देश की पुलिस को नया अवतार देने की तैयारी में मोदी सरकार, अबतक की सबसे बड़ी योजना की होगी शुरुआत
आंतरिक सुरक्षा के लिए मोदी सरकार का बड़ा कदम, अबतक की सबसे बड़ी योजना की शुरुआत, पुलिस का नया अवतार देखने को मिलेगा, जम्मू कश्मीर व पूर्वोत्तर राज्यों पर विशेष ध्यान
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नई दिल्ली। देश की आंतरिक सुरक्षा को पुख्ता करने के लिए गृह मंत्रालय ने कमर कस ली है, इसके लिए सरकार ने अबतक की सबसे बड़ी सेक्युरिटी स्कीम की शुरुआत की है। भारत की आंतरिक सुरक्षा को मजबूत करने के लिए केंद्र सरकार पुलिस तंत्र में बड़ा बदलाव करने की योजना बना रही है। इसके लिए मोदी सरकार की कैबिनेट ने 25000 करोड़ रुपए का बजट आंतरिक सुरक्षा योजना के तहत पास किया है।
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कैबिनेट ने पास किया बजट
भारत में पुलिस तंत्र को आधुनिक करने के लिए इस बजट की काफी ज्यादा आवश्यकता थी, लिहाजा इस बजट के पास होने से पुलिस के आधुनिकीकरण में बड़ी मदद मिलेगी और पुलिस का नया चेहरा लोगों के सामने आएगा। कैबिनेट कमेटी ऑन सेक्युरिटी (सीसीएस) ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की अध्यक्षता में मॉडर्नाइजेश ऑफ पुलिस फोर्स के लिए वर्ष 2017-18, 2018-19 के लिए इस बजट को पास किया है।

इन क्षेत्रों पर दिया जाएगा ध्यान
इस स्कीम में आंतरिक सुरक्षा, कानून व्यवस्था, महिला सुरक्षा, पुलिस फोर्स का आवागमन, अन्य उपयोगी सामान, पुलिस के वायरलेस सिस्टम का आधुनिकीकरण, हेलीकॉप्टर को किराए पर लेना, नेशनल सैटेलाइट नेटवर्क, क्राइम एंड क्रिमिनल नेटवर्क एंड सिस्टम व ई-जेल जैसी सुविधाओं को मजबूत किया जाएगा।

अबतक की सबसे बड़ी योजना
केंद्रीय गृह मंत्री राजनाथ सिंह ने कहा कि जम्मू कश्मीर व पूर्वोत्तर भारत के राज्यों जोकि लेफ्ट विंग उग्रवादियों की समस्या से जूछ रहे हैं उनके लिए अलग से 10,132 करोड़ रुपए का बजट आवंटित किया गया है। 35 जिले जोकि एलडब्ल्यूई से बुरी तरह से प्रभावित हैं उनके लिए स्पेशल सेंट्रल असिस्टेंस मुहैया कराया जाएगा, इसके लिए 3000 करोड़ रुपए आवंटित किया गया है, ताकि यहां जिन इलाकों मे विकास नहीं हुआ है उनका विकास किया जा सके। यहां गौर करने वाली बात यह है कि आंतरिक सुरक्षा की यह स्कीम अबतक की सबसे बड़ी स्कीम है। तीन साल के लिए इस योजना को 25060 करोड़ रुपए का बजट आवंटित किया गया है, जिसमे केंद्र सरकार का हिस्सा 18636 करोड़ रुपए हैं, जबकि राज्यों का इसमे कुल 6424 करोड़ रुपए है।












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