अमेरिका में हिंसा के बीच बराक ओबामा बोले- जॉर्ज फ्लॉयड को पुलिस दिलाए इंसाफ
वॉशिंगटन। अमेरिका में जारी दंगों के बीच पूर्व राष्ट्रपति बराक ओबामा ने सोमवार को हिंसा की निंदा की। अमेरिका में इस समय बड़े पैमाने पर अफ्रीकी-अमेरिकी मूल के व्यक्ति 45 साल के जॉर्ज फ्लॉयड की मौत के विरोध में प्रदर्शन जारी हैं। ओबामा ने फ्लॉयड की मौत और पुलिस की निर्ममता को की आलोचना की और देश में बदलाव की मांग की है। ओबामा ने प्रदर्शनकारियों से उनकी शिकायतों को दूर करने के लिए राजनीतिक समाधान की मांग की है।

दंगों के बीच की बदलाव की मांग
ओबामा ने पिछले हफ्ते फ्लॉयड की मौत के बाद कहा था कि पुलिस हिरासत में उनकी मौत को 2020 के अमेरिका में सामान्य दर्जे की मान्यता नहीं मिलनी चाहिए। ओबामा ने प्रदर्शनकारियों को संबोधित करते हुए कहा है कि विरोध प्रदर्शन पुलिस प्रथाओं और व्यापक आपराधिक न्याय प्रणाली में सुधार की विफलता पर एक वास्तविक और वैध हताशा का प्रतिनिधित्व करता हैं। उन्होंने कहा, 'इसके बावजूद हमें हिंसा का सहारा लेने वालों की निंदा करनी चाहिए।' पूर्व राष्ट्रपति ने कहा, 'हम विरोध करके जनता को जागरूक कर सकते हैं और अन्याय पर रोशनी डाल सकते हैं। हमें उन आकांक्षाओं को विशिष्ट कानूनों और संस्थागत प्रथाओं में तब्दील करना होगा। हम जितना अधिक हम आपराधिक न्याय और पुलिस सुधार की मांग कर सकते हैं।' शुक्रवार को ओबामा ने मिनेसोटा पुलिस से फ्लॉयड को इंसाफ दिलाने की अपील की थी।
अब तक 4,000 गिरफ्तार
जॉर्ज फ्लॉयड की मौत पर भारी विरोध प्रदर्शन के दौरान संयुक्त राज्य भर में लगभग 4,000 लोगों को गिरफ्तार किया गया है। मिनिपोलिस शहर में पुलिस हिरासत में 46 वर्षीय अफ्रीकी अमेरिकी जॉर्ज फ्लॉयड की मौत के बाद संयुक्त राज्य भर के प्रदर्शनकारी 25 मई से विरोध प्रदर्शन कर रहे हैं। इस बीच अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप विद्रोह अधिनियम 1807 को लागू करने से रुक गए। इस कानून के तहत ट्रंप को यूएस ट्रूप्स को तुरंत तैनात करने में मदद मिलेगी। अमेरिकी रक्षा मंत्रालय ने कहा, 'इस समय राष्ट्रपति ने इस कानून को लागू नहीं किया है।'












Click it and Unblock the Notifications