Venezuela Earthquake: 235 लोगों की मौत, 39 हजार लोग अब भी लापता! भूकंप के बाद चारों ओर सिर्फ तबाही का मंजर
Venezuela Earthquake 2026: वेनेजुएला में आए दो शक्तिशाली भूकंपों ने पूरे देश को हिला दिया है। बुधवार शाम 7.2 और 7.5 तीव्रता के दो बड़े झटकों ने भारी तबाही मचाई। अब तक 235 लोगों की मौत की पुष्टि हुई है, जबकि 1,500 से ज्यादा लोग घायल हैं। सबसे बड़ी चिंता यह है कि करीब 39 हजार लोग अब भी लापता बताए जा रहे हैं और 200 से ज्यादा लोग मलबे में फंसे हुए हैं।
राहत और बचाव अभियान लगातार जारी है, लेकिन कई इलाकों में सड़कें, बिजली और कम्युनिकेशन सिस्टम ठप होने से काम बेहद मुश्किल हो गया है। पूरा देश अपने इतिहास की सबसे बड़ी प्राकृतिक आपदाओं में से एक का सामना कर रहा है।

39 हजार लोग लापता, हर तरफ अपनों की तलाश
भूकंप के बाद हजारों परिवार अपने रिश्तेदारों और दोस्तों की तलाश में जुटे हैं। गुरुवार सुबह से लोग खुद ही मलबा हटाकर अपने अपनों को खोजते नजर आए। कई जगह लोगों ने लापता लोगों की तस्वीरों वाले पोस्टर लगा दिए हैं। विदेशों में रहने वाले वेनेजुएला के नागरिक भी लगातार अपने परिवारों से संपर्क करने की कोशिश कर रहे हैं, लेकिन मोबाइल नेटवर्क बंद होने से संपर्क नहीं हो पा रहा। प्रशासन का कहना है कि राहत टीमों के पहुंचने के साथ लापता लोगों की सही संख्या का पता चल सकेगा।
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ला गुएरा बना सबसे बड़ा तबाही का केंद्र
भूकंप का सबसे ज्यादा असर तटीय इलाके ला गुएरा में देखा गया। यहां कई बहुमंजिला इमारतें पलभर में ढह गईं और सैकड़ों लोग मलबे में दब गए। देश का सबसे बड़ा इंटरनेशनल एयरपोर्ट भी इसी इलाके में है, जिसे नुकसान के बाद बंद कर दिया गया। एयरपोर्ट बंद होने से राहत सामग्री और रेस्क्यू टीमों को पहुंचाने में दिक्कत आ रही है। कार्यवाहक राष्ट्रपति डेल्सी रोड्रिगेज ने ला गुएरा को डिजास्टर जोन घोषित करते हुए पूरे देश से बचाव टीम और भारी मशीनें भेजने के निर्देश दिए हैं।
बिजली, नेटवर्क और गैस सेवा ठप, स्कूल बने राहत कैंप
भूकंप के बाद कई शहरों में बिजली सप्लाई, मोबाइल नेटवर्क, मेट्रो और गैस सेवा पूरी तरह बंद हो गई। लोगों के सामने खाने-पीने के सामान और पीने के पानी का संकट भी खड़ा हो गया है। सरकार ने सभी स्कूलों में छुट्टी घोषित कर दी है। कई स्कूलों को राहत कैंप और मेडिकल सेंटर में बदला जा रहा है, जहां प्रभावित लोगों को खाना, दवाइयां और रहने की सुविधा दी जा रही है। प्रशासन लोगों से अफवाहों से बचने और आधिकारिक जानकारी पर भरोसा करने की अपील कर रहा है।
मलबे से निकल रही जिंदगी की उम्मीद
रेस्क्यू टीम लगातार मलबे में फंसे लोगों को निकालने में लगी हुई है। कई घायल धूल और खून से लथपथ हालत में बाहर निकाले गए हैं। इनमें छोटे बच्चे और पालतू जानवर भी शामिल हैं। सरकारी टीवी पर एक महिला का रेस्क्यू भी दिखाया गया, जो सीमेंट की भारी स्लैब के नीचे कई घंटों तक फंसी रही। हालांकि राजधानी कराकस के बाहर कई इलाकों में लोगों ने शिकायत की है कि सरकारी राहत टीम अभी तक पर्याप्त संख्या में नहीं पहुंची है, इसलिए स्थानीय लोग खुद बचाव अभियान चला रहे हैं।
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दुनिया मदद के लिए आगे आई, अमेरिका ने हटाए कुछ प्रतिबंध
भूकंप के बाद कई देशों ने वेनेजुएला की मदद का ऐलान किया है। अमेरिका ने राहत कार्य आसान बनाने के लिए 23 अक्टूबर तक कुछ आर्थिक प्रतिबंध अस्थायी तौर पर हटा दिए हैं। अमेरिका, ब्राजील, मैक्सिको, कनाडा, स्पेन, पुर्तगाल, कतर और डोमिनिकन रिपब्लिक समेत कई देशों ने मेडिकल टीम, राहत सामग्री, खोजी कुत्ते, ड्रोन और पानी साफ करने वाली मशीनें भेजने की घोषणा की है। हालांकि मुख्य एयरपोर्ट बंद होने की वजह से राहत सामग्री को प्रभावित इलाकों तक पहुंचाने में अब भी बड़ी चुनौती बनी हुई है।












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