भारत के पुराने दोस्त रूस के एयरफोर्स चीफ पहुंचे भारत
बेंगलुरु। जहां एक तरह इंडियन नेवी की शिप आईएनएस तेग भारत और मोजांबिक के रिश्तों को मजबूत करने के लिए मोजांबिक (CLICK ON PREVIOUS) पहुंची है तो वही एयर फोर्स और आर्मी के लिहाज से भी पिछले कुछ दिन काफी खास रहे हैं।

रूस के एयरफोर्स चीफ पहुंचे भारत
नेवी से अलग इंडियन एयरफोर्स की बात करें तो रशियन फेडरेशन एयरफोर्स (आरएफएएफ) के कमांडर इन चीफ कर्नल जनरल विक्टर निकोलेविच भारत आए और उन्होंने इंडियन एयरफोर्स चीफ अरुप राहा से मुलाकात की।
सोमवार को दिल्ली स्थित मुख्यालय में दोनेां के बीच यह मुलाकाम भारत और रूस के सैन्य संबंधों के मद्देनजर काफी अहम थी। आईएएफ के अधिकारियों की ओर से दी गई जानकारी के मुताबिक भारत और रूस दोनों ही विदेश
नीति के अहम अंग हैं। दोनों के बीच वर्ष 2000 में इंडियन-रशियन स्ट्रैटेजिक पार्टनरशिप को साइन किया गया था और तब से ही इन देशों के बीच रिश्ते काफी प्रगाढ़ हैं।
पहुंचेंगे हैदराबाद भी
अपने तीन दिनों के भारतीय प्रवास के दौरान कर्नल जनरउरल निकोलेविच ने फाइटर जेट सुखोई-30 की स्क्वाड्रन का तो दौरा किया ही साथ ही साथ उन्होंने पुणे के खड़कवासला स्थित नेशनल डिफेंस एकेडमी यानी एनडीए का
भी जायजा लिया। एयरफोर्स के अधिकारियों की ओर से दी गई जानकारी के मुताबिक निकोलेविच हैदराबाद स्थित एयरफोर्स एकेडमी भी जाएंगे और यहां वह देखेंगे कि कैसे पीसी'7 सिमयूलटर और वर्चुअल टॉवर सिमयूलटर पर प्रशिक्षण दिया जाता है।
कई करार पर रजामंदी
इसके अलावा निकोलेविच के इस दौरे पर रूस और भारत की ओर से कई अहम करार जो इंडियन एयरफोर्स से जुड़े हैं, उन पर साइन किए गए। इन करारों के तहत आईजेटी इंजीनियर्स, मिग-29 अपग्रेडेशन, एमआई-17 वी5
और मीडियम लिफ्ट हेलीकॉप्टर्स यानी एमएलएस से जुड़े कई अहम करार शामिल हैं। इसके अलावा पांचवीं पीढ़ी से जुड़े फाइटर एयरक्राफ्ट्स का ज्वाइंट प्रोडक्शन और मल्टी रोल ट्रांसपोर्ट एयरक्राफ्ट से जुड़ा करार शामिल है।
आर्म्ड फोर्सेज ट्रिब्यूनल का गठन
आर्म्ड फोर्सेज ट्रिब्यूनल, की कोच्चि रीजनल बेंच की अगली सीटिंग बेंगलुरु के पैराशूट रेजीमेंटल ट्रेनिंग सेंटर पर 24 नवंबर से 28 नवंबर के बीच होगी। कर्नाटक राज्य के सभी वादी चार दिनों के दौरान उन्हें मिलने वाली इस
सुविधा का फायदा उठा सकते हैं। सब एरिया कमांडर्स की ओर से दी गई जानकारी के मुताबिक आर्म्ड फोर्सेज ट्रिब्यूनल का गठन आर्म्ड फोर्सेज ट्रिब्यूनल एक्ट 2007 में के तहत किया गया है। इसका मकसद आर्मी एक्ट, नेवी एक्ट और एयरफोर्स एक्ट के तहत सभी विवादों का निबटारा करना है।
50 वर्ष का हुआ एचएलए का मिग कॉम्प्लेक्स
हिंदुस्तान एरोनॉटिक्स लिमिटेड का नासिक स्थित मिग काम्प्लेक्स अपने 50 वर्ष पूरे होने का जश्न मना रहा है। एचएल के लिए यह कांप्लेक्स काफी अहम है। इस काम्प्लेक्स में इंडियन एयरफोर्स के कई मिग वैरियंट्स के रखरखाव में खासा रोल अदा किया है। यही वह कॉम्प्लेक्स है जो पिछले एक दशकों में सुखोई-30 एमकेआई के प्रोडक्टशन में लगा हुआ है और जिसके लिए इस काम्प्लेक्स को लाइसेंस दिया गया है।
एरोनॉटिकल सोसायटी ऑफ इंडिया की नासिक ब्रांच की ओर से कई तरह के समारोह का आयोजन कि या गया जिसमें दो दिनों तक चलने वाला एक खास सेमिनार भी शामि












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