Get Updates
Get notified of breaking news, exclusive insights, and must-see stories!

SLBC Tunnel: तेलंगाना के श्रीशैलम टनल में 45 घंटे से फंसे हैं 8 लोग, रेस्क्यू ऑपरेशन जारी, पढ़ें ताजा अपडेट

Telangana SLBC Tunnel Update: तेलंगाना के नागरकुरनूल जिले में SLBC परियोजना के तहत बनाई जा रही सुरंग का एक हिस्सा धंस गया। इसमें 8 लोग पिछले 45 घंटे से ज्यादा वक्त से अंदर फंसे हुए हैं।

भारतीय सेना, NDRF, SDRF और अन्य राहत टीमें लगातार बचाव कार्य में जुटी हुई हैं, लेकिन अब तक कोई सफलता नहीं मिली है। लोगों की सलामती के लिए प्रार्थनाएं जारी हैं।

SLBC tunnel Telangana

रेस्क्यू ऑपरेशन में आ रही मुश्किलें

तेलंगाना के मंत्री जे. कृष्णा राव ने बताया कि सुरंग में भारी मात्रा में मलबा जमा हो गया है, जिससे अंदर जाना बेहद मुश्किल हो गया है। उन्होंने कहा कि बचाव दल रबर ट्यूब और लकड़ी के तख्तों की मदद से आगे बढ़ने की कोशिश कर रहा है, लेकिन अब तक फंसे हुए लोगों तक पहुंचना संभव नहीं हो पाया है।
ये भी पढ़ें: Z-Morh Tunnel: इंजीनियरिंग के इस अद्भुत नमूने का PM मोदी ने किया उद्घाटन, जानिए इस सुरंग की खासियत

उन्होंने माना कि स्थिति बहुत गंभीर है और बचाव अभियान को पूरा करने में अभी और वक्त लग सकता है। राज्य सरकार द्वारा जारी किए गए वीडियो में बचाव दल को भारी कीचड़, लोहे की छड़ों और टूटे हुए सीमेंट के टुकड़ों के बीच रास्ता बनाते हुए देखा गया।

कैसे हुआ हादसा?

मंत्री उत्तम कुमार रेड्डी ने बताया कि शनिवार सुबह सुरंग के अंदर करीब 70 लोग काम कर रहे थे। हादसे के वक्त ज्यादातर लोग अंदर मौजूद ट्रेन या लोकोमोटिव की मदद से बाहर निकल गए, लेकिन 8 लोग अंदर ही फंसे रह गए।

उन्होंने कहा कि सुरंग का आखिरी 200 मीटर हिस्सा पानी और कीचड़ से भर चुका है, जिससे बचाव दल को आगे बढ़ने में काफी दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है। भारी मशीनरी को अंदर ले जाना संभव नहीं है, इसलिए वैकल्पिक तरीकों से मलबा हटाने की कोशिश की जा रही है।

13वें किलोमीटर तक पहुंचा बचाव दल

सूत्रों के मुताबिक, सुरंग धंसने के बाद बचाव दल 13वें किलोमीटर तक पहुंच चुका है। टीमों ने अंदर फंसे लोगों के नाम पुकारे, लेकिन अब तक कोई जवाब नहीं मिला है। फंसे हुए लोगों में दो इंजीनियर, दो ऑपरेटर और चार मजदूर शामिल हैं।

पल-पल की अपडेट ले रहे हैं CM

श्रीशैलम लेफ्ट बैंक नहर के ढहने के बाद बचाव कार्यों पर चिक्कुडु के विधायक वामशी कृष्णा ने कहा, "...मुख्यमंत्री मिनट-दर-मिनट अपडेट ले रहे हैं...हमें उम्मीद है कि आज हमें निश्चित रूप से कुछ परिणाम मिलेगा...हम वास्तव में अंदर की स्थिति का विश्लेषण करने की योजना बना रहे हैं..."

