कौन हैं मिताली बाग? आंगनवाड़ी कार्यकर्ता से सांसद तक का सफर तय करने वाली वो नेता, कार पर हमले से दहला हुगली

Mitali Bag: पश्चिम बंगाल के आरामबाग में चुनाव प्रचार के अंतिम दौर में हुई हिंसा ने एक बार फिर राज्य की राजनीति को सुर्खियों में ला दिया है। इस विवाद के केंद्र में हैं तृणमूल कांग्रेस की सांसद मिताली बाग (Mitali Bag), जिन्होंने भाजपा समर्थकों पर अपनी गाड़ी पर पथराव करने और खुद पर हमला करने का गंभीर आरोप लगाया है। गोगहाट इलाके में हुई इस घटना के बाद मिताली बाग का अस्पताल से व्हीलचेयर पर निकलते हुए और फेसबुक लाइव पर भावुक होते हुए वीडियो तेजी से वायरल हो रहा है।

जहां टीएमसी इसे एक दलित महिला सांसद पर कायराना हमला बता रही है। वहीं भाजपा इसे चुनावी लाभ के लिए किया गया 'नाटक' करार दे रही है। इस सियासी घमासान के बीच हर कोई जानना चाहता है कि आखिर मिताली बाग कौन हैं और उनका राजनीतिक सफर कैसा रहा है।

TMC Mitali Bag

मिताली बाग का आंगनवाड़ी से संसद तक का सफर (Mitali Bag Journey)

मिताली बाग की पहचान केवल एक सांसद के रूप में नहीं, बल्कि संघर्ष की एक मिसाल के तौर पर होती है। राजनीति में आने से पहले वह एक साधारण आंगनवाड़ी कार्यकर्ता के रूप में कार्य करती थीं। एक बेहद सामान्य परिवार से ताल्लुक रखने वाली मिताली ने बर्दवान विश्वविद्यालय से इतिहास में एमए की शिक्षा प्राप्त की है। ज़मीनी स्तर पर लोगों से जुड़ाव और उनकी सादगी ने ही उन्हें ममता बनर्जी की नजर में लाया और उन्हें आरामबाग जैसी महत्वपूर्ण सीट से चुनावी मैदान में उतारा गया।

ये भी पढ़ें: WB Election 2026: आज शाम थम जाएगा चुनावी शोर लेकिन बंगाल में खूब बिक रहा केसरिया गुलाल, एग्जिट पोल तो नहीं?

देश की सबसे 'गरीब' सांसदों में शुमार

2024 के लोकसभा चुनाव के दौरान मिताली बाग तब राष्ट्रीय स्तर पर चर्चा में आईं, जब उनके चुनावी हलफनामे से पता चला कि वह देश के सबसे कम संपत्ति वाले सांसदों में से एक हैं। उनकी कुल घोषित संपत्ति मात्र 7 लाख रुपये के करीब थी। एक तरफ जहां करोड़ों की संपत्ति वाले उम्मीदवारों का बोलबाला रहता है, वहीं मिताली की जीत ने भारतीय लोकतंत्र की खूबसूरती को दर्शाया था।

गोगहाट की घटना, क्या हुआ मिताली के साथ?

सांसद मिताली बाग के अनुसार, वह पार्टी महासचिव अभिषेक बनर्जी की रैली में शामिल होने जा रही थीं। जब उनकी कार गोगहाट में भाजपा उम्मीदवार प्रशांत डिगार के कार्यालय के पास पहुंची, तो भीड़ ने उन पर हमला कर दिया।

  • पथराव: गाड़ी पर ईंटें फेंकी गईं, जिससे शीशे टूट गए।
  • चोटें: टूटे हुए कांच लगने से मिताली बाग घायल हुईं और उन्हें अस्पताल ले जाया गया।

फेसबुक लाइव पर उन्होंने रोते हुए कहा, "मैं एक दलित महिला सांसद हूं, क्या इसीलिए मेरे साथ ऐसा किया जा रहा है?"

संसद में जनता की आवाज़

सांसद बनने के बाद से ही मिताली बाग संसद में पश्चिम बंगाल के हक की बात करती रही हैं। उन्होंने प्रमुख रूप से ये मुद्दे उठाए हैं:

  • मनरेगा (MGNREGA): बंगाल के बकाया फंड को लेकर केंद्र सरकार पर दबाव बनाना।
  • महिला सशक्तिकरण: महिलाओं और बच्चों के विकास के लिए आंगनवाड़ी केंद्रों की स्थिति सुधारना।
  • रेलवे सुविधा: आरामबाग क्षेत्र में बेहतर कनेक्टिविटी की मांग।

सियासी आरोप-प्रत्यारोप और जांच

इस हमले पर टीएमसी नेता कुणाल घोष ने कहा कि भाजपा अपनी हार सुनिश्चित देखकर अब महिला सांसदों पर हमले कर रही है। दूसरी तरफ, भाजपा नेता बिमान घोष ने दावा किया कि हमला टीएमसी ने खुद कराया है और उनके भी 50 कार्यकर्ता घायल हुए हैं। फिलहाल, चुनाव आयोग ने इस पूरी घटना पर रिपोर्ट मांगी है और CCTV फुटेज खंगाले जा रहे हैं ताकि हमले की सच्चाई सामने आ सके।

ये भी पढ़ें: 'TMC घुसपैठ को बढ़ावा देती है, बंगाल अब मुक्ति चाहता है', चुनाव प्रचार के अंतिम दिन UP CM योगी के तीखे प्रहार

Notifications
Settings
Clear Notifications
Notifications
Use the toggle to switch on notifications
  • Block for 8 hours
  • Block for 12 hours
  • Block for 24 hours
  • Don't block
Gender
Select your Gender
  • Male
  • Female
  • Others
Age
Select your Age Range
  • Under 18
  • 18 to 25
  • 26 to 35
  • 36 to 45
  • 45 to 55
  • 55+