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'चीन के साथ व्यापार नीतियों का खुलासा करे भारत सरकार', सुप्रीम कोर्ट में दायर हुई याचिका

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नई दिल्ली: लद्दाख में पिछले दो महीनों से LAC पर विवाद जारी है। इस बीच केंद्र सरकार ने सोमवार को 59 चाइनीज ऐप पर बैन लगा दिया। जिसके बाद अब सुप्रीम कोर्ट में एक याचिका दायर की गई है। जिसमें चीन के साथ व्यापार नीतियों का खुलासा करने के लिए भारत सरकार को निर्देश देने की मांग की गई है। इसके साथ ही याचिका में अडानी समूह, महाराष्ट्र और एक चीनी कंपनी के बीच हुए समझौते को भी रद्द करने की मांग की गई है।

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Supreme Court

दरअसल 15-16 जून की रात गलवान घाटी में हुई झड़प में 20 भारतीय जवान शहीद हो गए थे। जिसके बाद से ही पूरे देश में बॉयकॉट चाइना की मुहिम चलाई जा रही है। इस बीच BSNL, रेलवे समेत तमाम सरकारी संस्थानों ने चीनी कंपनियों को दिए टेंडर रद्द कर दिए। जिसके बाद अब सुप्रीम कोर्ट में याचिका दाखिल की गई है। जिसमें सरकार से चीन के साथ व्यापार नीति के बारे में बताने की मांग की गई है।

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14 प्रतिशत आयात चीन से

एक रिपोर्ट के मुताबिक भारत में कुल आयात का 14 प्रतिशत सिर्फ चीन होता है। पिछले साल अप्रैल से इस साल फरवरी तक भारत ने चीन से 62.4 अरब डॉलर का माल आयात किया था। इसके साथ ही 15.5 अरब डॉलर का सामान निर्यात किया था। बॉयकॉट चाइना मुहिम से चीन को अरबों का नुकसान उठाना पड़ रहा है।

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English summary
petition on Supreme Court to disclose the india trade policies with China
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