफ्ट के उत्पादन के लिए समर्पित होगा। यह प्लांट एक महत्वपूर्ण मील का पत्थर है, जो भारत में सैन्य विमान निर्माण पर केंद्रित पहला निजी क्षेत्र का प्रतिष्ठान है।
यह प्लांट भारतीय डिफेंस इको-सिस्टम को आगे बढ़ाने के साथ साथ एक महत्वपूर्ण बदलाव लाएगा, खासकर उस वक्त, जब मोदी सरकार की कोशिश 'मेक इन इंडिया' को आगे ले जाना और डिफेंस सेक्टर में भारत की, दूसरे देशों पर निर्भरता कम करना है।

वडोदरा में बने इस प्लांट के लिए अलग से ऑर्डर आने वाले हैं और फिलहाल, इस प्लांट में 52 एयरक्राफ्ट का उत्पादन किया जाएगा, जिनमें से 40 विमान भारतीय वायुसेना को मिलेंगे, जबकि 12 विमान इंडियन कोस्ट गार्ड को सौंपे जाएंगे। इसके अलावा, हाल ही में भारतीय डिफेंस मिनिस्ट्री ने 15 और विमानों के अतिरिक्त ऑर्डर की मंजूरी दे दी है, जिन्हें कोस्ट गार्ड और नेवी को सौंपे जाएंगे। इनमें से तीन विमानों का निर्माण फ्रांस में किया जाएगा, जबकि बाकी विमानों को इसी प्लांट में तैयार किया जाएगा।
भारतीय वायुसेना के पास है C295 का बेड़ा
भारतीय वायुसेना के पास 56 C295 विमानों का मौजूदा ऑर्डर है, जिस पर सितंबर 2021 में 21,935 करोड़ रुपये में हस्ताक्षर किए गए थे। इनमें से 40 का उत्पादन वडोदरा प्लांट में किया जाएगा। इस साल उत्पादन शुरू होने की उम्मीद है, जिसमें पहला विमान 2026 तक डिलीवर होने वाला है और सभी वायुसेना के विमानों की डिलीवरी अगस्त 2031 तक करने की योजना है।
इस परियोजना का नेतृत्व टाटा एडवांस्ड सिस्टम्स और एयरबस डिफेंस एंड स्पेस एसए एक साथ मिलकर ज्वाइंट वेंचर के तहत कर रही है, जिसमें एयरबस द्वारा सब-सप्लायर्स के रूप में पहचानी गई कुल 37 कंपनियां हैं, जिनमें से एक महत्वपूर्ण हिस्सा भारत में विमानों का कंपोनेंट का निर्माण करेगा। जिससे भारत में डिफेंस इको-सिस्टम का निर्माण होगा।