बचाव कार्य में जुटी सभी टीमें

श्रीशैलम लेफ्ट बैंक नहर के ढहने के बाद बचाव अभियान के बारे में जिला कलेक्टर बधावथ संतोष ने कहा, "पानी निकालने का काम किया जा रहा है... भारतीय सेना, एनडीआरएफ और एसडीआरएफ अतिरिक्त उपकरणों के साथ अंदर जा रही है... हमारा मुख्य ध्यान अंदर फंसे श्रमिकों को बचाने पर होगा... कल वे अंतिम 40 मीटर तक नहीं पहुंच पाए थे और अब आवश्यक उपाय किए जा रहे हैं..."

कौन-कौन लोग फंसे हैं?

  • उत्तर प्रदेश: मनोज कुमार, श्रीनिवास
  • जम्मू-कश्मीर: सनी सिंह
  • पंजाब: गुरप्रीत सिंह
  • झारखंड: संदीप साहू, जगता एक्सेस, संतोष साहू, अनुज साहू

NDRF, SDRF और सेना की टीमें कर रहीं बचाव कार्य

नागरकुरनूल के जिलाधिकारी बी. संतोश ने बताया कि बचाव अभियान में NDRF की चार टीमें (एक हैदराबाद से, तीन विजयवाड़ा से), SDRF कर्मी, सेना के 24 जवान, SCCL के 23 सदस्य और अन्य एजेंसियां जुटी हुई हैं।

NDRF के अधिकारियों ने बताया कि सुरंग के अंदर भारी मलबा और क्षतिग्रस्त टनल बोरिंग मशीन (TBM) के टुकड़े बिखरे हुए हैं। 13.5 किलोमीटर तक पहुंचने के बाद बचाव दल ने अंदर फंसे लोगों को आवाज दी, लेकिन कोई प्रतिक्रिया नहीं मिली। अगले 200 मीटर का सफर तय करने के बाद ही उनकी स्थिति का सही अंदाजा लग सकेगा।

सेना भी बचाव अभियान में शामिल

भारतीय सेना की बाइसन डिविजन की इंजीनियर टास्क फोर्स (ETF) को भी बचाव अभियान में लगाया गया है। रक्षा विभाग की ओर से जारी बयान में कहा गया कि भारतीय सेना सभी एजेंसियों के साथ मिलकर तेजी से बचाव कार्य को पूरा करने की कोशिश कर रही है। सेना की प्राथमिकता फंसे हुए लोगों को सुरक्षित निकालना है।

नेताओं की प्रतिक्रिया

कांग्रेस के वरिष्ठ नेता और लोकसभा में विपक्ष के नेता राहुल गांधी ने तेलंगाना के मुख्यमंत्री ए. रेवंत रेड्डी से बात की और बचाव अभियान की सराहना की। उन्होंने सरकार से हर संभव प्रयास करने का आग्रह किया। झारखंड के मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने भी तेलंगाना सरकार से झारखंड के चार मजदूरों की सुरक्षा सुनिश्चित करने की अपील की।

लोगों की सलामती की दुआएं

देशभर में लोग फंसे हुए मजदूरों की सलामती की दुआ कर रहे हैं। बचाव अभियान लगातार जारी है, लेकिन अब भी उम्मीद की किरण धुंधली है। बचाव दल को जल्द से जल्द सफलता मिले, यही सभी की प्रार्थना है।
ये भी पढ़ें: SLBC Tunnel: पानी से भरे श्रीशैलम टनल में फंसे 8 मजदूर, बचाव कार्य में क्यों आ रही बड़ी चुनौतियां?

More From
Prev
Next
Notifications
Settings
Clear Notifications
Notifications
Use the toggle to switch on notifications
  • Block for 8 hours
  • Block for 12 hours
  • Block for 24 hours
  • Don't block
Gender
Select your Gender
  • Male
  • Female
  • Others
Age
Select your Age Range
  • Under 18
  • 18 to 25
  • 26 to 35
  • 36 to 45
  • 45 to 55
  • 55+