Petrol Diesel Price: कौड़ियों के भाव कच्चा तेल, फिर भी क्यों नहीं घट रहे पेट्रोल-डीजल के दाम?
Why Petrol Price Not Decreasing: दुनियाभर में कच्चे तेल की कीमतों में बड़ी गिरावट आई है। कुछ समय पहले तक 120 डॉलर प्रति बैरल के आसपास पहुंचा क्रूड अब करीब 70-80 डॉलर के दायरे में आ गया है। ऐसे में आम लोगों का सबसे बड़ा सवाल यही है कि जब तेल सस्ता हो गया है तो पेट्रोल और डीजल के दाम क्यों नहीं घट रहे?
आखिर क्यों हर बार महंगा होने का असर तुरंत दिखता है, लेकिन सस्ता होने का फायदा लोगों तक नहीं पहुंचता? सरकार और तेल कंपनियों का कहना है कि इसकी वजह सिर्फ कच्चे तेल की कीमत नहीं, बल्कि ट्रांसपोर्ट, बीमा, रिफाइनिंग, डॉलर-रुपये की कीमत और टैक्स जैसे कई दूसरे फैक्टर भी हैं। आइए आसान भाषा में समझते हैं पूरा गणित।

होर्मुज संकट ने बिगाड़ दिया पूरा सप्लाई चेन का हिसाब
सरकार के मुताबिक, पश्चिम एशिया में तनाव और होर्मुज क्षेत्र में लगातार हमलों की वजह से तेल लेकर आने वाले जहाज सामान्य रफ्तार से भारत नहीं पहुंच पाए। कई जहाजों को रास्ता बदलना पड़ा, जबकि कई जहाज सुरक्षा कारणों से बीच रास्ते में ही रुक गए। अब भले ही युद्धविराम और बातचीत के बाद हालात पहले से बेहतर हुए हैं, लेकिन समुद्री आवाजाही अभी पूरी तरह सामान्य नहीं हुई है।
अभी भारत पहुंच रहा है वही तेल जो महंगे दाम पर खरीदा गया था
सरकार का कहना है कि इस समय भारत में जो कच्चा तेल पहुंच रहा है, उसका बड़ा हिस्सा उस दौर में खरीदा गया था जब अंतरराष्ट्रीय बाजार में कीमतें 100 से 120 डॉलर प्रति बैरल तक पहुंच गई थीं। होर्मुज में तनाव की वजह से ये खेप समय पर भारत नहीं पहुंच सकी थी। अब वही महंगा तेल धीरे-धीरे रिफाइनरियों तक पहुंच रहा है, इसलिए उसके आधार पर बनने वाले पेट्रोल और डीजल की कीमतों में तुरंत राहत देना आसान नहीं है।
ये भी पढ़ें: E20 Petrol पर क्या छुपा रही सरकार? गाड़ी का माइलेज बना 'गोपनीय'! RTI से उठे बड़े सवाल
सस्ता तेल खरीदा गया है, लेकिन उसे भारत पहुंचने में लगेगा समय
अंतरराष्ट्रीय बाजार में कीमतें अब कम जरूर हुई हैं और तेल कंपनियां कम रेट पर नई खरीदारी भी कर रही हैं। लेकिन विदेश से खरीदा गया कच्चा तेल भारत पहुंचने में कई हफ्ते लग जाते हैं। समुद्री सफर पूरा होने के बाद उसे रिफाइनरी तक पहुंचाया जाता है। इसलिए आज खरीदा गया सस्ता तेल अगले दिन पेट्रोल पंप तक नहीं पहुंच सकता।
रिफाइनरियों में अभी भी महंगे तेल की प्रोसेसिंग चल रही है
देश की रिफाइनरियों में जिस कच्चे तेल से पेट्रोल और डीजल बनाया जा रहा है, उसका बड़ा हिस्सा पहले से खरीदा गया महंगा स्टॉक है। जब तक यह स्टॉक खत्म नहीं होता और उसकी जगह कम कीमत पर खरीदा गया नया तेल इस्तेमाल नहीं होने लगता, तब तक खुदरा कीमतों में बड़ी राहत मिलना मुश्किल माना जा रहा है।
जहाजों का किराया और बीमा अभी भी पूरी तरह सामान्य नहीं
हालात पहले से बेहतर जरूर हुए हैं, लेकिन होर्मुज क्षेत्र में जोखिम पूरी तरह खत्म नहीं हुआ है। इसी वजह से कई शिपिंग कंपनियां अब भी अतिरिक्त सुरक्षा इंतजाम कर रही हैं। जहाजों का बीमा और माल ढुलाई का खर्च पहले के मुकाबले ज्यादा बना हुआ है। इसका असर भी तेल की कुल लागत पर पड़ रहा है।
ये भी पढे़ं: Crude Oil Surplus: सस्ता होगा पेट्रोल-डीजल! 60 मिलियन बैरल कच्चा तेल होर्मुज स्ट्रेट से बाजार में आने को तैयार
डॉलर का खेल भी कम नहीं है
भारत अपनी जरूरत का 80 से 85 फीसदी कच्चा तेल विदेशों से खरीदता है और भुगतान डॉलर में करता है। अगर डॉलर मजबूत रहता है और रुपया कमजोर होता है तो आयात की लागत बढ़ जाती है। ऐसे में क्रूड ऑयल सस्ता होने के बावजूद कंपनियों को पूरी बचत नहीं मिलती और उसका असर खुदरा कीमतों पर भी सीमित रहता है।
टैक्स भी कीमतों का बड़ा हिस्सा
पेट्रोल और डीजल की कीमत में सिर्फ तेल का खर्च नहीं होता। केंद्र और राज्य सरकारों के टैक्स भी इसमें बड़ा हिस्सा रखते हैं। कई राज्यों में वैट अलग-अलग है, जबकि केंद्र की ओर से एक्साइज ड्यूटी भी लगती है। अगर कच्चा तेल सस्ता भी हो जाए, लेकिन टैक्स में कोई बदलाव न हो, तो पेट्रोल और डीजल की खुदरा कीमतों में बहुत बड़ी कमी देखने को नहीं मिलती।
ये भी पढे़ं: US Iran deal sealed: Hormuz खुला! पेट्रोल-डीजल की कीमतों में राहत होगी? क्या बोले एक्सपर्ट? 10 बड़ी बातें
आखिर पेट्रोल-डीजल कब हो सकता है सस्ता?
सरकार के मुताबिक, लोगों को राहत तब मिलेगी जब कम कीमत पर खरीदा गया नया कच्चा तेल भारत पहुंचेगा, रिफाइन होगा और पेट्रोल पंपों तक सप्लाई होगा। साथ ही समुद्री रास्ते पूरी तरह सामान्य होंगे, जहाजों का किराया और बीमा लागत कम होगी। यानी अभी जो पेट्रोल और डीजल बिक रहा है, वह बड़े पैमाने पर महंगे दौर में खरीदे गए कच्चे तेल से तैयार हुआ है। इसलिए अंतरराष्ट्रीय बाजार में कीमतें घटने के बावजूद भारत में उसका असर थोड़ा समय लेकर दिखाई देगा।












Click it and Unblock the Notifications