लोकसभा चुनाव 2019: हिसार लोकसभा सीट के बारे में जानिए

नई दिल्ली: हरियाणा की हिसार लोकसभा सीट से मौजूदा सांसद दुष्यंत चौटाला हैं। वो ओम प्रकाश चौटाला के बेटे हैं। उन्होंने 2014 के लोकसभा चुनाव में हरियाणा जनहित कांग्रेस के कुलदीप बिश्‍नोई को 31,847 वोटों से हराया था। दुष्यंत चौटाला को 494,478 और कुलदीप बिश्‍नोई को 462,631 वोट मिले। हरियाणा में चोटाला का गढ़ काफी अरसे से अपनी राजनीतिक गतिविधियों के लिये मशहूर है। भले ही इस गढ़ का दायरा थोड़ा सिमट गया है, लेकिन अब भी इनकी तूती यहां बोलती है। 2014 के लोकसभा चुनाव में कुल 1,517,606 लोगों का नाम मतदाता सूची में था, जबकि 1,155,914 लोगों ने वोट दिया। वोट करने वालों में 637,718 पुरुष और 518,196 महिलाएं शामिल थीं। इस सीट पर इस चुनाव में 76 फीसदी मतदान हुआ।

profile of Hisar lok sabha constituency

हिसार की सामाजिक और आर्थिक स्थिति पर नज़र डालें तो यहां कुल 2,304,063 लोगों की आबादी है, जिनमें 74.37% लोग ग्रामीण इलाकों में और 25.63% लोग ग्रामीण इलाकों में रहते हैं। हिसार एक कृषि प्रधान क्षेत्र है। साथ ही यहां कई फैक्ट्रियां भी हैं। यानी यहां का असली वोटर किसान और कामगार हैं। अगर इतिहास के पन्‍ने पलटें तो इस सीट पर भारतीय जनता पार्टी आज तक काबिज नहीं हो सकी है। वहीं केवल एक मात्र सांसद सुरेंदर सिंह बरवाला ही ऐसे हैं, जो लगातार दो बार जीत दर्ज करने में कामयाब हुए हैं। पहली बार यानी 1998 में वे हरियाणा लोक दल (राष्‍ट्रीय) के टिकट पर जीते थे, जबकि दूसरी बार आईएनएलडी के टिकट पर। सबसे अधिक बार चुनाव जीतने के मामले में जय प्रकाश सबसे आगे रहे। जयप्रकाश पहली बार 1989 में जनता दल के टिकट पर जीते, दूसरी बार 1996 में हरियाणा विकास पार्टी के टिकट पर और तीसरी बार 2004 में कांग्रेस के टिकट पर वे दिल्‍ली पहुंचे।

दुष्यंत चौटाला का लोकसभा में प्रदर्शन

हिसार से सांसद दुष्यंत चौटाला ने दिसंबर 2018 तक लोकसभा में 229 परिचर्चाओं में हिस्‍सा लिया। जबकि राज्‍य का औसत 58.5 और राष्‍ट्रीय औसत 63.8 रहा। उन्होंने सदन में कुल 20 प्राइवेट मेंबर बिल प्रस्‍तुत किये। चौटाला ने इस दौरान लोकसभा में 644 सवाल पूछे। इस मामले में राष्‍ट्रीय औसत 273 और राज्‍य का औसत 250 रहा। दुष्यंत चौटाला संसद में बहुत कम अनुपस्थित होने वाले नेताओं में हैं।

गौरतलब है कि पिछले लोकसभा चुनाव में कुलदीप बिश्‍नोई की पार्टी एचजेसी (बीएल) एनडीए के साथ थी, लेकिन अब नहीं है। अब बिश्‍नोई यूपीए के साथ हैं। यानी इस बार कांग्रेस और आईएनएलडी के बीच कांटे की टक्कर देखने को मिल सकती है। वहीं भारतीय जनता पार्टी ने भी जमीनी स्‍तर पर काम करना शुरू कर दिया है। अब भाजपा के लिये सबसे बड़ी चुनौती होगी चौटाला के 42 प्रतिशत और बिश्‍नोई के 39.9 प्रतिशत वोट शेयर को अपनी तरफ घसीटना और इसके लिये भाजपा को काफी मशक्‍कत करनी पड़ेगी। क्‍योंकि चौटाला को उनके गढ़ में चुनौ‍ती देना इतना आसान नहीं है।

Notifications
Settings
Clear Notifications
Notifications
Use the toggle to switch on notifications
  • Block for 8 hours
  • Block for 12 hours
  • Block for 24 hours
  • Don't block
Gender
Select your Gender
  • Male
  • Female
  • Others
Age
Select your Age Range
  • Under 18
  • 18 to 25
  • 26 to 35
  • 36 to 45
  • 45 to 55
  • 55+