C295 के फीचर्स और क्षमताएं
1. बहुमुखी सामरिक परिवहन: मिलिट्री और माल परिवहन, समुद्री गश्त, निगरानी, टोही, सिग्नल खुफिया, नजदीकी हवाई सहायता, चिकित्सा निकासी, वीआईपी परिवहन और अग्निशमन सहित विभिन्न मिशनों के लिए इसे डिजाइन किया गया है।
2- पेलोड और क्षमता: इस एयरक्राफ्ट में 9 टन सामान या 71 सैनिकों को ले जाने की क्षमता है। इसके साथ ये 260 नॉट की अधिकतम क्रूज गति से उड़ान भर सकता है और इसमें हवा में ही विमानों और हेलीकॉप्टरों में ईंधन भरने की सुविधा शामिल है।
3. डिज़ाइन विशेषताएं: इसमें 12.69 मीटर लंबा दबावयुक्त केबिन है और ये 30,000 फीट तक की ऊंचाई पर उत्कृष्ट निम्न-स्तरीय उड़ान विशेषताओं और कच्ची और नरम सतहों पर असाधारण शॉर्ट टेक-ऑफ और लैंडिंग (STOL) प्रदर्शन के साथ ऑपरेट होता है।
4. इंजन और प्रदर्शन: दो प्रैट एंड व्हिटनी कनाडा PW127G टर्बोप्रॉप इंजन से इसका संचालन होता है, जो उत्कृष्ट गतिशीलता और 13 घंटे तक की लंबी सहनशक्ति प्रदान करता है।
5. विश्वसनीयता और ट्रैक रिकॉर्ड: इस वक्त दुनिया में करीब 200 सी295 विमानों का संचालन किया जा रहा है, जो विभिन्न वातावरणों में 500,000 उड़ान के घंटे दर्ज कर चुके हैं और इन्होंने ऑपरेटर्स के साथ उच्च विश्वसनीयता का प्रदर्शन किया है।
6. विंगलेट्स: विंगलेट्स इसके प्रदर्शन को बढ़ाता है, टेकऑफ़ विशेषताओं में सुधार करता है, धीरज बढ़ाता है और ईंधन की खपत को 3-6 प्रतिशत तक कम करता है।
7. युद्ध में सिद्ध: चाड, इराक और अफगानिस्तान में इस एयरक्राफ्ट का प्रदर्शन हो चुका है और ये सौ फीसदी कामयाब रहा है। इसके अलावा, इसकी तैनाती जंगलों से लेकर रेगिस्तानों और ठंडे इलाकों और विभिन्न जलवायु में किया जा चुका है और ये काफी असरदार साबित हुआ है।
8. वैकल्पिक आत्म-सुरक्षा: इसमें कॉकपिट कवच, चफ/फ्लेयर डिस्पेंसर और रडार, मिसाइलों और लेजर के लिए चेतावनी प्रणाली शामिल हैं।
9. मानवीय उपयोग: आपदा राहत, खोज और बचाव और अवैध गतिविधियों की निगरानी के लिए उपयोग किया जाता है, STOL विशेषताओं के कारण दूरदराज के स्थानों पर मिशनों को फिर से आपूर्ति करने में सक्षम है।
10. C295 वेरिएंट: अलग अलग मिशनों को अंजाम देने के लिए इसके कई कॉन्फ़िगरेशन उपलब्ध हैं, पैलेटाइज्ड मॉड्यूलर मिशन सिस्टम के साथ आसानी से कॉन्फ़िगर किया जा सकता है।
11. पूरी तरह से एकीकृत सामरिक प्रणाली (FITS): एंटी-सबमरीन युद्ध के लिए कोर मिशन, समुद्री गश्त और चालक दल को सहज रूप से सेंसर डेटा भेजना इसकी बड़ी खासियत है।
12. सेंसर एकीकरण: रडार, EO/IR और संचार खुफिया प्रणालियों और कई तरह के अलग अलग सेंसर इसमें लगाए गये हैं, जिससे ये नये तरह के मिशन के दौरान नई आवश्यकताओं के लिए भी तैयार होता है।
13. एडवांस कॉकपिट टेक्नोलॉजी: इसमें कोलिन्स एयरोस्पेस के प्रो लाइन फ्यूजन एवियोनिक्स शामिल हैं, जिसमें बेहतर स्थितिजन्य जागरूकता के लिए मल्टीफंक्शनल टचस्क्रीन डिस्प्ले शामिल हैं, जो नाइट विजन गॉगल्स के साथ अटैच है और नागरिक और सैन्य दोनों तरह के ऑपरेशनों का समर्थन करता है।
14. लागत प्रभावी संचालन: बड़े सैन्य परिवहन विमानों की तुलना में इसे कम ऑपरेशनल और रखरखाव लागत के लिए डिजाइन किया गया है, जो इसे विभिन्न वायु सेनाओं के लिए काफी आसान बनाता है।
15. तीव्र तैनाती क्षमता: इसकी सबसे बड़ी खासियत ये है, कि इसे काफी तेजी से आपातकालीन स्थितियों में तैनात किया जा सकता है और ये तत्काल मिशन को अंजाम दे सकता है, जो इसे किसी प्राकृतिक आपदा या फिर युद्ध के दौरान काफी मददगार बनाता है।












Click it and Unblock the Notifications